सर्च करे
Home
फोकस

Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    क्लिक से क्लेम तक... डिजिटल दौर में आसान हुआ बीमा, स्मार्टफोन ने बदली पॉलिसी की दुनिया

    By अत्रि चक्रवर्तीEdited By: Gyanendra Tiwari
    Updated: Thu, 06 Aug 2026 07:16 PM (IST)

    तकनीक और स्मार्टफोन ने बीमा खरीदने से लेकर क्लेम करने तक की प्रक्रिया को बेहद सरल और पारदर्शी बना दिया है। डिजिटल बदलावों से अब कागजी कार्रवाई खत्म हो ...और पढ़ें

    कागजी कार्रवाई खत्म, स्मार्टफोन से घर बैठे पॉलिसी खरीदें।

    कागजी कार्रवाई खत्म, स्मार्टफोन से घर बैठे पॉलिसी खरीदें।

    HighLights

    1. कागजी कार्रवाई खत्म, स्मार्टफोन से घर बैठे पॉलिसी खरीदें।

    2. AI और एनालिटिक्स से व्यक्तिगत बीमा समाधान उपलब्ध।

    3. क्लेम प्रक्रिया पारदर्शी और तेज, रियल टाइम ट्रैकिंग।

    नई दिल्ली। भारी कागजी कार्रवाई, एजेंटों के चक्कर और क्लेम अटकने का डर अब गुजरे जमाने की बात हो चुके हैं। तकनीक और स्मार्टफोन ने अब बीमा को सीधे आपके हाथ में दे दिया है, जिससे आपका समय, पैसा और मानसिक तनाव बच रहा है। जानिए कैसे यह डिजिटल बदलाव सीधे आम ग्राहक को फायदा पहुंचा रहा है और '2047 तक सबके लिए बीमा' की राह आसान कर रहा है, अत्रि चक्रवर्ती के नजरिए से...

    पारंपरिक रूप से जटिल माने जाने वाले जीवन बीमा उत्पाद आज तकनीक के चलते बेहद सरल हो चुके हैं। इस डिजिटल बदलाव का सबसे बड़ा फायदा सीधे आपको यानी आम बीमा खरीदार को मिल रहा है। पारदर्शिता इतनी बढ़ गई है कि अब कंपनियों या एजेंटों के दावों पर आंख मूंदकर भरोसा करने की जरूरत नहीं है। अब देश के आम से आम नागरिक तक वित्तीय सुरक्षा की पहुंच बहुत आसान और सुरक्षित हो गई है।

    अब आपको बीमा पालिसी लेने के लिए एजेंटों से लंबी मुलाकातें करने या फोन काल्स पर समय बर्बाद करने की कोई जरूरत नहीं है। तकनीक ने इस पूरी उलझन को आपके स्मार्टफोन ऐप के भीतर समेट दिया है। आसान यूजर इंटरफेस की मदद से आप घर बैठे चंद मिनटों में कोटेशन प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। कंपनियों की प्रोसेसिंग और अंडरराइटिंग अब रियल टाइम में होती है, जिससे आपको काउंटर पर ही तुरंत जीवन बीमा पालिसी मिल जाती है।

    कागजी कार्रवाई खत्म

    तकनीक जिस रफ्तार से उत्पादों और प्रक्रियाओं को बदल रही है, उससे साल 2047 तक ‘सबके लिए बीमा’ का राष्ट्रीय लक्ष्य आपके जीवन में बहुत जल्द हकीकत बनने जा रहा है। डिजिटल प्रक्रियाओं ने बीमा कंपनियों से आपके जुड़ने के तरीके को पूरी तरह सहूलियत भरा बना दिया है। डिजिटल आनबोर्डिंग, सेल्फ-सर्विस पोर्टल और मोबाइल ऐप्स के जरिए आप खुद आसानी से अलग-अलग बीमा उत्पादों की तुलना कर सकते हैं और बिना किसी दबाव के सही फैसला ले सकते हैं। इंटरएक्टिव कैलकुलेटर ने भारी-भरकम कागजी कार्रवाई और किसी बाहरी व्यक्तिगत सलाह की निर्भरता को पूरी तरह खत्म कर दिया है।अगर आप दूर-दराज के इलाकों में रहते हैं या तकनीक-पसंद युवा हैं, तो ई-केवाईसी, डेटा ब्यूरो और अकाउंट एग्रीगेटर आधारित वित्तीय सत्यापन आपके लिए ही बने हैं।

    खबरें और भी

    मनमुताबिक सटीक समाधान

    अक्सर लोग इस भ्रम में गलत पालिसी खरीद लेते हैं क्योंकि उन्हें अपनी जरूरत का पता नहीं होता। लेकिन अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और एडवांस्ड एनालिटिक्स के जरिए कंपनियां आपकी पसंद और वित्तीय व्यवहार को समझकर आपको केवल वही सुझाव देती हैं जो आपके काम के हों। अब आपको अपनी जेब पर भारी बोझ डालने की जरूरत नहीं है।

    कंपनियां आजकल आपकी व्यक्तिगत आवश्यकताओं के अनुसार कवरेज बढ़ाने के लिए बजट-अनुकूल एड-आन राइडर की सुविधा दे रही हैं। इसके अलावा बाजार में आ चुके सैशे प्रोडक्ट्स बेहद कम प्रीमियम में आपकी विशिष्ट जरूरतों के लिए कवरेज उपलब्ध कराते हैं। इस हाइपर-पर्सनलाइजेशन का अगला चरण आपके लिए और भी फायदेमंद होने वाला है। बीमा कंपनियां अब आईओटी डिवाइस के जरिए आपके रियल टाइम डेटा का उपयोग कर डायनामिक प्राइसिंग पर काम कर रही हैं। इसका सीधा मतलब यह है कि आपका प्रीमियम आपकी जीवनशैली और वास्तविक सुरक्षा जरूरतों के हिसाब से तय होगा, जो उत्पाद डिजाइन में एक बड़ा और किफायती नवाचार है।

    आधुनिक ग्राहक सेवा

    ग्राहक सेवा के नाम पर अब आपको घंटों इंतजार करने की जरूरत नहीं है। एआई आधारित चैटबाट, वायस असिस्टेंट और आपकी अपनी क्षेत्रीय भाषाओं में पर्सनलाइज्ड वीडियो ने आपकी मदद को बेहद आसान बना दिया है। ये वर्चुअल असिस्टेंट 24/7 आपकी सेवा में उपलब्ध रहते हैं।

    ये न सिर्फ आपके सवालों के तुरंत जवाब देते हैं, बल्कि पालिसी के जटिल तकनीकी शब्दों को आपकी आसान भाषा में समझाते हैं ताकि आपको लंबे दस्तावेज न पढ़ने पड़ें। अपनी पालिसी को चालू रखना अब पहले से कहीं ज्यादा आसान है। डिजिटल पेमेंट विकल्पों की मदद से आप घर बैठे कुछ ही क्लिक में आटोमेटेड पेमेंट सेट कर सकते हैं, जिससे आपकी पालिसी का नवीनीकरण समय पर और बिना किसी झंझट के हो जाता है।

    पारदर्शी क्लेम प्रक्रिया

    जिस क्लेम प्रक्रिया को लोग पारंपरिक रूप से सबसे कठिन और थकाऊ मानते थे, तकनीक ने उसे आपके लिए पारदर्शी बना दिया है। अब आप डिजिटल तरीके से घर बैठे अपना क्लेम जमा कर सकते हैं और उसकी स्थिति को रियल टाइम में ट्रैक कर सकते हैं।

    आपको हर चरण का अपडेट मिलता रहता है। वीडियो/इमेज आधारित आकलन और ओसीआर दस्तावेजीकरण के कारण क्लेम निपटान का समय बहुत घट गया है, जिससे आपको तेजी से पैसा मिलता है। दरअसल डिजिटल माध्यमों के जरिए बीमा कंपनियां आपके वित्तीय भविष्य और सुरक्षा से जुड़ने के तरीके को एक नया और सुरक्षित रूप दे रही हैं। जैसे-जैसे ये नवाचार आगे बढ़ेंगे, आपको और अधिक सरल, प्रासंगिक और समावेशी समाधान मिलेंगे। इससे कंपनियों पर भरोसा मजबूत होगा और एक ग्राहक के रूप में आपके साथ उनका जीवनभर का एक सुरक्षित संबंध बनेगा।

    ( लेखक इंडिया फर्स्ट लाइफ इंश्योरेंस के चीफ आपरेटिंग आफिसर हैं)