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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 21, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Lok Sabha Election 2024: 'महंगाई व बेरोजगारी अहम, देश में कहीं विकास नहीं', पढ़ें महाबल मिश्रा का पूरा इंटरव्यू

    Updated: Tue, 21 May 2024 12:27 PM (IST)

    Lok Sabha Election 2024 आम आदमी पार्टी ने पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट से महाबल मिश्रा को अपना प्रत्याशी बनाया है। यहां उनका मुकाबला भाजपा प्रत्याशी कमलज ...और पढ़ें

    लोकसभा चुनाव 2024: आप प्रत्याशी महाबल मिश्रा।
    लोकसभा चुनाव 2024: आप प्रत्याशी महाबल मिश्रा।

    अभी तक कांग्रेस के टिकट पर पश्चिमी दिल्ली संसदीय क्षेत्र से तीन बार चुनाव लड़ चुके महाबल मिश्रा इस बार आप के टिकट पर किस्मत आजमा रहे हैं। महाबल ने भले कांग्रेस का हाथ छोड़कर आप का दामन थाम लिया, लेकिन लोकसभा चुनाव में इस बार आप व कांग्रेस ने आपस में हाथ मिला लिया है।

    महाबल इस सीट से लड़ने वाले इकलौते ऐसे प्रत्याशी हैं जो इस सीट के गठन से लगातार चुनाव लड़ रहे हैं। सीट के गठन के बाद हुए पहले चुनाव में इन्हें जनता ने विजयी बनाया था।

    इस बार जनता ने इनके लिए क्या सोचा है, यह चुनाव परिणाम आने के बाद ही पता चलेगा। चुनाव व प्रचार से जुड़े तमाम मुद्दों पर हमारे संवाददाता गौतम कुमार मिश्रा ने इनसे बातचीत की। प्रस्तुत है बातचीत के प्रमुख अंश...

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    सवाल: आप किन-किन मुद्दों पर यह चुनाव लड़ रहे हैं?

    जवाब: कई मुद्दे हैं, लेकिन महंगाई सबसे बड़ा मुद्दा है। महंगाई को लेकर क्षेत्र की जनता में जबरदस्त आक्रोश है। पेट्रोल-डीजल से लेकर सरसों तेल, दाल हर चीज महंगी है। जनता रोजमर्रा से जुड़ी कीमतों में पिछले एक दशक में आए जबरदस्त उछाल की तुलना उसके पीछे के समय से कर रही है। बेरोजगारी एक बड़ा मसला है। देश में कहीं विकास नहीं हो रहा है। स्थानीय स्तर पर काफी सारे मुद्दे हैं, जो शिक्षा, स्वास्थ्य, परिवहन व अन्य क्षेत्रों से जुड़े हैं।

    सवाल: आप कह रहे हैं विकास नहीं हो रहा है, जबकि भारतीय जनता पार्टी कह रही है कि देश में जबरदस्त विकास हुआ है।

    जवाब: अगर विकास हुआ है तो विकास ही चुनावी मुद्दा होना चाहिए न, लेकिन इस बार अगर आप प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के भाषणों को देखेंगे तो विकास की बात ही नहीं करते हैं। उनके भाषण में हिंदू- मुस्लिम अधिक होता है। हकीकत यह है कि प्रधानमंत्री का सामाजिक समरसता से कोई वास्ता ही नहीं है।

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    भाजपा के प्रचार में आपको एक गीत सुनाई देगा, जो राम को लाए हैं, हम उनको लाएंगे। आप ही बताइए कि मर्यादा पुरुषोत्तम को क्या कोई ला सकता है। इसी तरह प्रधानमंत्री के भाषणों में किसानों से जुड़े मसलों पर बात ही नहीं होती।

    सवाल: इस बार आप और कांग्रेस एक साथ मिलकर चुनाव लड़ रही है। चुनाव प्रचार के दौरान कांग्रेस का कितना समर्थन मिल रहा है। क्या दोनों दलों के कार्यकर्ताओं में किसी बात को लेकर कोई विरोधाभास है?

    जवाब: देखिए, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी की विचारधारा एक ही है, बल्कि कांग्रेस और आप की ही नहीं, पूरी आईएनडीआईए गठबंधन की विचारधारा एक है। हम सभी सर्वजन हिताय सर्वजन सुखाय की बात करते हैं। इसलिए किसी भी बात पर विरोधाभास की स्थिति तो बन ही नहीं सकती। रही बात कांग्रेस कार्यकर्ताओं के समर्थन की तो हमें कांग्रेस के कार्यकर्ताओं का 100 प्रतिशत समर्थन और सहयोग मिल रहा है।

    सवाल: क्षेत्र के लोगों के बीच आप जब जाते हैं तो आप किन किन स्थानीय मुद्दों पर बात करते हैं। उन मुद्दों पर आपकी क्या योजना है?

    जवाब: क्षेत्र के विस्तार और कॉलेजों की कम संख्या को देखते हुए पश्चिमी दिल्ली में पश्चिमी कैंपस का निर्माण किया जाना बहुत आवश्यक है। अभी क्षेत्र के युवाओं को पढ़ाई के लिए नार्थ या साउथ कैंपस का रुख करना पड़ता है। पश्चिमी कैंपस इस मजबूरी से निजात दिलाएगा।

    युवाओं के लिए हम लोगों ने जगह-जगह स्किल सेंटर खोलने की योजना बनाई है ताकि प्रशिक्षण के बाद रोजगार में मिलने में आसानी हो। मेट्रो का नेटवर्क बढ़ाना जरूरी है। हम ढांसा, नांगलोई तक मेट्रो लेकर जाएंगे। साथ जयपुर जाने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग को भी मेट्रो से जोड़ेंगे।

    पार्किंग की समस्या के समाधान के लिए जगह-जगह पार्किंग स्थल बनाए जाएंगे। डीडीए की लैंड पूलिंग पॉलिसी अमल में लाई जाएगी। अभी अनियोजित कालोनियों में लोगों को बिजली के कनेक्शन मिलने में परेशानी होती है, इसे हम दूर करेंगे।

    सवाल: इस बार आपका मुकाबला कमलजीत सहरावत से हैं। प्रतिद्वंद्वी के तौर पर आप उन्हें कितना मजबूत पाते हैं?

    जवाब: मैं ज्यादा नहीं कहूंगा, लेकिन इतना जरूर कहूंगा कि वो स्वयं नहीं लड़ रही है। वह पीएम मोदी का नाम लेकर चुनाव लड़ रही हैं। मैं अपने काम का सहारा लेता हूं। मेरा पिछला काम जनता जानती है। उन्हें अभी काफी कुछ सीखना है। मेरे पास अनुभव है।

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