यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 31, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Bihar Teacher Salary: बिहार के सरकारी शिक्षकों की बल्ले-बल्ले, सैलरी को लेकर सरकार ने दे दी बड़ी खुशखबरी
Bihar Teacher Salary बिहार के सरकारी विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों को शीघ्र वेतन भुगतान होगा। शिक्षा विभाग ने समग्र शिक्षा अभियान के तहत शिक्षकों के ...और पढ़ें

HighLights
- बिहार के सरकारी शिक्षकों के लिए 3278 करोड़ रुपये जारी
- शिक्षकों के खाते में वेतन का भुगतान सुनिश्चित करने का आदेश
राज्य ब्यूरो, पटना। Bihar Teacher Salary: बिहार के सरकारी विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों को शीघ्र वेतन भुगतान होगा। शिक्षा विभाग ने समग्र शिक्षा अभियान के तहत शिक्षकों के वेतन भुगतान के लिए 3278 करोड़ रुपये सभी जिलों को जारी किया है।
साथ ही शिक्षा विभाग ने आदेश दिया है कि शिक्षकों के खाते में वेतन का भुगतान सुनिश्चत करें। सहायक अनुदान के रूप में यह राशि दी गई है। बता दें कि शिक्षकों को नवंबर तक का वेतन भुगतान किया जा चुका है।
शेखपुरा में 1163 नियोजित शिक्षक राज्यकर्मी बने
आज से 1163 नियोजित शिक्षक राज्यकर्मी बने, कल से शुरू हो रहा नया वर्ष जिला के एक हजार से अधिक नियोजित शिक्षकों के लिए नई सौगात लेकर आया है।आज से ऐसे नियोजित शिक्षक अब विशिष्ट शिक्षक के रूप में सरकारी कर्मी का दर्जा हासिल कर लेंगे। ऐसे नियोजित शिक्षकों ने सरकार द्वारा आयोजित सक्षमता परीक्षा में सफलता प्राप्त करके अपनी योग्यता साबित की है।
विभाग से मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार प्राथमिक से उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों के 1163 नियोजित शिक्षक आज से विशिष्ट शिक्षक बन रहे हैं।
इसमें पहली से पांचवीं,छठी से आठवीं,नौवीं से दसवीं तथा ग्यारहवीं से बारहवीं तक के शिक्षक-शिक्षिका शामिला हैं। सरकारी सेवक का दर्जा मिलने से एक दिन पहले मंगलवार को इन शिक्षकों को पदस्थापन पत्र वितरित किया गया।
शिविर लगाकर पदस्थापन पत्र दिया गया
जिला के सभी प्रखंडों में अलग-अलग शिविर लगाकर पदस्थापन पत्र दिया गया। इससे पहले इन शिक्षकों को औपबंधिक नियुक्ति पत्र दिया गया था। जिला शिक्षा पदाधिकारी विनोद कुमार शर्मा ने बताया सक्षमता पास तथा काउंसलिंग के बाद ऐसे शिक्षकों को पदस्थापन पत्र दिया जा रहा है।
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इन शिक्षकों को आज 1 जनवरी से 7 जनवरी तक विद्यालय में योगदान करने का समय दिया गया है। योगदान के बाद ये विशिष्ट शिक्षक कहलाएंगे और उन्हें सरकारी कर्मी का दर्जा मिल जाएगा। दूसरी सक्षमता परीक्षा पास करने वालों की भी काउंसलिंग चल रही है।
अगर ध्यान रहता तो यहां पढ़ने वाले छात्र-छात्रा सरकारी लाभ से वंचित नहीं होते। विद्यालय में कुल सात कमरे हैं और वर्ग आठ तक की पढ़ाई होती है। भवन के मरम्मत की जरूरी है।
विद्यालय भवन देखकर लगता है कि मरम्मत नहीं किया गया तो बड़ा हादसा हो सकता है। विद्यालय में पानी पीने के लिए चापाकल की आवश्यकता है।