क्या रहेगा सम्राट मंत्रिमंडल का फॉर्मूला? कैबिनेट विस्तार से पहले चिराग पासवान ने बताया
बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार की तैयारियां तेज हैं, 7 मई को पटना के गांधी मैदान में शपथ ग्रहण प्रस्तावित है। चिराग पासवान ने कहा कि विस्तार की प्रतीक्ष ...और पढ़ें
HighLights
7 मई को पटना में मंत्रिमंडल का शपथ ग्रहण।
चिराग पासवान ने कहा, विस्तार प्रक्रिया अंतिम चरण में।
पुराने फॉर्मूले पर ही बनेंगे नए मंत्री।
डिजिटल डेस्क, पटना। बिहार की सियासत में हलचल तेज हो गई है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार का काउंटडाउन शुरू हो चुका है।
7 मई को पटना के गांधी मैदान में नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण समारोह प्रस्तावित है, जिसे लेकर राजनीतिक गलियारों में अटकलें तेज हैं।
हालांकि, मंत्रियों के नामों की आधिकारिक घोषणा अब तक नहीं हुई है, लेकिन सूत्रों के अनुसार इस बार भी कई पुराने चेहरों की वापसी तय मानी जा रही है।
मंत्रिमंडल विस्तार का था इंतजार
गठबंधन के भीतर सीट और पदों के बंटवारे को लेकर पहले ही सहमति बन चुकी है, ऐसे में बड़े बदलाव की संभावना कम नजर आ रही है।
इसी बीच केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने भी मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर बयान दिया है।
उन्होंने कहा कि जब से सम्राट चौधरी ने मुख्यमंत्री पद संभाला है, तभी से विस्तार की प्रतीक्षा थी और अब यह प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंच चुकी है।
चिराग पासवान ने संकेत दिया कि गठबंधन में पहले ही यह तय हो गया था कि पांच राज्यों के चुनाव परिणाम आने के बाद ही मंत्रिमंडल विस्तार किया जाएगा।
लोजपा-आर के पूर्व मंत्री ही लेंगे शपथ
अब जब नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा को पश्चिम बंगाल और असम जैसे राज्यों में बड़ी सफलता मिली है, तो इसके बाद बिहार में भी राजनीतिक समीकरणों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
उन्होंने पश्चिम बंगाल के जनादेश को तुष्टिकरण, भय और भ्रष्टाचार के खिलाफ जनता की प्रतिक्रिया बताया और कहा कि अब वहां भी प्रधानमंत्री की सोच के अनुरूप सरकार बनने जा रही है।
बिहार के संदर्भ में चिराग ने स्पष्ट किया कि मंत्रिमंडल विस्तार में पिछली बार का फॉर्मूला ही लागू किया जाएगा। उन्होंने अपनी पार्टी के भी मंत्रियों के रिपीट करने का संकेत दिया। कहा कि भाजपा और जदयू के कोटे इस बार पूरी तरह भरे जाने की संभावना है।