यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 28, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
बेटे के हाथ-पैर जंजीर से बांध सदर अस्पताल ले गए माता-पिता, चिकित्सक से परामर्श मांगने पर हाथ लगी बस निराशा
Samastipur News बिहार के समस्तीपुर में माता-पिता अपने बेटे को जंजीर से बांधकर सदर अस्पताल ले गए। वे उसका इलाज कराने के लिए आए थे लेकिन अस्पताल पहुंचकर ...और पढ़ें

HighLights
- माता-पिता ने कहा- मानसिक विक्षिप्त की तरह करता है व्यवहार
- विभाग ने कहा- सोमवार व गुरुवार को ही ऐसे मरीजों के इलाज की सुविधा
जागरण संवाददाता, समस्तीपुर। खानपुर थाना क्षेत्र के शोभन बसंतपुर गांव में मानसिक रूप से विक्षिप्त बेटे को माता-पिता जंजीर से बांधकर इलाज के लिए सदर अस्पताल लेकर पहुंचे।
इमरजेंसी वार्ड में ऑन ड्यूटी चिकित्सक से मिलकर परामर्श मांगा और व्यथा सुनाई। चिकित्सक ने ओपीडी में जाकर चिकित्सक से परामर्श मांगने का सुझाव दिया, लेकिन वहां निराशा हाथ लगी।
चूंकि ओपीडी में प्रत्येक सप्ताह सोमवार और गुरुवार को ही मानसिक रोगियों का इलाज किया जाता है। सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. गिरिश कुमार ने बताया कि सोमवार और गुरुवार को ही मानसिक व दिव्यांग रोगियों के इलाज की व्यवस्था है।
पुत्र को क्या समस्या है?
कुशेश्वर महतो का 20 वर्षीय पुत्र सुदामा कुमार पिछले 20-25 दिनों से विक्षिप्त की तरह व्यवहार कर रहा है। कभी-कभी मारने का प्रयास भी करता है। पिता का कहना है कि पड़ोसियों को पत्थर मारकर घायल कर देता है। इस कारण उसके पैर में जंजीर और हाथ में रस्सी बांध रखी है। पिता ने बताया कि वह बचपन से ऐसा नहीं था।