यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 03, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
मुजफ्फरपुर: 'रोड फोरलेन बने या ना बने, पर मंदिर-मस्जिद नहीं हटेंगे'; जिद पर अड़े लोग, DM ने निकाला ये तोड़
Muzaffarpur News मुजफ्फरपुर-हाजीपुर और मझौली-चोरौत फोरलेन पर कई धार्मिक स्थल स्थित हैं। स्थानीय लोग धार्मिक स्थलों को हटाने का विरोध कर रहे हैं। हा ...और पढ़ें

HighLights
- शांति समिति की बैठक कर निर्माणाधीन फोरलेन से हटाएं जाएंगे धार्मिक स्थल
- मुजफ्फरपुर-हाजीपुर और मझौली-चोरौत फोरलेन पर स्थित हैं कई धार्मिक स्थल
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। निर्माणाधीन फोरलेन पर स्थित धार्मिक स्थलों को हटाने के कारण कई जगहों पर विवाद उत्पन्न हो रहा है। स्थानीय लोग इन्हें हटाने का विरोध कर रहे हैं।
प्रशासनिक स्तर से कई बार प्रयास भी किया गया, लेकिन लोगों के विरोध के कारण इसे हटाया नहीं जा सका। पिछले दिनों डीएम प्रणव कुमार ने निर्माण कार्यों की समीक्षा की।
मुआवजे के भुगतान के बाद भी दिक्कतें बरकरार
संबंधित विभाग के पदाधिकारियों द्वारा उक्त परेशानी से अवगत कराया गया। बताया गया कि स्थल हटाने से संबंधित सभी आवश्यक प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। मुआवजे का भुगतान भी कर दिया गया है।
इसके बावजूद भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसपर डीएम ने निर्देश दिया गया कि जहां पर से धार्मिक स्थल को हटाया जाना है। वहां स्थानीय लोगों के साथ शांति समिति की बैठक की जाए।
निर्माण कार्य में आ रही परेशानियों से अवगत कराया जाए। साथ ही भविष्य में होने वाले इस निर्माण कार्य के लाभ भी बताए जाएं। इसके बाद वहां के लोगों की स्वीकृति लेते हुए इसे अविलंब हटाया जाए।
क्या है मामला?
बता दें कि मझौली-चोरौत और मुजफ्फरपुर-हाजीपुर फोरलेन में धार्मिक स्थल को हटाने में परेशानी हो रही है। इसके अलावा एक मामला साहेबगंज से भी जुड़ा है। इन जगहों पर शांति समिति की बैठक कर मामले का निपटारा करने का निर्देश दिया गया है।