विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 17, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

निखिल के पास नहीं मिली मोबाइल, दूसरों का ई-मेल करता था इस्तेमाल

By Ravi RanjanEdited By:
Updated: Fri, 17 Mar 2017 10:44 PM (IST)

बिहार के चर्चित सेक्स रैकेट का मुख्य आरोपी निखिल प्रियदर्शी करीब ढ़ाई महीने तक पुलिस को चकमा देकर फरार रहा। इस दरम्यान वह दूसरे लोगों की ई-मेल आइडी का इस्तेमाल करता था।

निखिल के पास नहीं मिली मोबाइल, दूसरों का ई-मेल करता था इस्तेमाल
निखिल के पास नहीं मिली मोबाइल, दूसरों का ई-मेल करता था इस्तेमाल

पटना [जेएनएन]। ढाई महीने से भी अधिक समय तक पटना पुलिस और सीआइडी की एसआइटी को छकाने वाले दुष्कर्म व सेक्स रैकेट के संचालन के आरोपी निखिल प्रियदर्शी को अपनी गिरफ्तारी की भनक पहले ही लग चुकी थी। ढाई महीने से भी अधिक समय तक फरार रहने के बावजूद उसे पटना पुलिस की एक-एक गतिविधियों की जानकारी उपलब्ध हो रही थी। शायद यही कारण है कि उसके पास से एक भी इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस या मोबाइल फोन बरामद नहीं हुआ है। वह दूसरों की ई-मेल आइडी से लोगों के संपर्क में था तथा इन्हीं पर अपने विरुद्ध मुकदमें के कागजात मंगवाता था। 

नहीं मिला मोबाइल या लैपटॉप
जब मंगलवार को उत्तराखंड पुलिस ने पौड़ी गढ़वाल से निखिल प्रियदर्शी और उसके रिटायर्ड आइएएस पिता कृष्ण बिहारी प्रसाद सिन्हा को गिरफ्तार किया गया था, तब उत्तराखंड पुलिस ने उसकी ऑडी कार की तलाशी ली थी। उस समय उसके पास से न तो मोबाइल फोन, न लैपटॉप और न ही कोई अन्य इलेक्ट्रॉनिक्स डिवाइस मिली। निखिल की कार से केवल पीडि़ता द्वारा दर्ज प्राथमिकी की कॉपी और उसके मुकदमे से संबंधित कुछ दस्तावेज जरूर मिले हैं।

यह भी पढ़ें: लड़कियों का शौकीन रहा है निखिल प्रियदर्शी, बनाया था अगला शिकार

पटना पुलिस की पूछताछ में निखिल ने बताया है कि उसने अपना मोबाइल फोन ऋषिकेश की पहाडिय़ों में फेंक दिया है। स्पष्ट है कि निखिल को उसकी गिरफ्तारी की भनक पहले ही लग चुकी थी और वह अपने पास ऐसा कोई भी इलेक्ट्रॉनिक्स डिवाइस नहीं रखना चाहता था जिससे वह पुलिस के सर्विलांस पर आ सके। पुलिस सूत्रों का कहना है कि उसके मोबाइल से यह पता लगाया जा सकता था कि फरारी के समय वह किन लोगों के संपर्क में था और कौन-कौन से लोग उसकी मदद कर रहे थे।

यह भी पढ़ें:  SEX RACKET: निखिल ने ऋषिकेश जाने के लिए पटना से मंगाई थी ऑडी कार

उससे पूछताछ में यह भी साफ हो गया कि विगत शनिवार को उसके तीन दोस्तों गौरव, प्रेम पांडेय और प्रकाश राज की गिरफ्तारी की सूचना उसे थी। साथ ही अपने बड़े भाई मनीष प्रियदर्शी की गिरफ्तारी की भी सूचना उसे मिल चुकी थी। उसने बताया है कि वह अपने आइडी पर ई-मेल नहीं मंगाता था बल्कि इसके लिए वह दूसरों के ई-मेल आइडी का इस्तेमाल कर रहा था।

यह भी पढ़ें: लड़कियों का शौकीन रहा है निखिल प्रियदर्शी, बनाया था अगला शिकार