Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 10, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    विदेश में छिपे कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा के शूटरों ने की थी सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या, चंडीगढ़ से तीन गिरफ्तार

    By Jagran NewsEdited By: Abhishek Tiwari
    Updated: Sun, 10 Dec 2023 02:20 PM (IST)

    विदेश में छिपे राजस्थान के कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा ने अपने शूटरों के जरिये गोगामेड़ी की हत्या कराई। 2017 में राजस्थान पुलिस की क्राइम ब्रांच द्व ...और पढ़ें

    गोगामेड़ी हत्याकांड मामले में दो शूटर समेत तीन आरोपी चंडीगढ़ से गिरफ्तार (Photo- ANI)
    गोगामेड़ी हत्याकांड मामले में दो शूटर समेत तीन आरोपी चंडीगढ़ से गिरफ्तार (Photo- ANI)

    HighLights

    1. दिल्ली पुलिस ने दोनों शूटर समेत इन्हें भगाने वाले एक शख्स को चंडीगढ़ के कमल रिसार्ट से दबोचा
    2. जयपुर में राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष थे सुखदेव सिंह गोगामेड़ी
    3. कुख्यात गैंगस्टर गोल्डी बराड़-लारेंस गिरोह से जुड़ा है रोहित गोदारा

    जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। जयपुर में राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या के मामले में दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने दो शूटर समेत उन्हें भगाने व अन्य सुविधाएं मुहैया कराने वाले एक शख्स को गिरफ्तार कर लिया है।

    गोल्डी बराड़-लारेंस गिरोह से जुड़ा है रोहित गोदारा

    विदेश में छिपे राजस्थान के कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा ने अपने शूटरों के जरिये गोगामेड़ी की हत्या कराई। 2017 में राजस्थान पुलिस की क्राइम ब्रांच द्वारा मुठभेड़ में कुख्यात गैंगस्टर आनंद पाल सिंह की हत्या करने के कुछ समय बाद से आनंदपाल की बेटी चरणजीत सिंह उर्फ चीनू ने रोहित गोदारा के साथ मिलकर गोगामेड़ी की हत्या करने की साजिश रचनी शुरू कर दी थी, लेकिन पीएसओ रखने के कारण रोहित गोदारा साजिश में कामयाब नहीं हो पा रहा था।

    कई साजिश नाकाम हो जाने पर अंत में गोदारा ने दोनों शूटरों के जरिये पहले गोगामेड़ी के खास करीबी नवीन शेखावत से दोस्ती की और उसके बाद उन्होंने नवीन शेखावत के जरिए गोगामेड़ी से उनके घर पर जाकर मुलाकात करने का नाटक कर उनकी गोली मारकर हत्या कर दी।

    विशेष आयुक्त, क्राइम ब्रांच, रवींद्र सिंह यादव के मुताबिक गिरफ्तार किए गए शूटरों के नाम रोहित राठौड़ व नितिन फौजी व उन्हें भगाने व अन्य सुविधाएं मुहैया कराने वाले शख्स का नाम उधम सिंह है। रोहित राठौड़, मकराना, राजस्थान का रहने वाला है। यह रोहित गोदारा का पुराना शूटर है। उसका जयपुर में एक 16 साल की युवती से अफेयर था।

    खबरें और भी

    गोगामेड़ी को इस बात की जानकारी मिलने पर उन्होंने करीब चार साल पूर्व युवती से जयपुर पुलिस में शिकायत करवा दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज करवा दिया था। जिससे उसे कई साल तक जेल में रहना पड़ा था।

    जेल से बाहर निकलने के बाद रोहित राठौड़, गोगामेड़ी से बदला लेना चाह रहा था। नितिन फौजी महेंद्रगढ़ जिले का रहने वाला है। उधम सिंह, हिसार का रहने वाला है। करीब चार साल पहले उधम सिंह ने नितिन फौजी के साथ आर्मी की ट्रेनिंग साथ की थी। जिससे दोनों में दोस्ती हो गई थी।

    पुलिस सूत्रों की मानें तो गोगामेड़ी की हत्या के पीछे काफी लंबी कहानी है। पहले जयपुर में आनंद पास सिंह राजपूत समाज में गहरी पैठ रखते थे। उसके काफी फालोअर्स थे। 2017 में राजस्थान क्राइम ब्रांच की टीम ने उसे मुठभेड़ में मार गिराया था। इसके बाद सुखदेव सिंह गोगामेड़ी ने राजपत समाज को भड़का का काफी समय तक आंदोलन किया था और फर्जी मुठभेड़ में आनंद पाल सिंह के मारे जाने की बात कह सरकार से सीबीआइ जांच कराने की मांग की थी।

    रोहित गोदारा कर रहा था हत्या की साजिश

    पुलिस का कहना है कि आंदोलन के बहाने गोगामेड़ी ने राजपूत समाज से करोड़ों रुपये इकट्ठा करने के बाद मामले से पीछे हट गए थे। इसके बाद आनंद पाल सिंह की बेटी चरणजीत सिंह ने रोहित गोदारा से मिलकर आंदोलन को जारी रखने का बीरा उठाया। कुछ समय बाद रोहित गोदारा ने गोगामेड़ी की हत्या करने की साजिश रचनी शूरू कर दी थी।

    पिछले साल रोहित गोदारा का राजस्थान के सीकर के रहने वाले गैंगस्टर राजू ठेहट से वर्चस्व को लेकर झगड़ा होने पर उसने अपने गिरोह के पांच छह बदमाशों के साथ मिलकर राजू ठेहट को उसके घर के पास ही गोलियाें से भून डाला था। राजू ठेहट की आनंदपाल सिंह गिरोह और बिश्नोई गिरोह से रंजिश चल रही थी।

    लारेंस व रोहित गोदारा ने ली थी हत्याकांड की जिम्मेदारी

    हत्या के तुरंत बाद लारेंस व रोहित गोदारा ने हत्याकांड की जिम्मेदारी ली थी। इस मामले में स्थानीय पुलिस ने पांच बदमाशों को गिरफ्तार लिया था।

    शूटरों को गिरफ्तार होते देख रोहित गोदारा देश छोड़ पहले कनाडा भाग गया और अब उसके यूरोप में होने की बात बताई जा रही है। विदेश से ही गोल्डी बराड़ के साथ साजिश रच रोहित गोदारा ने गोगामेड़ी की हत्या करवा दी।

    हत्या के लिए रचनी पड़ी गहरी साजिश

    कई तरह की साजिश में नाकाम होने पर गोल्डी व गोदारा ने कुछ लोगों के जरिए पहले रोहित राठौड़ व नितिन फौजी के जरिये, गोगामेड़ी के बहुत करीबी नवीन शेखावत से परिचय कराया। दोनों कुछ समय तक लगातार नवीन के संपर्क में रहकर उसका विश्वास जीत लिया।

    इसके बाद दोनों ने नवीन को गोगामेड़ी से मीटिंग कराने का अनुरोध किया। नवीन इसके लिए तैयार हो गया। पांच दिसंबर की शाम नवीन के साथ रोहित राठौड़ व नितिन फौजी, सुखदेव सिंह गोगामेड़ी से मिलने उनके जयपुर, श्याम नगर स्थित घर आए। तीनों एक हाल में आकर बैठ गए।

    गोगामेड़ी को मारी गई थीं छह गोलियां

    कुछ समय बाद जैसे ही उनके सामने गोगामेड़ी आए दोनों शूटरों ने पिस्टल निकाल उनपर गोलियां चलानी शुरू कर दी। यह देखकर नितिन हैरान रह गया।

    उन्होंने जब दोनों को रोकने की कोशिश की तब दोनों ने नितिन को भी कई गोलियां मार कमरे में ही ढ़ेर कर दिया। गोगामेड़ी को छह गोलियां मारी गई। नवीन व गोगामेड़ी की कमरे में ही मौत हो गई। वारदात के बाद दोनों शूटर मौके से भाग गए।

    घटना के समय कोठी पर नहीं था गोगामेड़ी का कोई सुरक्षा गार्ड

    शूटरों ने पांच दिसंबर को वारदात को अंजाम देने से पहले कई बार गोगामेड़ी की कोठी की रेकी कर ली थी। उन्होंने यह पता लगा लिया था कि पांच दिसंबर मंगलवार के दिन गोगामेड़ी के शूटर नहीं रहेंगे तब उन्होेंने उसी दिन मीटिंग रखी और वारदात को अंजाम दिया।

    गोगामेड़ी को पहले से आशंका थी कि लारेंस व गोदारा गिरोह उनकी हत्या कराने के फिराक में है इसलिए उन्होंने पुलिस अधिकारी से अनुरोध कर सरकारी सुरक्षा गार्ड ले लिया था।

    तीन पुलिसकर्मी उनके साथ रहते थे। राजस्थान में चुनाव के दौरान सरकार ने पुलिसकर्मियों की कमी के कारण गोगामेड़ी की सुरक्षा वापस ले ली थी। उसके बाद गोगामेड़ी ने सात निजी सुरक्षा गार्ड रख लिया था।

    Also Read-