राहुल-तेजस्वी की बहन और अखिलेश की पत्नी…; CM सम्राट चौधरी का विपक्ष पर तीखा हमला
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने महिला आरक्षण बिल के संसद में गिरने को नारी शक्ति का अपमान बताया। चौधरी ने बिहार में स्थानीय निकायों में महिलाओं को 50% आरक ...और पढ़ें
HighLights
महिला आरक्षण बिल का गिरना नारी शक्ति का अपमान।
विपक्ष नेताओं की बेटियों को सांसद बनने देता है।
बिहार में महिलाओं को स्थानीय निकायों में 50% आरक्षण।
राज्य ब्यूरो, पटना। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को कहा कि महिला आरक्षण बिल का संसद में गिरना नारी शक्ति का अपमान है। विपक्ष को इसका जवाब देना होगा।
विपक्ष के इस धोखे के खिलाफ एनडीए एकजुट होकर अभियान चलाएगा। इस बिल के संसद में गिरने से प्रसन्न कांग्रेस राजद, सपा, टीएमसी और डीएमके के लोग जश्न मनाते हुए यह कह रहे थे कि हमने बिल को पास नहीं होने दिया।
भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में सम्राट चौधरी ने यह बात कही। इस मौके पर बिहार में एनडीए के घटक दल जदयू, लोजपा (रामविलास) हम तथा रालोमो की महिला पदाधिकारी भी मौजूद थीं।

(प्रेस कांफ्रेंस करते मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी।)
ये नहीं चाहते गरीब की बहन-बेटी बने सांसद
सम्राट चौधरी ने कहा कि लालू प्रसाद की बेटी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की बहन सांसद बन सकती है। सपा नेता अखिलेश यादव की पत्नी सांसद बन सकती व राहुल गांधी की बहन सांसद हो सकती हैं।
पर विपक्ष के लोग यह नहीं चाहते हैं कि गरीब घर की बेटी-बहन सांसद बने। अगर लोकसभा और संसद में महिलाओं को आरक्षण दिए जाने का बिल पास हो जाता तो सीटों की संख्या बढ़ जातीं।
बिहार विधानसभा में अभी 29 विधायक हैं जो संख्या बढ़कर 122 हो जाती। सम्राट ने कहा सवाल सिर्फ इतना है कांग्रेस व विपक्ष ने महिलाओं का अपमान किया।
वैसे भी राजद की प्रवृत्ति तो बिल को फाड़ने की रही है। उन्होंने कहा कि यह तो स्पष्ट है कि लोकसभा की सीटें बढ़ेंगी। जिस समय 70 करोड़ की आबादी थी तो संख्या 543 थी।
तब 272 महिलाएं बनतीं सांसद
अब तो आबादी 140 करोड़ की है तो सीटों का बढ़ना तय है। अगर बिल पास हो जाता तो लोकसभा की सीटें बढ़कर 816 हो जाती और 272 महिलाएं सांसद बन कर आतीं।
नीतीश कुमार की चर्चा करते हुए सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार में जब उनके नेतृत्व में एनडीए की सरकार बनी तो पंचायती राज व्यवस्था व नगर निकायों के लिए होने वाले चुनाव में महिलाओं को 50 प्रतिशत का आरक्षण दिया गया।
जबकि 59 प्रतिशत से अधिक महिलाएं चुनाव जीतकर आयीं। सम्राट ने कहा कि विपक्ष के लोग केवल अपनी चिंता कर रहे। जनता को इसका जवाब देना होगा।
कांग्रेस ने देश को कभी भी आरक्षण नहीं दिया। कांग्रेस के लोग मंडल कमीशन के भी खिलाफ थे। अतिपिछड़ों को जब बिहार में कर्पूरी ठाकुर ने आरक्षण दिया तब जनसंघ के कैलाशपति मिश्रा ने इसका समर्थन किया था। नरेंद्र मोदी ने आर्थिक रूप से पिछड़े सवर्ण समाज को दस प्रतिशत का आरक्षण दिया।