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    100% असली घी का दावा नकली? 142 साल पुरानी Dabur के प्रोडक्ट्स पर FSSAI ने लगाया बैन; क्या आप खाते हैं इसका शहद

    Updated: Tue, 04 Aug 2026 11:29 AM (IST)

    FSSAI ने डाबर इंडिया के घी, शहद सहित कई उत्पादों पर "100 प्रतिशत" शुद्धता के दावों को लेकर बिक्री रोकने का आदेश दिया है। प्राधिकरण का कहना है कि ये दा ...और पढ़ें

    FSSAI ने डाबर के कई उत्पादों की बिक्री रोकी।

    FSSAI ने डाबर के कई उत्पादों की बिक्री रोकी।

    HighLights

    1. FSSAI ने डाबर के कई उत्पादों की बिक्री रोकी।

    2. "100 प्रतिशत" शुद्धता के दावे को भ्रामक बताया।

    3. डाबर को 15 दिनों में एक्शन रिपोर्ट देनी होगी।

    नई दिल्ली। भारत की सबसे पुरानी कंपनियों में से एक डाबर इंडिया (Dabur India) को बड़ा झटका लगा है। इसके घी, शहद समेत कई प्रोडक्ट्स पर भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण ने बैन लगा दिया है। दरअसल, FSSAI ने डाबर इंडिया को "100 प्रतिशत" होने का दावा करने वाले कई खाद्य उत्पादों की बिक्री रोकने का आदेश दिया है। प्राधिकरण का कहना है कि यह शब्दावली अस्पष्ट और ऐसी है जिसे साबित नहीं किया जा सकता, और इससे उपभोक्ताओं को गुमराह किया जा सकता है।

    इस खबर का असर कंपनी के शेयरों पर भी दिखा। मंगलवार को डाबर इंडिया के शेयर 2.42% गिरकर 415.50 रुपये (Dabur India Share Price) पर आ गए। 

    खाद्य नियामक ने सोमवार को कहा कि उसके प्रतिबंध के आदेश में शहद, एप्पल साइडर विनेगर, वर्जिन नारियल तेल, तिल का तेल, गाय का घी, नारियल पानी और नारियल का दूध जैसे उत्पाद शामिल हैं, जिन पर '100 प्रतिशत' होने का गुमराह करने वाला दावा किया गया है।

    100% प्योरिटी का दावा

    FSSAI के अनुसार, डाबर की वेबसाइट पर लिस्टेड प्रोडक्ट्स पर "100 परसेंट नेचुरल", "100 परसेंट प्योर", "100 परसेंट प्योरिटी गारंटीड", "100 परसेंट ऑर्गेनिक" और "100 परसेंट टेंडर कोकोनट वॉटर" जैसे दावे किए गए थे।

    भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण के कहा कि 100% दावों का उपयोग FSS (विज्ञापन और दावे) विनियम, 2018 का उल्लंघन है। क्योंकि ये पूरी तरह से अस्पष्ट, अप्रामाणिक हैं और इनसे उपभोक्ताओं को गुमराह किया जा सकता है।

    डाबर इंडिया ने एक बयान में कहा, "हमें FSSAI का नोटिस मिला है और हम अपनी वेबसाइट पर नोटिस में बताई गई जानकारी की जांच कर रहे हैं।"

    पहले भी डाबर को भेजा जा चुका है नोटिस

    डाबर हिमालयन ऑर्गेनिक एप्पल साइडर विनेगर और डाबर ऑर्गेनिक हनी पर FSSAI का वैलिड ऑर्गेनिक सर्टिफिकेशन न होने के बावजूद 'जैविक भारत' लोगो लगा हुआ पाया गया। इसके अलावा, डाबर होममेड कोकोनट मिल्क को "100 प्रतिशत शुद्धता" के दावे के साथ बेचा जा रहा था। FSS (विज्ञापन और दावे) नियम, 2018 के तहत कंपाउंड फूड्स (मिश्रित खाद्य पदार्थों) के लिए ऐसा दावा करना मान्य नहीं है।

    FSSAI ने कहा कि उसने पहले भी डाबर को नोटिस जारी करके गुमराह करने वाले "100 प्रतिशत" दावों को बंद करने का निर्देश दिया था। हालांकि, डाबर की ओर से कोई संतोषजनक सुधारात्मक कदम नहीं उठाया गया।

    रेगुलेटर ने कहा, "FSSAI ने डाबर इंडिया लिमिटेड को निर्देश दिया है कि वह नोटिस में बताए गए फूड प्रोडक्ट्स और '100%' के भ्रामक दावे वाले अन्य सभी फूड प्रोडक्ट्स की बिक्री पर तुरंत रोक लगाए और 15 दिनों के भीतर 'एक्शन टेकन रिपोर्ट' (ATR) जमा करे।"

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