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    Kharmas 2026: खरमास समाप्त होते ही बजेगी शहनाई, फरवरी में सबसे अधिक विवाह मुहूर्त

    Updated: Mon, 05 Jan 2026 08:51 PM (IST)

    खरमास समाप्त होने के बाद 14 जनवरी से मांगलिक कार्य शुरू होंगे, लेकिन विवाह मुहूर्त 5 फरवरी 2026 से ही प्रारंभ होंगे। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, गुरु और ...और पढ़ें

    खरमास समाप्त होते ही बजेगी शहनाई, फरवरी में सबसे अधिक विवाह मुहूर्त

    खरमास समाप्त होते ही बजेगी शहनाई, फरवरी में सबसे अधिक विवाह मुहूर्त

    HighLights

    1. खरमास समाप्ति के बाद 5 फरवरी 2026 से विवाह मुहूर्त शुरू।

    2. फरवरी से दिसंबर 2026 तक कुल 59 शुभ विवाह मुहूर्त।

    3. विवाह सीजन से बाजार में 4 हजार करोड़ के कारोबार की उम्मीद।

    जागरण संवाददाता, पटना। 14 जनवरी के बाद खरमास की समाप्ति के साथ ही मांगलिक कार्यों, लग्न और उत्सवों का दौर एक बार फिर शुरू हो जाएगा। इसके साथ ही सुस्त पड़े बाजार में रौनक लौटने की पूरी उम्मीद है। विवाह और अन्य मांगलिक आयोजनों की शुरुआत से सर्राफा बाजार, कपड़ा बाजार, होटल, विवाह भवन, बैंड-बाजा, कैटरिंग, वाहन और आटोमोबाइल सेक्टर में बूम देखने को मिलेगा।

    हालांकि, इस बार नए साल में विवाह का योग जनवरी के बजाय फरवरी से शुरू हो रहा है। 15 जनवरी को खरमास समाप्त होने के बावजूद शादियों की शहनाइयां नए वर्ष में 5 फरवरी से ही गूंजेंगी। ज्योतिषीय गणना के अनुसार वर्ष 2026 में 5 फरवरी से 12 दिसंबर के बीच कुल 59 शुभ विवाह मुहूर्त बन रहे हैं।

    एक फरवरी से हो रहा गुरु व शुक्र का उदय

    ज्योतिषाचार्य पीके युग ने बताया कि विवाह के लिए गुरु और शुक्र ग्रह का उदित होना अत्यंत आवश्यक माना जाता है।

    उन्होंने कहा कि शुक्र ग्रह 1 फरवरी 2026 से उदय हो रहा है, जबकि गुरु पहले से शुभ स्थिति में हैं। जब तक गुरु और शुक्र दोनों अनुकूल स्थिति में नहीं होते, तब तक विवाह का शुभ मुहूर्त नहीं बनता। यही कारण है कि जनवरी माह में खरमास समाप्त होने के बावजूद विवाह कार्य प्रारंभ नहीं हो पाए।

    फरवरी में सबसे अधिक विवाह मुहूर्त

    वर्ष 2026 में सबसे अधिक 12 विवाह मुहूर्त फरवरी माह में बन रहे हैं। इसके बाद मार्च, अप्रैल, मई और जून में आठ-आठ मुहूर्त, जुलाई में चार, नवंबर में चार, और दिसंबर में सात शुभ मुहूर्त तय किए गए हैं। विशेषज्ञों के अनुसार फरवरी से जून तक विवाह का सीजन चरम पर रहेगा, जिसका सीधा असर बाजार पर पड़ेगा।

    खबरें और भी

    मांगों में कई गुणा अधिक बढ़ोत्तरी के अनुमानकैट के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमल नोपानी एवं बिहार राज्य व्यावसायिक संघ के अध्यक्ष अजय गुप्ता ने बताया कि विवाह सीजन शुरू होते ही सर्राफा और कपड़ा बाजार में खरीदारी तेज हो जाती है। आभूषण, वस्त्र, फर्नीचर, इलेक्ट्रानिक्स, होटल-बुकिंग, विवाह भवन, बैंड-बाजा और कैटरिंग सेवाओं की मांग में कई गुना वृद्धि होती है।

    इसके साथ ही वाहन और ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी बिक्री बढ़ने की उम्मीद है। सीआईआई के अध्यक्ष विवेक साह ने बताया कि फरवरी से अप्रैल–मई के बीच लगभग 4 हजार करोड़ रुपये के कारोबार का अनुमान है। लंबे समय से सुस्ती झेल रहे बाजार के लिए यह सीजन राहत लेकर आएगा।

    होटल और विवाह भवनों की बढ़ी बुकिंग

    शहर के होटल और विवाह भवन संचालकों के मुताबिक फरवरी से जून तक के लिए एडवांस बुकिंग शुरू हो चुकी है। कई प्रमुख तिथियों पर मैरिज हाल और होटल पहले ही फुल हो चुके हैं।

    खेतान मार्केट एसोसिएशन के अध्यक्ष सह बीआईए अध्यक्ष रामलाल खेतान ने बताया कि कुल मिलाकर खरमास समाप्त होते ही मांगलिक आयोजनों का सिलसिला न केवल सामाजिक खुशियां लौटाएगा, बल्कि बाजार और व्यापार को भी नई गति देगा।