Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    बिहार में 51,600 करोड़ के निवेश का रास्ता साफ, स्टील हब बनाने के साथ न्यूक्लियर एनर्जी को भी मिलेगा बढ़ावा

    Updated: Thu, 06 Aug 2026 07:04 PM (GMT+05:30)

    मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की उपस्थिति में बिहार में 51,600 करोड़ रुपये के निवेश के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर हुए, जिससे राज्य को स्टील, न्यूक्लियर एनर्जी, ...और पढ़ें

    बिहार में स्टील सेक्टर में सबसे बड़ा निवेश(AI फोटो)

    बिहार में स्टील सेक्टर में सबसे बड़ा निवेश(AI फोटो)

    HighLights

    1. बिहार में 51,600 करोड़ रुपये के निवेश पर एमओयू।

    2. राज्य को स्टील और न्यूक्लियर एनर्जी हब बनाया जाएगा।

    3. औद्योगिक विकास से रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

    राज्य ब्यूरो, पटना। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की उपस्थिति में उद्योग विभाग ने देश के प्रमुख औद्योगिक समूहों के साथ करीब 51,600 करोड़ रुपये के निवेश के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर किए। सरकार का लक्ष्य बिहार को स्टील, टेक्सटाइल, ऊर्जा और फार्मा क्षेत्र में नई औद्योगिक पहचान दिलाना है।

    स्टील सेक्टर में सबसे बड़ा निवेश

    मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार को देश का प्रमुख स्टील हब बनाया जाएगा। श्याम स्टील, शाकंभरी इस्पात, नक्षित आयरन एंड स्टील, श्रीलंगटा बाबा मेटल्स, अंकुर स्टील और श्रीसमृद्धि स्टील सहित कई कंपनियां स्टील क्षेत्र में बड़े निवेश करेंगी। इससे औद्योगिक गतिविधियों के साथ रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।

    न्यूक्लियर एनर्जी और टेक्सटाइल पर रहेगा फोकस

    ग्लोबल रिनिवेबल एडवांस्ड क्लीन एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड (ग्रेस) न्यूक्लियर एनर्जी सेक्टर में 22,500 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।

    वहीं, क्रिएटिव ग्रुप और अनुभव एपरेल्स टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रम आधारित उद्योग होने के कारण टेक्सटाइल सेक्टर को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी।

    फार्मा और स्वास्थ्य क्षेत्र में भी बढ़ेगा निवेश

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में स्वास्थ्य और फार्मा सेक्टर में भी निवेश को बढ़ावा दिया जाएगा। नई औद्योगिक इकाइयों की स्थापना से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर बढ़ेंगे तथा राज्य की औद्योगिक अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

    बिहार बिजनेस कनेक्ट-2026 की तैयारियों की समीक्षा

    एमओयू कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री ने बिहार बिजनेस कनेक्ट-2026 की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि इस आयोजन के माध्यम से देश-विदेश के निवेशकों को बिहार में उपलब्ध अवसरों से जोड़ा जाएगा और बड़े पैमाने पर निवेश आकर्षित किया जाएगा।

    खबरें और भी

    जन्मभूमि के विकास में सहयोग की अपील

    मुख्यमंत्री ने बिहार से बाहर रहने वाले उद्योगपतियों और उद्यमियों से कर्मभूमि के साथ जन्मभूमि के विकास में भी योगदान देने की अपील की।

    उन्होंने कहा कि सरकार की निवेश अनुकूल नीतियों और बेहतर आधारभूत संरचना के बल पर बिहार को देश के अग्रणी औद्योगिक राज्यों में शामिल किया जाएगा।

    कौन समूह कितने का करेगा निवेश

    • 1. श्याम स्टील मैन्युफैक्चरिंग लिमिटेड, स्टील सेक्टर में पांच हजार करोड़ रुपये
    • 2. शाकंभरी इस्पात एंड पावर लिमिटेड, स्टील सेक्टर में पांच हजार करोड़ रुपये
    • 3. नक्षित आयरन एंड स्टील प्राइवेट लिमिटेड, स्टील सेक्टर में छह हजार 836 करोड़ रुपये
    • 4. श्रीलंगटा बाबा मेटल्स एंड पावर लिमिटेड, स्टील सेक्टर में 5500 करोड़ रुपये
    • 5. अंकुर स्टील प्राइवेट लिमिटेड, स्टील सेक्टर में छह हजार करोड़ रुपये
    • 6. श्रीसमृद्धि स्टील प्राइवेट लिमिटेड, स्टील सेक्टर में बिहार में 290 करोड़ रुपये
    • 7. ग्लोबल रिनिवेबल एडवांस्ड क्लीन एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड (ग्रेस), न्यूक्लियर एनर्जी में 22 हजार 500 करोड़ रुपये
    • 8. क्रिएटिव ग्रुप, बिहार में टेक्सटाइल सेक्टर में 250 करोड़ रुपये
    • 9. भारत साइंस एंड इनोवेशन प्राइवेट लिमिटेड, बिहार में 200 करोड़ रुपये
    • 10. अनुभव एपरेल्स प्राइवेट लिमिटेड, टेक्सटाइल सेक्टर में बिहार में 50 करोड़ रुपये