यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 16, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Assembly Poll 2023: मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में भाजपा-कांग्रेस की अग्निपरीक्षा, मतदाता आज चुनेंगे सरकार
मध्य प्रदेश की सभी 230 व छत्तीसगढ़ की शेष 70 सीटों पर शुक्रवार को मतदान होगा। छत्तीसगढ़ में पहले चरण में 20 सीटों पर सात नवंबर को मतदान हो चुका है। ती ...और पढ़ें

जागरण टीम, नई दिल्ली। मध्य प्रदेश की सभी 230 व छत्तीसगढ़ की शेष 70 सीटों पर शुक्रवार को मतदान होगा। छत्तीसगढ़ में पहले चरण में 20 सीटों पर सात नवंबर को मतदान हो चुका है। तीन दिसंबर को मतगणना होगी।
मतदाताओं के सामने पुराने चेहरे!
बीते पांच वर्ष में दो सरकारें देख चुके मध्य प्रदेश में नई सरकार चुनने के लिए मतदाताओं के सामने पुराने ही यानी एक बार फिर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के चेहरे सामने हैं। मतदाताओं ने 15 महीने की कमलनाथ सरकार देखी और साढ़े तीन वर्ष की शिवराज सरकार।
17 नवंबर को मतदाता दोनों के कामकाज की तुलना कर अपना मत देंगे। यह चुनाव जहां कमलनाथ और दिग्विजय सिंह जैसे कांग्रेस के बड़े नेताओं का भविष्य तय करेगा तो तीन केंद्रीय मंत्रियों और चार भाजपा सांसदों के राजनीतिक भविष्य के लिए भी अहम होगा। ज्योतिरादित्य सिंधिया और उनके समर्थकों द्वारा बगावत कर कमलनाथ सरकार गिराने का निर्णय सही था, या गलत, यह भी जनता तय करेगी।
मैदान में कुछ कितने प्रत्याशी?
राज्य में 2,280 पुरुष, 252 महिला और एक थर्ड जेंडर प्रत्याशी मैदान में है। भाजपा और कांग्रेस के उम्मीदवार सभी 230 सीटों पर चुनाव लड़ रहे हैं। बसपा के 181, सपा के 71, आप के 66 और 1,166 निर्दलीय प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। 2018 के चुनाव में कांग्रेस को 114, भाजपा को 109, बसपा को दो, सपा को एक और चार निर्दलियों को जीत मिली थी। 75.63 प्रतिशत मतदाताओं ने मतदान किया था।
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छत्तीसगढ़ की 70 सीटों पर होगा मतदान
छत्तीसगढ़ में पांचवें विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में प्रदेश की 90 में से 70 सीटों के लिए मतदान होगा। इसके लिए 827 पुरुष, 130 महिला और एक थर्ड जेंडर प्रत्याशी मैदान में है। यहां मुख्य मुकाबला कांग्रेस और भाजपा के बीच ही है। वर्तमान में कांग्रेस के 71, भाजपा के 13, बसपा के दो, जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के तीन विधायक हैं।
वैशाली नगर से भाजपा विधायक विद्यारतन भसीन के निधन के बाद से यह सीट रिक्त है। यहां भाजपा ने भूपेश सरकार को जहां कथित रूप से बड़े स्तर पर किए गए भ्रष्टाचार, विभिन्न घोटालों और महादेव ऑनलाइन सट्टा एप पर घेरा, वहीं कांग्रेस ने ईडी की कार्रवाई को लेकर केंद्र पर निशाना साधा।