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    ताकि आपको मिले शुद्ध जल का अधिकार, दैनिक जागरण आ रहा है आपके द्वार

    By Manu TyagiEdited By: Abhishek Tiwari
    Updated: Mon, 05 Jan 2026 06:43 AM (IST)

    इंदौर घटना के बाद दूषित पानी का डर बढ़ा है, खासकर दिल्ली में जहां भूजल में यूरेनियम की मात्रा अधिक है। नीति आयोग की रिपोर्ट के अनुसार 2030 तक 40% आबाद ...और पढ़ें

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    HighLights

    1. अब भी दूषित पानी के संकट से जूझ रहा है विकसित देश बनने की ओर तेजी से बढ़ रहा भारत

    2. 11 राज्यों में 2500 रिपोर्टरों की टीम आपके घर तक पहुंचकर पीने के पानी की पड़ताल करेगी

    मनु त्यागी, नई दिल्ली। मैं जो पानी पी रहा हूं या पी रही हूं क्या वह स्वच्छ है? कहीं वह दूषित या जहरीला तो नहीं? एक दशक से स्वच्छता की मिसाल बने इंदौर में मल-मूत्र मिला पानी पीने के कारण मचे हाहाकार के बाद से देश के हर नागरिक के मन में पानी की शुद्धता को लेकर डर बैठ गया है। यह डर वाजिब भी है, क्योंकि विकसित देश बनने की और तेजी से बढ़ रहा भारत अब भी दूषित पानी के संकट से जूझ रहा है।

    लोगों को स्वच्छ पेयजल जैसी बुनियादी चीज भी मयस्सर नहीं है। इंदौर की तो यह सिर्फ एक घटना है। यहां तो बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, यहां तक कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में आए दिन दूषित पानी पीने से सैकड़ों लोग बीमार पड़ते हैं, लेकिन हर बार हर राज्य, जिला, शहर उस दूषित पानी की आपूर्ति की घटना को यह भुलाकर आगे बढ़ जाता है कि सरकार, प्रशासन, संबंधित जल विभाग अब इसमें कुछ सुधार करेगा।

    दिल्ली के पानी में सुरक्षित सीमा से अधिक है यूरेनियम की मात्रा

    नीति आयोग की रिपोर्ट वेताती है कि चार साल बाद यानी 2030 तक देश की देश की 40 प्रतिशत आबादी को स्वच्छ पानी नहीं मिल पाएगा। देश की राजधानी दिल्ली के भूजल का तो यह हाल है कि यहां पानी के 12.63 प्रतिशत नमूनों में यूरेनियम की मात्रा सीमा से कहीं अधिक है। दिल्ली निवासियों के मानसिक-शारीरिक स्वास्थ्य पर इसके दीर्घकालिक परिणाम बेहद भयावह हो सकते हैं। विशेषज्ञ के अनुसार यह स्थिति दिल्ली के लिए 'धीमा जहर' का रूप लेती जा रही है।

    पेयजल से जुड़ी चिंता के प्रति सजग है दैनिक जागरण

    दैनिक जागरण हमेशा ही जनहित की आवाज रहा है। यह लोगों की पेयजल से जुड़ी चिंता के प्रति सजग है। स्वच्छ समाज सरोकार के तहत 11 राज्यों में अपनी 2500 रिपोर्टरों की टीम के साथ यह आपके घर तक पहुंचकर पीने के पानी की पड़ताल करेगा। आपके स्वच्छ जल पीने के अधिकार को मजबूत कराने में भागीदारी निभाएगा। हर घर तक शुद्ध जल पहुंचने में जो दुश्वारियां हैं, उन्हें दूर कराने की कलम बनेगा।

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    सोसायटी, कॉलोनी और गांव, मोहल्ले तक पहुंचेगी टीम

    'हर बूंद हो स्वच्छ, हर घुट हो स्वच्छ' अभियान के तहत दैनिक जागरण की टीम आपकी सोसायटी, आपकी कॉलोनी, गांव, मोहल्ले यानी आपके द्वार तक पहुंचेगी। कहीं आपके पानी में तो नहीं घुल रहा जहर? क्या है पानी की स्वच्छता के मानक? क्या है आपके घर पहुंचने वाले पानी की शुद्धता, इसकी पड़ताल कर सच सामने रखेगी। इतना ही नहीं इस अभियान के माध्यम से हेलो जागरण, पाठक पैनल जैसे आयोजन भी किए जाएंगे।

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