मुजफ्फरपुर नगर निगम में गतिरोध, मेयर कैबिनेट के सातों सदस्य 10 अगस्त से करेंगे अनशन
मुजफ्फरपुर नगर निगम की सशक्त स्थायी समिति की बैठक में महापौर कैबिनेट के सातों सदस्यों ने 10 अगस्त से अनिश्चितकालीन अनशन की घोषणा की। यह फैसला निगम बोर ...और पढ़ें

महापौर निर्मला देवी की अध्यक्षता में हुई बैठक में आंदोलन की घोषणा। फोटो: जागरण
HighLights
महापौर कैबिनेट सदस्य 10 अगस्त से अनिश्चितकालीन अनशन पर।
निगम निर्णयों के अनुपालन न होने पर जताई नाराजगी।
खराब स्ट्रीट लाइट, नल-जल योजना जैसे मुद्दों पर विरोध।
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। Muzaffarpur Nagar Nigam: नगर निगम की सशक्त स्थायी समिति की बैठक में बुधवार को बड़ा फैसला लिया गया।नगर निगम बोर्ड और समिति की बैठकों में लिए गए निर्णयों का समय पर अनुपालन नहीं होने तथा कार्यालय की कार्यप्रणाली से नाराज महापौर कैबिनेट के सातों सदस्यों ने 10 अगस्त से निगम कार्यालय परिसर में सामूहिक रूप से अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठने का एलान किया।
महापौर निर्मला देवी की अध्यक्षता में हुई बैठक में राजीव कुमार पंकू, अभिमन्यु कुमार, अमित रंजन, अर्चना पंडित, गनिता देवी, ईकबाल हुसैन और मनौवर हुसैन ने आंदोलन की घोषणा की। बैठक के बाद सदस्यों ने अपने फैसले की लिखित जानकारी महापौर को भी दी।
समिति सदस्यों ने आरोप लगाया कि पिछली सशक्त स्थायी समिति और नगर निगम बोर्ड की बैठकों में पारित आदेशों का समय पर अनुपालन प्रतिवेदन नहीं दिया जा रहा है। उनका कहना है कि नगर आयुक्त के अधीनस्थ पदाधिकारियों और कर्मचारियों की कथित स्वेच्छाचारिता एवं अकर्मण्यता से नगर सरकार की छवि प्रभावित हो रही है।
सदस्यों ने कहा कि नगर आयुक्त के स्तर से बार-बार निर्देश दिए जाने के बावजूद कार्यालय की कार्यप्रणाली में अपेक्षित सुधार नहीं हो रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि एक सप्ताह के भीतर व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा और 10 अगस्त से अनिश्चितकालीन अनशन शुरू होगा।
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बैठक में खराब स्ट्रीट लाइट की मरम्मत नहीं कराने, नगर निगम प्रशासनिक भवन निर्माण के प्रस्ताव को आगे नहीं बढ़ाने और स्कूलों व धार्मिक संस्थानों के आसपास से मीट-मुर्गा की दुकानों को नहीं हटाने का मुद्दा उठाया गया। नल-जल योजना में लीकेज की मरम्मत नहीं होने पर भी समिति सदस्यों ने नाराजगी जताई।
नगर निगम कार्यालय की कार्यप्रणाली से महापौर निर्मला देवी भी नाराज दिखीं। उन्होंने बैठक के दौरान कई बार पदाधिकारियों और कर्मचारियों को फटकार लगाई। स्थापना शाखा के कामकाज को लेकर उन्होंने विशेष नाराजगी जताई।
सशक्त स्थायी समिति की बैठक में शहर के सभी वार्डों में सामुदायिक भवन बनाने का भी निर्णय लिया गया। जिन वार्डों में पहले से सामुदायिक भवन हैं और वे जर्जर हो चुके हैं, उनका जीर्णोद्धार कराया जाएगा।
बैठक में समिति सदस्यों ने नक्शा पास करने में अधिकारियों पर भेदभाव और कोताही बरतने का आरोप लगाया। इस कार्य से जुड़े कर्मचारियों और पदाधिकारियों को व्यवस्था में सुधार की चेतावनी दी गई। नए सिरे से स्टॉल किराएदारों के साथ अब तक एग्रीमेंट नहीं होने पर भी नाराजगी जताई गई।
बैठक का संचालन पहले नगर आयुक्त और बाद में उप नगर आयुक्त अमित कुमार ने किया। उप महापौर डॉ. मोनालिसा और कार्यपालक अभियंता बिजेंद्र कुमार समेत अन्य अधिकारी बैठक में मौजूद रहे।