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    ₹25,000 महीने की RD से तैयार करें मोटा फंड! जानिए SBI, PNB और पोस्ट ऑफिस में कहां मिलेगा सबसे ज्यादा फायदा?

    Updated: Thu, 18 Jun 2026 12:41 PM (IST)

    RD Invesment Calculation: यह लेख ₹25,000 मासिक रिकरिंग डिपॉजिट (RD) के माध्यम से 5 साल में एक बड़ा फंड बनाने के तरीकों पर प्रकाश डालता है। इसमें पोस्ट ...और पढ़ें

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    HighLights

    1. ₹25,000 मासिक RD से 5 साल में ₹18.5 लाख तक।

    2. पोस्ट ऑफिस, SBI, PNB, HDFC RD दरों की तुलना।

    3. कंपाउंडिंग और टैक्सेशन के महत्वपूर्ण पहलुओं को समझें।

    नई दिल्ली: अगर आप हर महीने ₹25,000 की सेविंग को सुरक्षित तरीके से निवेश करना चाहते हैं, तो रिकरिंग डिपॉजिट (Recurring Deposit) एक भरोसेमंद विकल्प माना जाता है। 5 साल यानी 60 महीने (₹25,000 हर महीने × 60 महीने = ₹15,00,000 कुल निवेश ) तक लगातार निवेश करने पर आपका कुल निवेश ₹15 लाख हो जाता है। इसके बाद असली खेल शुरू होता है ब्याज दर और कंपाउंडिंग का जो इस रकम को और बड़ा बनाता है।

    पोस्ट ऑफिस RD

    पोस्ट ऑफिस रिकरिंग डिपॉजिट (Post office RD) को सबसे सुरक्षित विकल्पों में गिना जाता है, फिलहाल करीब 6.7% सालाना ब्याज देता है। इस दर पर 5 साल तक करीब ₹25,000 महीने जमा करने पर मैच्योरिटी अमाउंट लगभग ₹17.3 लाख से ₹17.6 लाख के बीच पहुंच सकता है। यानी आपको करीब ₹2.3 लाख से ₹2.6 लाख तक ब्याज मिल सकता है। सरकारी गारंटी होने की वजह से यह उन निवेशकों के लिए सही रहता है जो जोखिम बिल्कुल नहीं लेना चाहते हैं।

    एसबीआई (SBI) और पीएनबी (PNB)

    वहीं अगर बात करें पब्लिक सेक्टर बैंकों जैसे SBI और PNB की, तो यहां ब्याज दरें लगभग 6.5% से 7% के बीच रहती हैं। इस रेंज में 5 साल की RD पर आपका ₹15 लाख का निवेश बढ़कर करीब ₹17.5 लाख से ₹18 लाख तक हो सकता है। यानी यहां पोस्ट ऑफिस के मुकाबले थोड़ा ज्यादा रिटर्न मिलने की संभावना रहती है, हालांकि यह दर समय-समय पर बदल सकती है।

    एचडीएफसी (HDFC) बैंक

    प्राइवेट सेक्टर बैंक जैसे एचडीएफसी (HDFC) बैंक आमतौर पर RD पर थोड़ा बेहतर रिटर्न ऑफर करते हैं। करीब 7% के आसपास ब्याज दर मानें ते 5 साल में ₹25,000 महीने की RD आपको लगभग ₹18 लाख से ₹18.5 लाख तक का फंड दे सकता है। इस हिसाब से यहां ₹3 लाख से ₹3.5 लाख तक का ब्याज कमाया जा सकता है, जो बाकी विकल्पों से थोड़ा ज्यादा है।

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    कंपाउंडिंग का रोल

    RD में पैसा बढ़ने का कारण कंपाउंडिंग है। हर महीने जमा की गई रकम पर अलग-अलग समय के लिए ब्याज मिलता है—जो पैसा शुरुआत में जमा होता है, उसे ज्यादा समय तक ब्याज मिलता है, जबकि बाद में जमा पैसा कम समय के लिए बढ़ता है। यही वजह है कि 5 साल में कुल रिटर्न अच्छा बन जाता है।

    ब्याज पर लगता है टैक्स

    हालांकि, निवेश से पहले यह समझना जरूरी है कि RD से मिलने वाला ब्याज पूरी तरह टैक्सेबल होता है और आपकी इनकम टैक्स स्लैब के अनुसार उस पर टैक्स देना पड़ता है। इसके अलावा, अगर आप समय से किस्त नहीं जमा करते हैं तो पेनल्टी लग सकती है और मैच्योरिटी से पहले RD तोड़ने पर ब्याज भी कम मिल सकता है।

    नोट: अगर आप बिना जोखिम के नियमित बचत से एक तय समय में अच्छा फंड बनाना चाहते हैं, तो ₹25,000 की मंथली RD से 5 साल में करीब ₹17.5 लाख से ₹18.5 लाख तक की रकम तैयार की जा सकती है। हालांकि बेहतर रिटर्न के लिए निवेश से पहले अलग-अलग बैंकों की ब्याज दरों की तुलना जरूर करनी चाहिए।

    डिस्क्लेमर: यह खबर सामान्य जानकारी के लिए है। जागरण बिजनेस किसी भी योजना में निवेश करने की सलाह नहीं देता। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।