बेतिया कोर्ट नहीं पहुंचे प्रशांत किशोर, वकील ने मांगा समय, 17 अगस्त को देना होगा जवाब
सांसद संजय जायसवाल द्वारा दायर मानहानि मामले में प्रशांत किशोर के अधिवक्ता बेतिया कोर्ट में पेश हुए। अधिवक्ता ने जवाब दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय म ...और पढ़ें

प्रशांत किशोर की यह तस्वीर जागरण आर्काइव से ली गई है।
HighLights
प्रशांत किशोर के अधिवक्ता बेतिया कोर्ट में हुए पेश।
मानहानि मामले में जवाब देने को मांगा अतिरिक्त समय।
न्यायालय ने अर्जी स्वीकार कर 17 अगस्त दी अगली तारीख।
संवाद सहयोगी, बेतिया (पश्चिम चंपारण)। बिहार में पश्चिम चंपारण के सांसद डा संजय जायसवाल द्वारा दायर मानहानि (डैमेज सूट) परिवाद में बुधवार को जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर के अधिवक्ता मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी के न्यायालय में उपस्थित हुए।
प्रशांत किशोर के अधिवक्ता अनीश कुमार तिवारी ने न्यायालय में उपस्थित होकर जवाब देने के लिए न्यायाधीश से अतिरिक्त समय की मांग की। हालांकि स्वयं प्रशांत किशोर हाजिर नहीं हुए, उनके ओर से अधिवक्ता ने हाजिरी लगाई।
मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में सुनवाई के दौरान अधिवक्ता अनिश कुमार तिवारी ने मामले में विस्तृत जवाब देने के लिए अतिरिक्त समय देने का अनुरोध किया, जिसे न्यायालय ने स्वीकार कर लिया। इस मामले में अगली तारीख 17 अगस्त निर्धारित हुई है।
उल्लेखनीय है कि इस परिवाद में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने प्रशांत किशोर पर बीएनएस की धारा-233 के तहत नोटिस जारी कर उन्हें अपना पक्ष रखने को कहा था।
पीके के अधिवक्ता श्री तिवारी ने बताया कि न्यायालय ने उनके प्रार्थना पत्र को स्वीकार कर लिया है। अगले तिथि को प्रशांत किशोर के तरफ से जवाब न्यायालय में समर्पित कर दिया जाएगा।
बता दें कि सांसद डा जायसवाल ने प्रशांत किशोर पर दायर परिवाद में आरोप लगाया है कि प्रशांत किशोर ने सभाओं, प्रेसवार्ता और अन्य मंचों पर सांसद के खिलाफ बयान देकर उनकी सामाजिक एवं राजनीतिक प्रतिष्ठा को धूमिल की है। सांसद ने उन आरोपों को निराधार बताते हुए अदालत में मानहानि और क्षतिपूर्ति की मांग की है।
- प्रशांत किशोर के अधिवक्ता बेतिया न्यायालय में हुए उपस्थित , जवाब देने को मांगा समय
- पीके के अधिवक्ता के अर्जी को न्यायालय ने किया स्वीकार, अगली तारीख 17 अगस्त निर्धारित
- पश्चिम चंपारण के सांसद द्वारा दायर परिवाद में न्यायालय ने नोटिस भेज दिया था पक्ष रखने का आदेश