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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 03, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Tax Deduction: 80C के तहत मिलने वाली है टैक्स पर ज्यादा छूट? जानिए क्या है सरकार का प्लान

    By Priyanka KumariEdited By: Priyanka Kumari
    Updated: Thu, 03 Aug 2023 01:45 PM (IST)

    Tax Deduction इनकम टैक्स एक्ट 1961 के 80-सी के तहत करदाता को टैक्स डिडक्शन दिया जाता है। काफी समय से करदाता टैक्स डिडक्शन की लिमिट को बढ़ाने की उम्मीद ...और पढ़ें

    Tax Deduction: 80C के तहत मिलने वाली है टैक्स पर ज्यादा छूट?
    Tax Deduction: 80C के तहत मिलने वाली है टैक्स पर ज्यादा छूट?

    HighLights

    1. 31 दिसंबर 2023 तक रिटर्न फाइल कर सकते हैं।
    2. आयकर अधिनियम 80- सी के तहत टैक्स छूट की बढ़ोतरी की उम्मीद कर रहे हैं।
    3. होम लोन और जीवन बीमा पॉलिसियों में करदाता को आयकर अधिनियम 80- सी के तहत लाभ मिलता है।

     नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। वित्त वर्ष 2022-23 के लिए टैक्स रिटर्न फाइल करने की आखिरी डेट अब जा चुकी है। अगर किसी भी करदाता ने अभी तक रिटर्न फाइल नहीं किया है तो वह 31 दिसंबर 2023 तक फाइल कर सकते हैं। करदाता काफी समय से आयकर अधिनियम 80- सी के तहत टैक्स छूट की बढ़ोतरी की उम्मीद कर रहे हैं। अभी कोई भी करदाता 80-सी के तहत 1.50 लाख रुपये का टैक्स बेनिफिट का लाभ उठा सकते हैं। वित्त मंत्रालय के अनुसार इनकम टैक्स एक्ट 1961 की धारा 80C के तहत छूट सीमा को बढ़ाने को लेकर कोई भी विचार नहीं किया जा रहा है। देश में कई योजनाओं के जरिये करदाता टैक्स छूट का लाभ उठा सकते हैं।

    इस योजना में मिलता है 80-सी का लाभ

    होम लोन और जीवन बीमा पॉलिसियों में करदाता को आयकर अधिनियम 80- सी के तहत लाभ मिलता है। इसके अलावा अगर किसी टैक्सपेयर्स ने पीपीएफ, ईपीएफ, एनएससी, ईएलएसएस म्यूचुअल फंड, एनपीएस, एससीएसएस, बैंक और पोस्ट ऑफिस में 5 साल के पीरियड के लिए एफडी में निवेश किया है तो वह भी इसका फायदा उठा सकता है।

    सरकार का फैसला

    काफी समय से करदाता 80-सी के तहत मिलने वाली छूट लिमिट को बढ़ाने की मांग कर रहे थे। आईसीएआई ने अपनी प्री-बजट 2023 में सरकार से सिफारिश की थी। आईसीएआई ने सुझाव दिया है कि वह प्रॉविडेंट फंड (PPF) में मिलने वाली कटौती को 1.5 लाख रुपये से बढ़ाकर 3 लाख रुपये कर दे। सरकार ने अभी तक इस पर किसी भी तरह का कोई फैसला नहीं लिया है। सरकार ने 80-सी की लिमिट को बढ़ाने की जगह पर एक नई टैक्स प्रणाली शुरू कर दी है।

    वित्त मंत्रालय में केंद्रीय राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने 31 जुलाई को लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा है कि टैक्स बेनिफिट और इंसेंटिव को हटाकर आयकर अधिनियम 1961 को सरल बनाना है। आयकर अधिनियम की धारा 80सी के तहत छूट बढ़ाने को लेकर सरकार ने कोई विचार नहीं किया है।

     

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