पटना में ट्रक की टक्कर से ऑटो सवार मां और दो बेटों की मौत, पति-बेटी की हालत गंभीर
बिहटा-सरमेरा सड़क पर एक तेज रफ्तार बालू लदे ट्रक ने ऑटो को टक्कर मार दी, जिससे एक परिवार के तीन सदस्यों की मौत हो गई। ...और पढ़ें

दुर्घटनाग्रस्त टेंपो की स्थिति। (जागरण)
HighLights
बालू लदे ट्रक ने ऑटो को मारी टक्कर।
मां और दो बेटों की मौके पर मौत।
ग्रामीणों ने सड़क जाम कर किया प्रदर्शन।
संवाद सूत्र, फुलवारीशरीफ। बिहटा-सरमेरा सड़क पर गौरीचक थाना क्षेत्र के सैदननपुर गांव के समीप गुरुवार की सुबह 06:30 बजे एक परिवार अपने आठ वर्षीय बीमार बच्चे का इलाज कराने ऑटो से निकला था।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही तेज रफ्तार बालू लदे ट्रक ने सीएनजी टेंपो में ठोकर मार दी। ठोकर के बाद टेंपो के परखच्चे उड़ गए। घटनास्थल पर ही महिला और दो बेटों की मौत हो गई, जबकि पति और पुत्री गंभीर रूप से घायल हो गए।
दुर्घटना में शाहजहांपुर थाना क्षेत्र के जमालपुर गांव निवासी गौतम कुमार यादव की पत्नी सुलेखा देवी और तीन वर्षीय पुत्र ऋषभ कुमार की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक आठ वर्षीय बेटे की मौत इलाज के दौरान हुई।
टेम्पो चला रहे गौतम कुमार यादव और उनकी पुत्री तान्या गंभीर रूप से घायल हैं। सभी का अस्पताल में उपचार चल रहा है। हादसे के बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और टेंपो में फंसे हुए चालक गौतम और उसकी बेटी को बाहर निकाला।
कुछ देर बाद गौरीचक, पचरुखिया और फतुहा थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और सभी घायलों को अस्पताल भेजा।
सूचना मिलने पर पहुंचे स्वजन ने बताया कि गौतम के आठ वर्षीय बेटे की कई दिनों से तबीयत खराब थी और उसे तेज बुखार था।
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इलाज कराने निकला था परिवार
उसका इलाज कराने के लिए पूरा परिवार घर से निकला था। किसी ने नहीं सोचा था कि इलाज की यह यात्रा मातम में बदल जाएगी। अस्पताल में मां-बेटे के शव और गंभीर रूप से घायल बच्चों को देखकर स्वजन की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो गया। महिलाओं का विलाप सुन वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं।
हादसे के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा प्रशासन के विरुद्ध फूट पड़ा। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस मार्ग पर बालू लदे ट्रकों की अनियंत्रित रफ्तार और ओवरलोडिंग लंबे समय से जानलेवा बनी हुई है, लेकिन प्रशासन ने कभी प्रभावी कार्रवाई नहीं की।
नाराज लोगों ने शव सड़क पर रखकर करीब तीन घंटे तक बिहटा-सरमेरा सड़क जाम रखा। इस दौरान वाहनों की कतार लग गई।
महिलाओं ने की नारेबाजी
महिलाओं ने भी सड़क पर बैठकर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और दोषी ट्रक चालक की गिरफ्तारी तथा पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की। उन्होंने सड़क सुरक्षा के स्थायी इंतजाम और ओवरलोड बालू लदे वाहनों पर सख्त कार्रवाई की मांग की।
पुलिस अधिकारी ने कार्रवाई का आश्वासन देकर सुबह 9:30 बजे के बाद परिचालन सामान्य किया। पटना सदर-2 के डीएसपी रंजन कुमार ने बताया कि दुर्घटना में मां और उसके तीन वर्षीय पुत्र की मौके पर मौत हुई थी, जबकि गंभीर रूप से घायल आठ वर्षीय बच्चे ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
अन्य घायलों का इलाज जारी है। दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है तथा ट्रक चालक की तलाश में पुलिस छापेमारी कर रही है।
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