Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    Shreyas Talpade और आलोक नाथ के खिलाफ दर्ज हुई FIR, यूपी के बागपत से जुड़ा है मामला

    Updated: Fri, 24 Oct 2025 02:08 PM (IST)

    उत्तर प्रदेश के बागपत में दर्ज एक धोखाधड़ी के मामले में बॉलीवुड अभिनेता श्रेयस तलपड़े (Shreyas Talpade) और आलोक नाथ सहित 24 लोग आरोपी हैं। एक स्थानीय ...और पढ़ें

    यूपी के बागपत में श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ के खिलाफ FIR (फोटो-इंस्टाग्राम)

    यूपी के बागपत में श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ के खिलाफ FIR (फोटो-इंस्टाग्राम)

    एंटरटेनमेंट डेस्क, नई दिल्ली। बॉलीवुड अभिनेता श्रेयस तलपड़े (Shreyas Talpade) और आलोक नाथ पर कथित तौर पर धोखाधड़ी और विश्वासघात का मामला दर्ज किया गया है। वे उन 22 अन्य लोगों में शामिल हैं जिनके खिलाफ हरियाणा के सोनीपत जिले के मुरथल पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज की गई है। मामले में आरोप लगाया गया है कि आरोपी लोनी अर्बन मल्टी-स्टेट क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट कोऑपरेटिव सोसाइटी में निवेश के नाम पर धोखाधड़ी में शामिल थे।

    एक्टर संग 22 अन्य के खिलाफ केस

    एएनआई ने बताया कि धोखाधड़ी और ठगी का मामला 22 जनवरी को दर्ज किया गया था। आरोप है कि जिले के 500 से ज्यादा लोगों से 5 करोड़ रुपये की ठगी की गई। इसके तहत उन्हें लोनी अर्बन मल्टी-स्टेट क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट कोऑपरेटिव सोसाइटी में निवेश करने पर पांच साल में पैसा दोगुना करने का वादा किया गया था। जब एक साल तक उन्हें पैसा नहीं मिला, तो एजेंटों ने 22 आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कराया। श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ दोनों ही इस सोसाइटी के ब्रांड एंबेसडर हैं और इस तरह वे भी इस मामले में फंस गए।

    Shreyash (1)

    यह भी पढ़ें- घर में साड़ी पहनकर बेड पर बैठा मिला पौने चार करोड़ की ठगी का आरोपी, पुलिस को तीन दिन तक करनी पड़ी रेकी

    बागपत की एक महिला ने की शिकायत

    रिपोर्ट्स के अनुसार, उत्तर प्रदेश के बागपत निवासी बबली नाम की एक महिला ने शिकायत दर्ज कराई है। उसने बताया कि बिजरौल गांव का एक युवक जो एक सेल्फ हेल्प ग्रुप और लोनी अर्बन मल्टी-स्टेट क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट कोऑपरेटिव सोसाइटी से जुड़ा है, उसके गांव आया था। यह सोसाइटी भारत सरकार के कृषि मंत्रालय और सहकारिता मंत्रालय में पंजीकृत है।

    कंपनी के ब्रांड एंबेसडर हैं श्रेयस

    रिपोर्ट्स के अनुसार, ग्रामीणों से भारी मात्रा में धन इकट्ठा करने के बाद, कंपनी ने अचानक अपना काम बंद कर दिया और इसके पीछे के लोग गायब हो गए। ग्रामीण जो इससे तुरंत आर्थिक लाभ की उम्मीद कर रहे थे, उनके हाथ कुछ नहीं लगा। श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ सहकारी समिति से ब्रांड एंबेसडर के रूप में जुड़े थे इस वजह से 22 अन्य लोगों के साथ वो भी कथित जांच के घेरे में आ गए हैं।

    यह मामला कुछ समय से चल रहा है। इस साल जुलाई में, सुप्रीम कोर्ट ने एक अंतरिम आदेश जारी किया, जिसमें श्रेयस तलपड़े को जांच जारी रहने तक गिरफ्तारी से सुरक्षा प्रदान की गई थी।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें- दिल्ली में साइबर ठगों का आतंक, फर्जी GST आईडी से 70 करोड़ रुपये की ठगी