भरत तिवारी एनकाउंटर पर अशोक चौधरी के बयान से JDU ने झाड़ा पल्ला, मंत्री श्रवण कुमार ने कहा- ये उनकी निजी राय
मंत्री अशोक चौधरी के भरत तिवारी एनकाउंटर पर दिए बयान से जदयू ने किनारा कर लिया है। पार्टी ने कहा कि यह उनकी निजी राय है, न कि पार्टी या सरकार का आधिका ...और पढ़ें

अशोक चौधरी और श्रवण कुमार। फाइल फोटो
HighLights
अशोक चौधरी ने भरत तिवारी एनकाउंटर पर पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए।
जदयू ने मंत्री अशोक चौधरी के बयान से खुद को अलग किया।
श्रवण कुमार ने कहा यह पार्टी या सरकार की आधिकारिक राय नहीं।
डिजिटल डेस्क, पटना। बिहार के भोजपुर में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर पर राजनीति गरमाई हुई है। हाल ही के दिनों में मंत्री अशोक चौधरी ने भरत तिवारी के घर का दौरा किया था।
इस दौरान उन्होंने न सिर्फ एनकाउंटर पर सवाल उठाए, बल्कि भरत तिवारी को बहादुर बताया और दोषियों पर कार्रवाई की बात की। अशोक चौधरी के इस बयान से जदयू ने किनारा कर लिया है।
अशोक चौधरी की राय पार्टी की नहीं
मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि अशोक चौधरी का बयान उनकी निजी राय हो सकती है, हमारी पार्टी और सरकार की राय नहीं है। भरत तिवारी के घर उनका दौरा भी व्यक्तिगत था, इसे जेडीयू का आधिकारिक रुख नहीं माना जाना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने हिदायत देते हुए कहा कि जो लोग ऐसा बयान दे रहे हैं, उन्हें समझ-बूझकर अपनी बात रखनी चाहिए।
अशोक चौधरी ने एनकाउंटर पर उठाए थे सवाल
अशोक चौधरी ने पत्रकारों से कहा था कि प्रथम दृष्टया पूरा मामला पुलिस के ओवर रिएक्शन का प्रतीत होता है और ऐसा लगता है कि स्थानीय प्रशासन की भूमिका भी सवालों के घेरे में है।
उन्होंने कहा कि भरत भूषण तिवारी गंगा कटाव से विस्थापित परिवारों की समस्याओं को लगातार उठाते रहे थे। इसी कारण स्थानीय प्रशासन उनसे नाराज था।
मंत्री ने कहा कि कानून से ऊपर कोई भी नहीं है। पुलिस की हर कार्रवाई कानून के दायरे में होनी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि एनकाउंटर के दौरान तत्कालीन एसडीएम घटनास्थल पर किस भूमिका में मौजूद थे। उनकी भूमिका की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
चौधरी ने कहा कि जांच के दौरान इन सभी पहलुओं की गंभीरता से पड़ताल कराई जाएगी, ताकि पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आ सके। यदि किसी स्तर पर लापरवाही या साजिश सामने आती है तो दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।