इंतजार खत्म! NSE लाएगी रिकॉर्ड तोड़ IPO, ₹30000 करोड़ होगा साइज; ये हैं अब तक के सबसे बड़े पब्लिक इश्यू
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने ₹30,000 करोड़ के आईपीओ के लिए सेबी के पास दस्तावेज दाखिल किए हैं, जो भारत का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ हो सकता है। यह इश् ...और पढ़ें
-1781753757951_m.webp)
NSE ने किया आईपीओ के लिए आवेदन (AI जनरेटेड फोटो)
HighLights
NSE ने IPO के लिए किया अप्लाई
30000 करोड़ का हो सकता है IPO
ऑफर फॉर सेल के जरिए 14.89 करोड़ शेयर बिकेंगे
भाषा नई दिल्ली। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE IPO) ने आईपीओ लाने के लिए बुधवार को बाजार नियामक सेबी के पास दस्तावेज दाखिल कर दिए। करीब 30,000 करोड़ रुपये के साइज वाला यह इश्यू पूरी तरह मौजूदा शेयरहोल्डर्स की तरफ से की जाने वाली शेयरों की बिक्री (ऑफर फॉर सेल) पर आधारित होगा। सूत्रों के अनुसार नॉन-लिस्टेड मार्केट में वैल्युएशन के आधार पर इस आईपीओ का साइज करीब 30,000 करोड़ रुपये रहने का अनुमान है। इस साइज के हिसाब से ये देश का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ हो सकता है। ये आईपीओ अक्टूबर 2024 में आए हुंदै मोटर इंडिया के 27,870 करोड़ रुपये के इश्यू के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ सकता है। आगे जानिए अब तक के सबसे बड़े आईपीओ कौन-से रहे हैं।
ये हैं अब तक के सबसे बड़े IPO
| 1 | हुंडई मोटर इंडिया | ₹27,870 करोड़ | 2024 | ऑटोमोबाइल |
| 2 | एलआईसी ऑफ इंडिया | ₹21,008 करोड़ | 2022 | बीमा |
| 3 | पेटीएम (वन97 कॉम.) | ₹18,300 करोड़ | 2021 | फिनटेक |
| 4 | टाटा कैपिटल | ₹15,512 करोड़ | 2025 | वित्त |
| 5 | कोल इंडिया | ₹15,199 करोड़ | 2010 | ऊर्जा/खनन |
| 6 | एचडीबी वित्तीय सेवाएँ | ₹12,500 करोड़ | 2025 | एनबीएफसी |
| 7 | रिलायंस पावर | ₹11,700 करोड़ | 2008 | शक्ति |
| 8 | एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया | ₹11,607 करोड़ | 2025 | इलेक्ट्रॉनिक्स |
| 9 | Swiggy | ₹11,327 करोड़ | 2024 | तकनीक/वितरण |
| 10 | जीआईसी री | ₹11,176 करोड़ | 2017 | बीमा |
14.89 करोड़ शेयर बेचे जाएंगे
दस्तावेज के मुताबिक, एनएसई का प्रस्तावित आईपीओ पूरी तरह बिक्री पेशकश पर आधारित होगा जिसमें मौजूदा शेयरधारक कुल 14.89 करोड़ शेयर बेचेंगे। इस इश्यू के जरिए शेयरधारक मिलकर एनएसई में अपनी करीब छह प्रतिशत हिस्सेदारी बेचेंगे।
प्रमुख हिस्सेदारी विक्रेताओं में भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) शामिल है, जो 2.48 करोड़ शेयर बेचेगा, जबकि एमएस स्ट्रैटेजिक (मॉरीशस) लिमिटेड 1.60 करोड़ शेयरों की बिक्री करेगा। एसबीआई की एनएसई में 3.23 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जबकि उसकी सब्सिडियरी एसबीआई कैपिटल मार्केट्स के पास 4.33 प्रतिशत हिस्सेदारी है। स्टॉक होल्डिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के पास 4.44 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
और कौन से हिस्सेदार बेचेंगे शेयर
अन्य प्रमुख विक्रेताओं में कनाडा पेंशन प्लान इन्वेस्टमेंट बोर्ड (1.19 करोड़ शेयर), अरांडा इन्वेस्टमेंट्स (मॉरीशस) प्रा. लि. (1.12 करोड़ शेयर), बैंक ऑफ बड़ौदा (1.10 करोड़ शेयर) और स्टॉक होल्डिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (1.09 करोड़ शेयर) शामिल हैं।
हालांकि एनएसई में सबसे अधिक 10.72 प्रतिशत की हिस्सेदारी रखने वाली कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) इस निर्गम में कोई शेयर नहीं बेचेगी।
एनएसई के बोर्ड ने कब दी थी मंजूरी?
एनएसई के निदेशक मंडल ने छह फरवरी को प्रस्तावित आईपीओ को मंजूरी दी थी। यह मंजूरी भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) मिलने के बाद दी गई थी। एनएसई की सूचीबद्धता की योजना लगभग एक दशक से विभिन्न नियामकीय कारणों, खासकर ‘को-लोकेशन’ विवाद की वजह से अटकी हुई थी।
जनवरी में सेबी द्वारा एनओसी दिए जाने के बाद आईपीओ प्रक्रिया को फिर से गति मिली। आईपीओ की तैयारी के तहत एनएसई ने 20 मर्चेंट बैंकर के अलावा कानूनी सलाहकारों और अन्य मध्यस्थों की नियुक्ति की है। गैर-सूचीबद्ध बाजार में एनएसई का मूल्यांकन पांच लाख करोड़ रुपये से अधिक आंका जा रहा है।
को-लोकेशन के चलते अटका IPO
एक्सचेंज के लगभग 1.8 लाख शेयरधारक हैं। एनएसई ने पहली बार 2016 में लगभग 10,000 करोड़ रुपये जुटाने के लिए आईपीओ दस्तावेज दाखिल किए थे, लेकिन सेबी ने कामकाज के संचालन और को-लोकेशन मामले से जुड़ी चिंताओं के कारण मंजूरी रोक दी थी। को-लोकेशन मामले में एनएसई ने जून, 2025 में सेबी के समक्ष निपटान आवेदन दायर किया था।
इस मामले में कुछ ब्रोकरों पर एक्सचेंज की ट्रेडिंग प्रणाली तक विशेष पहुंच प्राप्त करने का आरोप था। लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद एनएसई ने 2025 में मामले के निपटारे के लिए 1,388 करोड़ रुपये का भुगतान करने की पेशकश की थी, जिससे उसकी सूचीबद्धता की राह आसान हुई।
खबरें और भी
ये भी पढ़ें - HFCL को मिला RVNL से ₹2666 करोड़ का मेगा ऑर्डर, यूपी में बिछेगा 'भारतनेट' का जाल; शेयर पर रखें नजर
"शेयर से जुड़े अपने सवाल आप हमें business@jagrannewmedia.com पर भेज सकते हैं।"
(डिस्क्लेमर: यहां शेयर बाजार की जानकारी दी गयी है, निवेश की सलाह नहीं। जागरण बिजनेस निवेश की सलाह नहीं दे रहा है। स्टॉक मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है, इसलिए निवेश करने से पहले किसी सर्टिफाइड इन्वेस्टमेंट एडवाइजर से परामर्श जरूर करें।)