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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 12, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Rajasthan: 'जब मुखिया ही चोर हो तो ...', अपनी ही सरकार और CM के खिलाफ बागी हो रहे कांग्रेस के मंत्री व विधायक

    By Jagran NewsEdited By: Devshanker Chovdhary
    Updated: Tue, 12 Sep 2023 05:55 PM (IST)

    राजस्थान की कांग्रेस सरकार के मंत्री और विधायक खुलकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और उनकी सरकार की सार्वजनिक रूप से आलोचना कर रहे हैं। लंबे समय से प्रदेश के ...और पढ़ें

    अपनी ही सरकार और सीएम के खिलाफ बागी हो रहे कांग्रेस के मंत्री व विधायक।
    अपनी ही सरकार और सीएम के खिलाफ बागी हो रहे कांग्रेस के मंत्री व विधायक।

    जागरण संवाददाता, जयपुर। राजस्थान की कांग्रेस सरकार के मंत्री और विधायक खुलकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और उनकी सरकार की सार्वजनिक रूप से आलोचना कर रहे हैं। आलोचना करने वालों में पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट खेमे की बगावत के समय सीएम गहलोत का समर्थन करने वाले मंत्रियों व विधायकों की संख्या ज्यादा है। पायलट खेमा फिलहाल शांत है।

    कांग्रेस विधायक ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा

    लंबे समय से प्रदेश के खनन मंत्री प्रमोद जैन भाया पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए उन्हे मंत्रिमंडल से बर्खास्त करने की मांग कर रहे कांग्रेस के विधायक भरत सिंह ने अब सीएम के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। भरत सिंह पिछले कई दिनों से सीएम की मंगलवार को होने वाली कोटा यात्रा के दौरान विरोध प्रदर्शन करने की बात कह रहे थे, लेकिन अब उन्होंने किसी का नाम लिए बिना कहा, जब मुखिया ही चोर हो तो स्वाभाविक है कि वहां चोर ही बसते होंगे।

    उन्होंने कहा, मैं सत्य के लिए हमेशा बोलूंगा, चाहे चुनाव नहीं लडूं। भरत सिंह कोटा के कुंदनपुर में आयोजित समारोह में बोल रहे थे। प्रदेश की कानून व्यवस्था की चर्चा करते हुए भरत सिंह गृह मंत्री के नाते सीएम पर कई बार निशाना साध चुके हैं।

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    सीएम गहलोत और राज्यमंत्री के बीच विवाद

    सोमवार को जयपुर में कांग्रेस चुनाव अभियान समिति की बैठक में गहलोत और खेल राज्यमंत्री अशोक चांदना के बीच विवाद हुआ। गहलोत ने चांदना को बूंदी में बिजली विभाग के कार्यालय पर धरना देने को लेकर डांटा। इस पर चांदना ने कहा, मैं मंत्री होकर बिजली का ट्रांसफार्मर नहीं लगवा सकता, तो फिर किस काम का मंत्री। वापस ले लो मंत्री पद। मामला बढ़ता देख बैठक में मौजूद विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी ने हस्तक्षेप कर चांदना को शांत करवाया। चांदना ने पिछले साल सीएम के प्रमुख सचिव कुलदीप रांका पर उनके विभाग में दखल देने का आरोप लगाया था।

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    विधायक बोले- मुझे टिकट नहीं दिया तो कोई नहीं जीतेगा

    विधायक अमिन खान ने दो दिन पहले बाड़मेर में कहा कि विधानासभा चुनाव में मुझे टिकट नहीं दी, तो कांग्रेस 40 हजार वोट से हारेगी। अमिन खान ने कहा कि अगर मेरे अतिरिक्त कोई अन्य मुसलमान शिव विधानसभा सीट से जीतकर दिखाए तो मैं उसे एक लाख रूपये इनाम दूंगा।

    दरअसल, गहलोत खेमे के नेता अमिन खान का टिकट काटकर जिला कांग्रेस के अध्यक्ष फतेह खान को चुनाव लड़वाना चाहते हैं। इससे अमिन खान नाराज हैं। कांग्रेस विधायक मेवाराम जैन ने पानी व बिजली के मुददे पर 15 सितंबर से बाड़मेर में धरना देने की घोषणा कर रखी है।

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    इससे पहले विधायक रामनारायण मीणा ने मीडिया से कहा था कि यह सच है कुछ मंत्री भ्रष्टाचार में डूबे हुए हैं। अब यह मुख्यमंत्री की कमजोरी या मजबूरी है कि वे ऐसे मंत्रियों को नहीं हटा पा रहे हैं। लाल डायरी और महिला अत्याचार के मामले में सरकार को घेरने पर राजेंद्र गुढ़ा को मंत्रिमंडल से बर्खास्त किया जा चुका है। विधायक दिव्या मदेरणा पिछले चार साल से विभिन्न मुददों पर सरकार पर निशाना साधती रही हैं।