दिल्ली बस दुष्कर्म कांड के बाद महिला सुरक्षा पर सवाल, पैनिक बटन और ट्रैकिंग सिस्टम के ऑडिट की मांग
दिल्ली में बस में नाबालिग से दुष्कर्म की घटना के बाद दिल्ली टैक्सी एंड टूरिस्ट ट्रांसपोर्टर एसोसिएशन ने पैनिक बटन और वाहन ट्रैकिंग सिस्टम की प्रभावशीलता पर सवाल उठाए हैं।

यूपी नंबर की इसी स्लीपर बस में नाबालिक के साथ हुआ था सामूहिक दुष्कर्म। जागरण
HighLights
नाबालिग से बस में दुष्कर्म के बाद सुरक्षा पर सवाल.
ट्रांसपोर्टरों ने पैनिक बटन व्यवस्था की प्रभावशीलता पर प्रश्न उठाए.
सरकार से स्वतंत्र तकनीकी व वित्तीय ऑडिट की मांग.
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। दिल्ली में 16 वर्षीय नाबालिग के साथ बस में हुई दुष्कर्म की घटना ने महिला सुरक्षा के सरकारी दावों की पोल खोल दी है।
इस जघन्य अपराध पर कड़ा एतराज जताते हुए दिल्ली टैक्सी एंड टूरिस्ट ट्रांसपोर्टर एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय सम्राट ने पैनिक बटन और वाहन लोकेशन ट्रैकिंग व्यवस्था की प्रभावशीलता पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
संजय सम्राट ने कहा कि सुरक्षा उपकरणों के नाम पर ट्रांसपोर्टरों से करोड़ों रुपये वसूले गए, लेकिन आपात स्थिति में पीड़िता को तुरंत पुलिस मदद न मिलना इस व्यवस्था की नाकामी दर्शाता है।
स्वतंत्र तकनीकी व वित्तीय ऑडिट कराने की मांग
उन्होंने केंद्र व दिल्ली सरकार से मांग की कि पैनिक बटन व्यवस्था का स्वतंत्र तकनीकी व वित्तीय आडिट कराया जाए। साथ ही, टूरिस्ट बसों में पर्दों के चालान को लेकर जारी भेदभावपूर्ण कार्रवाई रोकने और सभी बसों के लिए समान नियम लागू करने की अपील की।
अध्यक्ष ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने ट्रांसपोर्टरों के साथ तत्काल बैठक कर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा नहीं की, तो एसोसिएशन जंतर-मंतर पर बड़ा प्रदर्शन करेगी।
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