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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 16, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    विश्वविद्यालय में काम कर रहे शिक्षकों और कर्मचारियों को मिल जाएगा जुलाई का वेतन, शिक्षा विभाग ने रख दी एक शर्त

    Updated: Fri, 16 Aug 2024 08:33 PM (IST)

    Bihar News In Hindi बिहार के शिक्षा विभाग (Education Department) ने विश्वविद्यालयों को जुलाई का वेतन जारी करने पर सहमति दे दी है लेकिन इसके साथ उनके स ...और पढ़ें

    प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर
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    HighLights

    1. शिक्षकों और कर्मचारियों के बारे में मांगी अद्यतन रिपोर्ट
    2. कई बार निर्देश देने के बाद भी विश्वविद्यालयों ने नहीं दी रिपोर्ट
    3. विभागीय पोर्टल पर अपलोड किया जाना है सारा विवरण

    राज्य ब्यूरो, पटना। राज्य के विश्वविद्यालयोें में कार्यरत शिक्षकों और कर्मचारियों को जुलाई का वेतन भुगतान में विलंब होगा।

    इसके लिए विश्वविद्यालयों के ही कुलपति एवं कुलसचिव जिम्मेदार हैं क्योंकि शिक्षा विभाग द्वारा बीते दो माह में कई बार स्वीकृत पदों के विरुद्ध कार्यरत शिक्षकों और कर्मचारियों के बारे में अद्यतन रिपोर्ट देने का आदेश दिया गया था, जिसे विश्वविद्यालयों ने उपलब्ध नहीं कराया है।

    इससे नाराज विभाग ने विश्वविद्यालयों को आगाह करते हुए इस शर्त के साथ वेतन मद में राशि जारी करने का निर्देश दिया है कि जो विश्वविद्यालय अपनी रिपोर्ट को शिक्षा विभाग के पोर्टल पर अपलोड करेगा, उसे ही जुलाई का वेतन राशि जारी किया जाएगा।

    कई बार निर्देश मिलने के बाद भी नहीं भेजी गई रिपोर्ट

    उच्च शिक्षा निदेशालय की ओर से कुलपतियों को कहा गया है कि कई बार निर्देश देने पर भी विश्वविद्यालयों की ओर से शिक्षकों और कर्मचारियों के बारे में रिपोर्ट भेजने में लापरवाही बरती जा रही है।

    इसको देखते हुए शिक्षा विभाग ने फैसला लिया है कि रिपोर्ट भेजने के बाद ही संबंधित विश्वविद्यालयों को जुलाई का वेतन राशि उपलब्ध कराया जाएगा।

    बता दें कि सभी विश्वविद्यालयों से शिक्षकों और कर्मचारियों के बारे में विस्तृत रिपोर्ट मांगी गयी थी। रिपोर्ट में शिक्षकों, पदाधिकारियों और कर्मचारियों के पद, कार्यरत संख्या के साथ ही उनके वेतनमान के साथ रिपोर्ट को विभागीय पोर्टल पर अपलोड किया जाना है।

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    इस बीच कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय और मौलाना मजहरूल हक अरबी और फारसी विश्वविद्यालय द्वारा शिक्षकों व कर्मचारियों की रिपोर्ट पोर्टल पर अपलोड कर दी गई है।

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