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    बिहार में बनेंगे 1 करोड़ नए Ration Card, सम्राट सरकार ने कहा- कोई भी पात्र लाभार्थी ना छूटे

    Updated: Thu, 09 Jul 2026 04:41 PM (GMT+05:30)

    मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने केंद्रीय मंत्री प्रहलाद जोशी के साथ पटना में खाद्य सुरक्षा योजनाओं की समीक्षा की। बैठक में बिहार में 1 करोड़ नए राशन कार्ड ...और पढ़ें

    एक करोड़ नए राशन कार्ड बनाने का लक्ष्य

    एक करोड़ नए राशन कार्ड बनाने का लक्ष्य

    HighLights

    1. 1 करोड़ नए राशन कार्ड बनाने का लक्ष्य।

    2. खाद्य सुरक्षा व्यवस्था को तकनीक आधारित बनाया जाएगा।

    3. राशन वितरण की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित की जाएगी।

    राज्य ब्यूरो, पटना। पटना में बुधवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने केंद्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रहलाद जोशी के साथ खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की योजनाओं और सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) की समीक्षा की।

    बैठक में राज्य में खाद्य सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत, पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाने पर जोर दिया गया।

    मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि राज्य में एक करोड़ नए राशन कार्ड बनाने के लक्ष्य को जल्द से जल्द पूरा किया जाए। इसके साथ ही सभी लाभार्थियों का सटीक और अद्यतन डेटाबेस तैयार करने को भी प्राथमिकता देने को कहा गया।

    एक करोड़ नए राशन कार्ड बनाने का लक्ष्य

    मुख्यमंत्री ने कहा कि विभाग की सभी योजनाओं के लाभार्थियों का व्यापक और अपडेटेड डाटाबेस तैयार किया जाए, ताकि पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पहुंच सके।

    उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नए राशन कार्ड बनाने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए और तय लक्ष्य को जल्द हासिल किया जाए। सरकार का उद्देश्य है कि कोई भी पात्र परिवार सरकारी खाद्यान्न योजना से वंचित न रहे।

    राशन वितरण व्यवस्था पर रहेगी कड़ी नजर

    बैठक में मुख्यमंत्री ने राशन वितरण व्यवस्था की नियमित और प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक पात्र लाभार्थी को सम्मानपूर्वक और बिना किसी बाधा के खाद्यान्न मिलना चाहिए।

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    उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाए, ताकि लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

    'गरीब कल्याण विद डिग्निटी' पर सरकार का फोकस

    मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'गरीब कल्याण विद डिग्निटी' के संकल्प को जमीन पर पूरी प्रतिबद्धता के साथ लागू करना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

    उन्होंने कहा कि खाद्य सुरक्षा योजनाओं का उद्देश्य सिर्फ राशन उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि पात्र लोगों को सम्मान के साथ सुविधा उपलब्ध कराना भी है।

    वेयरहाउस को आधुनिक बनाने पर जोर

    बैठक में खाद्यान्न भंडारण व्यवस्था को आधुनिक बनाने और स्मार्ट वेयरहाउसिंग विकसित करने पर विशेष जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने राज्य के सभी वेयरहाउस की गुणवत्ता, क्षमता, सुरक्षा और रखरखाव को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।

    इसके साथ ही सभी खाद्यान्न गोदामों में बिजली आपूर्ति और अन्य बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने को भी जरूरी बताया गया, ताकि खाद्यान्न का सुरक्षित भंडारण सुनिश्चित किया जा सके।

    बिहार की ऑनलाइन PDS व्यवस्था की हुई सराहना

    बैठक के दौरान बिहार की ऑनलाइन सार्वजनिक वितरण प्रणाली के बेहतर प्रदर्शन की सराहना की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की डिजिटल व्यवस्था ने पारदर्शिता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

    उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि तकनीक के इस्तेमाल को और मजबूत किया जाए, जिससे लाभार्थियों तक योजनाओं का फायदा तेजी और आसानी से पहुंच सके।

    केंद्र और राज्य मिलकर करेंगे काम

    मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से मिले सुझावों के आधार पर विभाग आपसी समन्वय के साथ तेजी से लक्ष्यों को पूरा करे।

    उन्होंने बिहार के विकास और योजनाओं में सहयोग के लिए केंद्रीय मंत्री प्रहलाद जोशी का आभार भी जताया।

    बैठक में केंद्रीय मंत्री प्रहलाद जोशी, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री अशोक चौधरी, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत समेत केंद्र और राज्य सरकार के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।