सारण के तरैया में 641 छात्रों के लिए सिर्फ 2 कमरे, 4 नए कमरे बनकर तैयार फिर भी अधर में लटकी पढ़ाई
तरैया के एक उच्च माध्यमिक विद्यालय में 641 छात्रों के लिए केवल दो कमरे होने से शैक्षणिक व्यवस्था प्रभावित है। चार नए कमरे अधूरे निर्माण और राशि की कमी ...और पढ़ें

नए कमरे बनकर तैयार फिर भी अधर में लटकी पढ़ाई
HighLights
641 छात्रों के लिए केवल दो कक्षाओं की उपलब्धता।
चार नए कमरे अधूरे निर्माण के कारण अनुपयोगी।
राशि के अभाव में निर्माण कार्य रुका, पढ़ाई प्रभावित।
संवाद सूत्र, तरैया (सारण)। तरैया बाजार स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय सह उत्क्रमित उच्च माध्यमिक विद्यालय में भवन की कमी के कारण शैक्षणिक व्यवस्था प्रभावित हो रही है। विद्यालय में कक्षा नौ से 12 तक कुल 641 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं, लेकिन पढ़ाई के लिए केवल दो कक्ष ही उपलब्ध हैं। ऐसे में विद्यार्थियों की संख्या के अनुपात में कमरों की भारी कमी होने से नियमित और व्यवस्थित पठन-पाठन कराना चुनौती बना हुआ है।
विद्यालय में कक्षा नौ के 269, कक्षा 10 के 255, कक्षा 11 के 74 तथा कक्षा 12 के 50 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। वहीं, 18 शिक्षक-शिक्षिकाएं पदस्थापित हैं, जिन्हें सीमित संसाधनों के बीच कक्षाओं का संचालन करना पड़ रहा है। पर्याप्त कमरे नहीं होने से कई कक्षाओं की पढ़ाई वैकल्पिक व्यवस्था के तहत कराई जा रही है, जिसका असर शैक्षणिक गतिविधियों पर पड़ रहा है।
नए भवन का नहीं हो रहा इस्तेमाल
विद्यालय परिसर में चार नए कमरों का भवन तैयार हो चुका है, लेकिन फर्श निर्माण, विद्युत कार्य और रंगाई-पुताई अधूरी रहने के कारण अब तक इनका उपयोग शुरू नहीं हो सका है। इससे एक ओर छात्र-छात्राओं को परेशानी हो रही है तो दूसरी ओर शिक्षकों को भी सीमित व्यवस्था में पढ़ाई संचालित करनी पड़ रही है।
प्रधानाध्यापक पप्पू कुमार ने बताया कि विद्यालय की समस्या से विभाग के वरीय अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। संवेदक से बातचीत में यह जानकारी मिली है कि राशि के अभाव में शेष कार्य पूरा नहीं हो सका है। उन्होंने उम्मीद जताई कि निर्माण कार्य पूरा होते ही नए कमरों में कक्षाओं का संचालन शुरू कर दिया जाएगा।
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सैकड़ों विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होना चिंता का विषय
स्थानीय लोगों का कहना है कि जब भवन बनकर तैयार है तो केवल फर्श, बिजली और रंगाई जैसे अधूरे कार्यों के कारण सैकड़ों विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होना चिंता का विषय है। उन्होंने शिक्षा विभाग से शीघ्र राशि उपलब्ध कराकर निर्माण कार्य पूरा कराने और नए कमरों को जल्द छात्रों के लिए चालू करने की मांग की है।