सर्च करे
Home
फोकस

Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 02, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    NSE को सितंबर तिमाही में हुआ 13 प्रतिशत का प्रॉफिट, इतना भरा सरकार का खजाना

    By AgencyEdited By: Gaurav Kumar
    Updated: Thu, 02 Nov 2023 09:15 AM (IST)

    नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) ने वित्त वर्ष 2024 की दूसरी तिमाही के वित्तीय नतीजों की घोषणा कर बताया कि सितंबर तिमाही में उसका समेकित शुद्ध लाभ साल-दर- ...और पढ़ें

    कंसोलिडेट नेट प्रॉफिट 13 प्रतिशत की सालाना वृद्धि के साथ 1,999 करोड़ रुपये हो गया।
    कंसोलिडेट नेट प्रॉफिट 13 प्रतिशत की सालाना वृद्धि के साथ 1,999 करोड़ रुपये हो गया।

    पीटीआई, नई दिल्ली। शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों में से एक नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने अपने चालू वित्त वर्ष 24 के दूसरे तिमाही के नतीजों की घोषणा कर दी है।

    एनएसई ने सितंबर तिमाही के आंकड़े जारी कर बताया कि जुलाई-सितंबर के दौरान कंसोलिडेट नेट प्रॉफिट 13 प्रतिशत की सालाना वृद्धि के साथ 1,999 करोड़ रुपये हो गया है।

    24 प्रतिशत बढ़ा परिचालन से आय

    एनएसई ने एक बयान में कहा कि समीक्षाधीन दूसरी तिमाही में परिचालन से कंसोलिडेट इनकम 3,652 करोड़ रुपये रहा, जो कि एक साल पहले की अवधि से 24 प्रतिशत अधिक है।

    परिचालन से आय ट्रेडिंग के अलावा लिस्टिंग, इंडेक्स सेवाओं, डेटा सेवाओं और सह-स्थान सुविधा सहित अन्य राजस्व के कारण हुआ है। इसके अलावा एनएसई ने यह भी बताया कि सितंबर तिमाही में नेट प्रॉफिट मार्जिन 50 प्रतिशत रहा।

    एनएसई ने कितना भरा सरकार का खजाना?

    वित्त वर्ष 24 की पहली छमाही में, एनएसई ने सरकारी खजाने में 18,744 करोड़ रुपये का योगदान दिया, जिसमें 14,858 करोड़ रुपये का एसटीटी (प्रतिभूति लेनदेन कर), स्टांप शुल्क (1,156 करोड़ रुपये), जीएसटी (975 करोड़ रुपये), आयकर (1,252 करोड़ रुपये) और सेबी (503 करोड़ रुपये) शामिल थे।

    क्या हैं ट्रेडिंग वाॉल्यूम के आंकड़े?

    नकदी बाजारों में एवरेज डेली ट्रेडेड वॉल्यूम (एडीटीवी) साल दर साल के आधार पर 40 प्रतिशत बढ़कर 77,757 करोड़ रुपये दर्ज रहा। इक्विटी वायदा भी सालाना आधार पर 4 प्रतिशत की तेजी के साथ 1,23,019 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इसके अलावा इक्विटी विकल्प एडीटीवी सालाना 33 फीसदी की बढ़ोतरी के साथ 60,621 करोड़ रुपये रहा।

    कितना रहा स्टैंडअलोन प्रॉफिट?

    स्टैंडअलोन आधार पर बात करें तो एनुअल बेसिस पर 2 प्रतिशत बढ़कर 1,562 करोड़ रुपये का स्टैंडअलोन प्रॉफिट रहा जो एक साल पहले की समान अवधि में 1,535 करोड़ रुपये था।