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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 11, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Tejashwi Yadav ने खेल दिया 'मुस्लिम' कार्ड, Mohan Bhagwat के लिए कह दी बड़ी बात; सियासी पारा हाई!

    Updated: Tue, 11 Jun 2024 08:08 PM (IST)

    तेजस्वी यादव ने कहा कि हमारी सोच है कि हमें समाज में सभी वर्गों को साथ लेकर चलना चाहिए। सभी को बराबर मान-सम्मान मिलना चाहिए हर किसी को आगे बढ़ने का मौ ...और पढ़ें

    बिहार के पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव और RSS प्रमुख मोहन भागवत (फाइल फोटो)
    बिहार के पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव और RSS प्रमुख मोहन भागवत (फाइल फोटो)

    HighLights

    1. मोदी मंत्रिमंडल गठन में मुस्लिमों के प्रति भाजपा की नफरत झलकती है : तेजस्वी
    2. मणिपुर से जुड़े आरएसएस प्रमुख के बयान पर तेजस्वी बोले- उन्होंने देर कर दी

    राज्य ब्यूरो, पटना। राज्य के पूर्व उप मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आरोप लगाए हैं कि मोदी मंत्रिमंडल के गठन में मुस्लिमों के प्रति भाजपा की नफरत झलकती है। भाजपा की अल्पसंख्यक समुदाय के प्रति नफरत के परिणाम स्वरूप मुस्लमानों को 72 सदस्यीय केंद्रीय मंत्रिमंडल में कोई जगह नहीं मिली।

    तेजस्वी यादव मंगलवार को पटना में स्थानीय मीडिया से बात कर रहे थे। तेजस्वी यादव ने कहा कि हमारी सोच है कि हमें समाज में सभी वर्गों को साथ लेकर चलना चाहिए। सभी को बराबर मान-सम्मान मिलना चाहिए और हर किसी को आगे बढ़ने का मौका मिलना चाहिए।

    RSS प्रमुख के बयान पर तेजस्वी का ऐसा रिएक्शन

    आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के मणिपुर को शांति का इंतजार है, बयान पर नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि आरएसएस प्रमुख ने यह चिंता जाहिर करने में देर कर दी। प्रधानमंत्री तो हमेशा से मौन ही रहे हैं। केवल मणिपुर की घटना पर ही नहीं बल्कि किसानों पर जब हमला किया गया, महिला पहलवानों का शोषण हुआ या बेंगलुरू में तीन हजार महिलाओं के साथ शोषण हुआ उस वक्त भी प्रधानमंत्री मौन रहे हैं। मोहन भागवत की यह प्रतिक्रिया काफी विलंब से आई।

    'बिहार से NDA के 30 सांसद चुनकर गए हैं'

    मंत्रालय बंटवारें को लेकर तेजस्वी ने कहा कि बिहार से एनडीए के 30 सांसद चुनकर गए हैं। पिछली बार भी 39 सासंद चुने गए थे, लेकिन बिहार को कुछ भी नहीं मिला था। हालांकि, इस बार बिहार निर्णायक भूमिका में है तो कम से कम बिहार को विशेष राज्य का दर्जा मिले।

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    उन्होंने आगे कहा, देशभर में जातीय गणना कराई जाए। साथ ही जो अन्य जरूरी मांगे हैं उसे पूरा कराएं। बिहार के जो सांसद मंत्री बने हैं कम से कम उनसे तो यह उपेक्षा रखी जानी चाहिए कि वह बिहार के लिए आवाज उठाएंगे।

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