'हम घर पर हैं और अपना किला बचाएंगे', वर्ल्ड कप 2027 से पहले कगिसो रबाडा ने विरोधी टीमों को दी चेतावनी
साउथ अफ्रीका के तेज गेंदबाज कगिसो रबाडा का मानना है कि अगले साल होने वाले वनडे वर्ल्ड कप में जब उनकी टीम घरेलू मैदान पर खेलेगी, तो उन पर कोई अतिरिक्त ...और पढ़ें
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कगिसो रबाडा

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। साउथ अफ्रीका के तेज गेंदबाज कगिसो रबाडा का मानना है कि अगले साल होने वाले वनडे वर्ल्ड कप में जब उनकी टीम घरेलू मैदान पर खेलेगी, तो उन पर कोई अतिरिक्त दबाव नहीं होगा। साउथ अफ्रीका 2027 में जिम्बाब्वे और नामीबिया के साथ मिलकर वनडे वर्ल्ड कप की सह-मेजबानी करेगा। रबाडा इस टूर्नामेंट का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। उनका आत्मविश्वास साउथ अफ्रीका की उस टीम से बढ़ा है जिसने हाल के वर्षों में सभी फॉर्मेट में लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है।
अतिरिक्त दबाव नहीं होगा
टीम के बेहतर प्रदर्शन से प्रोटियाज (दक्षिण अफ्रीकी) से उम्मीदें बढ़ गई हैं, लेकिन रबाडा को भरोसा है कि जब अगले साल वर्ल्ड कप शुरू होगा, तो उन पर अतिरिक्त दबाव नहीं होगा। हाल ही में जोहान्सबर्ग में क्रिकेट वर्ल्ड कप 2027 के वेन्यू और ब्रांड की घोषणा के आधिकारिक कार्यक्रम में रबाडा ने ICC से कहा, "मुझे लगता है कि अभी हमारे लिए इसमें और भी बहुत कुछ है क्योंकि हम इसकी मेजबानी कर रहे हैं।"
अपने किले की रक्षा करने जा रहे
ICC के अनुसार, दाएं हाथ के तेज गेंदबाज ने कहा, "यह एक तरह से आजादी जैसा है। मुझे घर पर खेलने और जीतने के दबाव जैसा कुछ महसूस नहीं होता। ऐसा लगता है जैसे हम घर पर हैं और अपने किले की रक्षा करने जा रहे हैं। मेरे लिए इसका यही मतलब है। यह टीम का प्रतिनिधित्व करने के बारे में है।"
वसीम अकरम से ली प्रेरणा
रबाडा आज भी 1992 के क्रिकेट वर्ल्ड कप फाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ MCG में पाकिस्तान के महान खिलाड़ी वसीम अकरम के शानदार स्पेल से प्रेरणा लेते हैं। अकरम के मैच जिताऊ प्रदर्शन ने पाकिस्तान को मैच पलटने और अपना पहला वर्ल्ड कप खिताब जीतने में मदद की थी। रबाडा अब दक्षिण अफ्रीका के लिए भी ऐसा ही मैच जिताऊ प्रदर्शन करना चाहेंगे, जब वे 2027 में अपने देश में वर्ल्ड कप की मेजबानी करेंगे।
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रबाडा ने कहा, "वर्ल्ड कप का एक पल जिसे मैं कभी नहीं भूलूंगा। क्योंकि मैं एक बॉलर हूं, इसलिए मैं बॉलर्स की बात करूंगा, वह था इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल में वसीम अकरम का प्रदर्शन। उन्होंने जिस तरह से स्टंप्स उखाड़े, अपने देश के लिए जीत दिलाई और अपना जुनून और हुनर दिखाया, वह कमाल का था। वह तेज गेंदबाज थे, उनमें बहुत हुनर था। उनमें एक अलग ही ऊर्जा और मौजूदगी का एहसास होता था कि वह खेलने के लिए ही मैदान पर उतरे हैं।"