बिहार में दलबदलुओं और बागियों का क्या हुआ, 151 को मिला था टिकट; कितने जीते?
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में जनता ने दलबदलू और बागी नेताओं को करारा झटका दिया है। विभिन्न गठबंधनों से चुनाव लड़ने वाले 151 प्रत्याशियों में से ज्याद ...और पढ़ें

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के नतीजे 14 नवंबर को जारी कर दिए गए हैं। बिहार की जनता ने एनडीए का प्रचंड बहुमत दिया और महागठबंधन का महज 33 सीटों पर सीमित कर दिया है, जबकि थर्ड फ्रंट को सिरे से नकार दिया है। बिहार विधानसभा चुनाव में कितने दल-बदलू और बागी नेता जीतकर विधानसभा पहुंचे?
आइए हम आपको बताते हैं..
बिहार चुनाव परिणाम में कई मजेदार फैक्टर देखने को मिले हैं। उन्हीं में से एक यह है कि विधानसभा चुनाव एनडीए, महागठबंधन और जन सुराज में शामिल हुए दल-बदलुओं में से 151 को टिकट दिया गया था इनमें से केवल 8 प्रत्याशी विधानसभा के लिए चुने गए हैं, जबकि 10 दूसरे नंबर पर रहे हैं।
वे दल-बदलू और बागी नेता जो जीते
1. भारती बिंद : भभुआ विधानसभा सीट से भारती बिंद भाजपा के टिकट पर जीतकर विधानसभा पहुंचे हैं। साल 2020 के विधानसभा चुनाव में भारती बिंद राजद से भभुआ सीट से चुने गए थे, लेकिन इस बार चुनाव से पहले उन्होंने राजद को छोड़कर भाजपा का दामन थाम लिया था। राजद की बागी भाजपा के टिकट पर विजयी हो गईं।
2. संगीता कुमारी : मोहनिया विधानसभा सीट से राजद की बागी संगीता कुमार भाजपा के टिकट पर विजयी हुई हैं। साल 2020 के चुनाव में संगीता राजद के टिकट पर विजयी हुई थीं।
3. सिद्धार्थ सौरभ: एक महीने पहले भाजपा में शामिल हुए कांग्रेस विधायक सिद्धार्थ सौरभ विक्रम विधानसभा सीट से भाजपा के टिकट पर जीते हैं।
4. श्याम रजक: राजद के बागी नेता श्याम रजक फुलवारीशरीफ विधानसभा सीट से जदयू के टिकट पर विधायक चुने गए हैं। श्याम रजक जदयू से राजद और फिर राजद से जदयू में लौटे हैं। चुनाव प्रचार के दौरान वे दल-बदल यात्रा को लेकर विधानसभा क्षेत्र में खासा चर्चित रहे।
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5. मुरारी गौतम: चेनारी विधानसभा सीट से लोजपा-आर के टिकट पर विधायक चुने गए मुरारी गौतम पहले कांग्रेस के विधायक थे। बाद में पाला बदलकर लोजपा-आर का दामन थाम लिया।
6. चेतन आनंद : नबीनगर से जदयू टिकट से जीते चेतन आनंद राजद के बागी हैं। पिछले चुनाव में वह राजद के टिकट से शिवहर से चुने गए थे।
7. कमरुल होदा: किशनगंज सीट से कांग्रेस के टिकट पर कमरुल होदा विधायक चुने गए हैं। पहले वह राजद में थे, लेकिन चुनाव से पहले कांग्रेस में शामिल हो गए।
8. कृष्ण कुमार पिंटू: सीतामढ़ी विधानसभा सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव जीते कृष्ण कुमार पिंटू पहले जदयू में थे। कृष्ण कुमार पिंटू की यह सबसे बड़ी जीत मानी जा रही है।
बता दें कि भाजपा छोड़ कांग्रेस में शामिल हुई सावित्री देवी, इंद्रदीप चंद्रवंशी, लोजपा-आर छोड़कर कांग्रेस का हाथ पकड़ने वाले मिथिलेष निषाद, राजद छोड़ लोजपा-आर में शामिल हुए सुनील यादव समेत 143 दल-बदलू और बागी नेताओं को जनता बाहर का रास्ता दिखा दिया।