Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    Bihar STET Exam: सभी आरक्षित श्रेणी को एसटीईटी परीक्षा में 5% का ग्रेस, मगर ईडब्ल्यूएस को नहीं

    Updated: Tue, 24 Feb 2026 09:46 PM (IST)

    बिहार विधानसभा में एसटीईटी परीक्षा में ईडब्ल्यूएस अभ्यर्थियों को आरक्षित वर्गों की तरह 5% ग्रेस अंक न मिलने का मुद्दा उठा। विधायक मिथिलेश तिवारी ने पट ...और पढ़ें

    सभी आरक्षित श्रेणी को एसटीईटी परीक्षा में 5% का ग्रेस, मगर ईडब्ल्यूएस को नहीं

    सभी आरक्षित श्रेणी को एसटीईटी परीक्षा में 5% का ग्रेस, मगर ईडब्ल्यूएस को नहीं

    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    राज्य ब्यूरो, पटना। शिक्षकों की नियुक्ति के लिए होने वाली एसटीईटी की परीक्षा में सभी आरक्षित वर्गों को पांच प्रतिशत का ग्रेस दिए जाने का प्राविधान है पर ईडब्ल्यूएस श्रेणी के अभ्यर्थियों को यह सुविधा नहीं दी जा रही। बैंकुंठपुर के विधायक मिथिलेश तिवारी ने मंगलवार को प्रश्नकाल के दौरान इस मुद्दे को उठाया।

    उन्होंने कहा कि पटना उच्च न्यायालय ने इस मामले में निर्देश दिया है कि अपर मुख्य सचिव स्तर के अधिकारी के साथ इस बारे में सरकार बैठक करे। शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने कहा कि पटना उच्च न्यायालय के आदेश का अध्ययन कर इस बारे मे निर्णय लेंगे।

    मिथिलेश तिवारी ने कहा कि सामान्य प्रशासन विभाग ने इस बारे में अधिसूचना ही जारी नहीं की है। वर्ष 2019 के 14 जनवरी से आर्थिक रूप से कमजोर सवर्ण समुदाय के लिए आरक्षण की व्यवस्था लागू है पर उन्हें ग्रेस अंक की सुविधा नहीं दी जा रही।

    कॉलेजों में आपदा प्रबंधन की पढ़ाई के लिए सरकार पत्र लिखेगी

    दूसरी ओर, विधानसभा में मंगलवार को शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने कहा कि कालेजों में आपदा प्रबंधन की पढ़ाई के लिए सरकार पत्र लिखेगी। प्रश्नकाल के दौरान यह विषय विधानसभा में विभूतिपुर के विधायक अजय कुमार ने उठाया था।

    खबरें और भी

    शिक्षा मंत्री ने कहा कि विद्यालयों में सरकार ने आपदा प्रबंधन की पढ़ाई करा रही है। कालेजों को भी इस बारे में सलाह देंगे। यूजीसी की जब गाइडलाइन है तो उसका अनुपालन किया जाए।

    अजय कुमार ने कहा कि बिहार देश का सबसे अधिक आपदा ग्रस्त राज्य है। प्रतिवर्ष बाढ़ और सुखाड़ के साथ-साथ चक्रवात, वज्रपात आदि आपदाओं का सामना करना पड़ता है। बावजूद यहां के स्कूलों, कालेजों, विश्वविद्यालय या फिर अन्य संस्थानों में आपदा प्रबंधन की पढ़ाई नहीं होती है। पड़ोसी राज्य उप्र मेे सभी कालेजों मे आपदा प्रबंधन की पढ़ाई होती है। झारखंड के एक विश्वविद्यालय में भी यह पढ़ाई होती है। जब नेट की परीक्षा में यह विषय है तो इस विषय से उत्तीर्ण विद्यार्थियों का पदस्थापन कहां होगा?