सर्च करे
Home
फोकस

Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 28, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Steel Import: स्टील आयात पर नजर रखने की जरूरत: टीवी नरेंद्रन

    By Agency Edited By: Yogesh Singh
    Updated: Sun, 28 Apr 2024 07:34 PM (IST)

    आयात को लेकर सतर्क रहना होगा। TV Narendran ने कहा चालू वित्त वर्ष 2024-25 में स्टील की खपत 8-10 प्रतिशत बढ़ने की उम्मीद है। इस्पात निर्माता चीन सहित क ...और पढ़ें

    स्टील आयात पर नजर रखने की जरूरत
    स्टील आयात पर नजर रखने की जरूरत

    पीटीआई, नई दिल्ली। टाटा स्टील के सीईओ टीवी नरेंद्रन ने कहा है कि स्टील आयात पर नजर रखने की जरूरत है। उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब भारत ने वित्त वर्ष 2023-24 के दौरान इस्पात आयात में 38 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 80 लाख टन की वृद्धि दर्ज की है, जो कमोडिटी का शुद्ध आयातक बन गया है। इंडस्ट्री एक्जीक्यूटिव ने कहा कि अगर स्थिति लंबे समय तक जारी रहा तो दुख की बात होगी।

    स्टील खपत बढ़ने की उम्मीद

     

    हमें आयात को लेकर सतर्क रहना होगा। उन्होंने कहा कि चालू वित्त वर्ष 2024-25 में स्टील की खपत 8-10 प्रतिशत बढ़ने की उम्मीद है। इस्पात निर्माता चीन सहित कुछ देशों से बढ़ते आयात पर चिंता जता रहे हैं और इस मुद्दे पर सरकार से हस्तक्षेप की मांग कर रहे हैं।

    घरेलू निर्माता भी आयात पर अंकुश लगाने और कई देशों के साथ मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) की समीक्षा की मांग कर रहे हैं। नरेंद्रन ने कहा कि मुझे नहीं लगता कि एफटीए की समीक्षा करना आसान होगा। लेकिन यह सरकार को तय करना है।

    बिगमिंट (पूर्व में स्टीलमिंट) के आंकड़ों के अनुसार कि वित्त वर्ष 2024 में भारत का कच्चे इस्पात का उत्पादन लगभग 14 प्रतिशत बढ़कर 14.4 करोड़ टन हो गया, जो वित्त वर्ष 2023 में 12.6 करोड़ टन था। तैयार स्टील की खपत 13.6 मीट्रिक टन रही जो एक साल पहले की अवधि में 12 करोड़ टन था।

    खबरें और भी

    ये भी पढ़ें- Unemployment in India: क्या तेज होते आर्थिक विकास के साथ खत्म हो जाएगी बेरोजगारी?

    ये भी पढ़ें- MDH Masala Row: क्या एमडीएच के मसालों से हो सकता है कैंसर? जानें क्या कहा कंपनी ने