बिहार की दो जेलों से बनी तेलंगाना में ₹84 लाख के सोने की लूट की साजिश, नीट परीक्षा की व्यस्तता का उठाया फायदा
तेलंगाना के करीमनगर में 84 लाख रुपये के सोने की लूट की साजिश बिहार की पूर्णिया और बेऊर जेल से रची गई थी। इस मामले में फुलवारीशरीफ के दो आरोपितों को गि ...और पढ़ें

बिहार की दो जेलों से बनी ₹84 लाख के सोने की लूट की साजिश ( एआई जेनरेटेड तस्वीर )
HighLights
तेलंगाना में 84 लाख के सोने की लूट।
साजिश बिहार की पूर्णिया और बेऊर जेल से।
नीट परीक्षा के दिन का उठाया गया फायदा।
संवाद सूत्र,, फुलवारीशरीफ (पटना)। तेलंगाना के करीमनगर में 84 लाख रुपये के सोने के आभूषणों की लूटकांड की जांच ने बिहार की जेलों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार इस हाई-प्रोफाइल लूट की साजिश बिहार की दो अलग-अलग जेलों के अंदर से रची गई।
आरोप है कि पूर्णिया जेल में बंद कुख्यात अपराधी सुबोध और बेऊर केंद्रीय कारा में बंद शिवम सिंह ने जेल से ही अपने नेटवर्क के जरिए पूरी वारदात की योजना बनाई और अपराधियों को निर्देश दिए।
ज्वेलरी शोरूम से 84 लाख रुपये के सोने के आभूषण लूट
पुलिस के अनुसार तीन मई को नीट परीक्षा के दिन पुलिस बल की व्यस्तता का फायदा उठाने की योजना पहले से तैयार थी। वारदात से पहले एक पेंटर को ज्वेलरी दुकान में काम के बहाने भेजकर सुरक्षा व्यवस्था की रेकी कराई गई। इसके बाद अपराधियों ने करीमनगर स्थित पीएमजे ज्वेलरी शोरूम से 84 लाख रुपये के सोने के आभूषण लूट लिए।
जांच के दौरान फुलवारीशरीफ के खलीलपुरा निवासी गोलू और बौली मोहल्ला निवासी मोहम्मद आदिल को गिरफ्तार किया गया है। तेलंगाना पुलिस दोनों को अपने साथ ले जाकर पूछताछ कर रही है। अब तक पांच आरोपित गिरफ्तार किए जा चुके हैं, जबकि कई अन्य की तलाश जारी है।
जेल में दूसरे राज्यों में बड़ी आपराधिक वारदातों की साजिश
इस मामले ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि जेल में बंद अपराधी आखिर किस तरह मोबाइल और अपने नेटवर्क के जरिए देश के दूसरे राज्यों में बड़ी आपराधिक वारदातों की साजिश रच रहे हैं। बिहार और तेलंगाना पुलिस संयुक्त रूप से पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है।