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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 22, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Patna News: NMCH में ट्रेनी डॉक्टरों की हड़ताल खत्म, अधीक्षक के आश्वासन के बाद काम पर लौटे

    Updated: Wed, 22 Jan 2025 06:51 PM (IST)

    NMCH Strike News पटना के नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (NMCH) के वर्ष 2019 बैच के इंटर्न डॉक्टरों ने अपनी हड़ताल खत्म कर दी है। स्टाइपेंड की मांग को लेक ...और पढ़ें

    ट्रेनी डॉक्टरों की हड़ताल के बाद अस्पताल के बाहर लगी मरीजों की भीड़। (फोटो जागरण)
    ट्रेनी डॉक्टरों की हड़ताल के बाद अस्पताल के बाहर लगी मरीजों की भीड़। (फोटो जागरण)

    HighLights

    1. स्टाइपेंड की मांग को लेकर हड़ताल पर बैठे थे ट्रेनी डॉक्टर
    2. इमरजेंसी में सामान्य रही चिकित्सा व्यवस्था, 1348 मरीज ओपीडी पहुंचे

    जागरण संवाददाता, पटना। पटना के नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (एनएमसीएच) के वर्ष 2019 बैच के प्रशिक्षु चिकित्सकों द्वारा की जा रही हड़ताल समाप्त हो गई है। स्टाइपेंड की मांग को लेकर इंटर्न डॉक्टर हड़ताल पर चले गए थे।

    नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में वर्ष 2019 के इंटर्न चिकित्सकों द्वारा स्टाइपेंड नहीं मिलने को लेकर दूसरे दिन जारी हड़ताल बुधवार की सुबह 11:30 बजे समाप्त हो गई।

    हड़ताली डॉक्टरों ने सेंट्रल रजिस्ट्रेशन काउंटर को सुबह 9:50 बजे से लेकर 11:10 तक बंद कराया। इंटर्न डॉक्टरों ने इमरजेंसी के समीप अपनी मांगों के समर्थन में जमकर नारेबाजी कर विरोध जताया।

    इस दौरान काउंटर पर मरीजों और उनके स्वजनों की भीड़ लगी रही। मरीजों और उनके स्वजनों ने हड़ताल का विरोध किया। कुछ देर के लिए अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न हो गई।

    हड़ताल की वजह से दो सौ से अधिक मरीजों को लौटना पड़ा। चिकित्सकों ने कई विभागों के ओपीडी में पहुंच कर चिकित्सा सेवा बाधित की।

    इस बीच अधीक्षक प्रो. डॉ. अलका सिंह ने इन इंटर्न डॉक्टरों को अपने कक्ष में बुला कर बातचीत करते हुए समझाया। अधीक्षक ने कहा कि आवंटन नहीं मिलने के कारण उनके तीन महीनों के स्टाइपेंड का भुगतान नहीं मिला है।

    अधीक्षक ने कहा कि मैंने इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग को पत्र लिखा है। आवंटन मिलते ही भुगतान कर दिया जाएगा। इसके बाद इंटर्न डॉक्टर विश्व प्रकाश व अन्य ने हड़ताल समाप्त करने की घोषणा की। दूसरी पाली से इंटर्न डॉक्टर अपने विभाग में काम पर लग गए।

    इमरजेंसी सेवा रही सामान्य

    ओपीडी से लौटे इंटर्न डॉक्टरों की हड़ताल के दौरान भी कई विभागों के ओपीडी में मरीजों का इलाज जारी रहा। इमरजेंसी की चिकित्सा सेवा एवं व्यवस्था सामान्य रूप से काम करती रही।

    एक घंटा काउंटर बंद होने के कारण रजिस्ट्रेशन कराने से वंचित मरीजों को लेकर लौट रहे स्वजन बख्तियारपुर के जयराम यादव, छोटी पहाड़ी के विकास, बाजार समिति के विनोद कुमार आदि ने कहा कि जिस डॉक्टर को दिखाया था वो अब एक सप्ताह बाद ही ओपीडी में बैठेंगे। अगले सप्ताह आकर दिखाना होगा।

    सीनियर डॉक्टरों ने हड़ताल को बताया गलत

    एनएमसीएच के सीनियर डॉक्टरों ने इंटर्न की हड़ताल को गलत बताते हुए कहा कि उन्हें अपनी पढ़ाई पर ध्यान देना चाहिए। विभागाध्यक्ष ने उन्हें समझाते हुए कहा कि इंटर्न अवधि के दौरान बिना अनुपस्थित रहे 365 दिनों तक इन्हें ड्यूटी करनी है।

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    विभागाध्यक्ष ने कहा कि मंगलवार और बुधवार को जो इंटर्न अपनी ड्यूटी से गायब रहे, उन्हें अनुपस्थित किया जाना चाहिए। ऐसी स्थिति में उन्हें इंटर्न की अवधि पूर्ण करनी होगी, तभी रजिस्ट्रेशन होगा।

    विभागाध्यक्ष ने इंटर्न डॉक्टरों को हड़ताल कर चिकित्सा व्यवस्था बाधित करने के बजाए मांगों के समर्थन में प्राचार्य, अधीक्षक एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के समक्ष अपनी बातें रखने का सुझाव दिया।

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