यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 18, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Zeenat Aman Birthday: दो बार शादी, फिर भी नहीं मिला सुख..., राज कपूर की फिल्म के लिए 'देहाती' बन गई थीं जीनत
Zeenat Aman Birthday Specia हिंदी सिनेमा की सदाबहार अभिनेत्री जीनत अमान की जिंदगी के पन्ने बहुत दिलचस्प रहे। फिल्में हों या फिर पर्सनल लाइफ जीनत अमान ...और पढ़ें

HighLights
- हलचल नहीं, ये थी जीनत अमान की पहली फिल्म
- जीनत के 'अमान' सरनेम के पीछे है दिलचस्प कहानी
- जीनत मिस फेमिना इंडिया की रह चुकी हैं रनर-अप
एंटरटेनमेंट डेस्क, नई दिल्ली। Zeenat Aman Lesser Known Facts: जीनत अमान अपने जमाने की उम्दा अभिनेत्रियों में से एक रही हैं। एक्टिंग से लेकर बोल्डनेस तक, जीनत अमान का कोई जवाब नहीं था। वह 70 से 80 दशक की सबसे चर्चित अभिनेत्री थीं, जिनके किस्से हेडलाइंस में छाए रहते थे। जीनत अमान की जिंदगी यूं तो खुली किताब थी, लेकिन कुछ बातों से आप पक्का अनजान होंगे।
इस आर्टिकल में हम आपको जीनत अमान की पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ के कुछ अनजाने किस्सों के बारे में बताने जा रहे हैं।
क्यों जीनत ने यूज किया 'अमान' सरनेम
19 नवंबर 1951 को मुंबई में जन्मीं जीनत अमान की मां वर्धनी हिंदू थीं, वहीं पिता अमनुल्लाह खान एक मुस्लिम थे। जीनत के पिता हिंदी सिनेमा के मशहूर स्क्रीनराइटर थे, जिन्होंने 'मुगल-ए-आजम' और 'पाकीज़ा' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्में लिखी हैं। वह स्क्रीनराइटिंग हमेशा 'अमान' नाम से लिखते थे, इसलिए जीनत ने भी अपना सरनेम खान की बजाय 'अमान' लिखना शुरू कर दिया और इसी नाम से मशहूर हो गईं।
पढ़ाई मुकम्मल नहीं कर पाई थीं जीनत अमान
जीनत अमान ने अपने पिता को 13 साल की उम्र में हमेशा के लिए खो दिया था। जब वह छोटी थीं, तब उनके माता-पिता का भी तलाक हो गया था। पंचगनी में स्कूलिंग करने के बाद जीनत आगे की पढ़ाई करने के लिए लॉस एंजिलिस गईं, लेकिन अपना ग्रेजुएशन पूरा नहीं कर पाईं। इसके बाद उन्होंने भारत वापसी की और एंटरटेनमेंट की दुनिया में कदम रखा।
यह भी पढ़ें- जब ग्लैमर का असली सच जान Zeenat Aman के पैरों तले खिसक गई थी जमीन, बताया- फर्स्ट टाइम सेट पर जाने का अनुभव
ब्यूटी पेजेंट की विनर रहीं जीनत अमान
फिल्मों से पहले जीनत अमान का मॉडलिंग की दुनिया में सिक्का चलता था। वह फेमिना मिस इंडिया प्रतियोगिता की दूसरी उपविजेता रहीं, जिसके बाद उन्होंने 1970 में मिस आइसा पैसिफिक का खिताब जीता। वह यह खिताब पाने वाली पहली दक्षिण एशियाई महिला हैं।
खबरें और भी
इस फिल्म ने जीनत को बनाया स्टार
क्या आप जानते हैं कि जीनत अमान ने अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत हिंदी नहीं, बल्कि इंडो-फिलिपीनो ड्रामा से की थी। जी हां, वह फिलिपीना डायरेक्टर लंबेर्टो वी. एवेलाना के निर्देशन में बनी 1970 की ड्रामा थ्रिलर 'द एविल विदिन' (The Evil Within) में पहली बार नजर आई थीं। जीनत के साथ लीड रोल में देव आनंद भी थे। हालांकि, फिल्म कमर्शियली अनसक्सेसफुल रही। 'हलचल' (1971) से जीनत ने बॉलीवुड में करियर शुरू किया और छोटा सा रोल प्ले किया। इसके बाद वह 'हंगामा' में भी नजर आईं।
जीनत अमान के करियर की ये तीनों फिल्मों बॉक्स ऑफिस पर औंधे मुंह गिरी। फिर जीनत के करियर के लिए मील का पत्थर साबित हुई देव आनंद की 'हरे रामा हरे कृष्णा'। इस म्यूजिक ड्रामा ने जीनत की किस्मत चमका दी। वह हिंदी सिनेमा की टॉप एक्ट्रेसेस में गिनी जाने लगीं। 70 और 80 के दशक में जीनत सबसे ज्यादा कमाई करने वाली अभिनेत्रियों में से एक थीं।
जीनत अमान ने शुरू किया हिप्पी ट्रेंड
'हरे कृष्णा हर रामा' का 'दम मारो दम' सुपरहिट गानों में गिना जाता है, जो आज भी सदाबहार गानों की लिस्ट में शुमार है। इस गाने के जरिए देव आनंद और जीनत ने बॉलीवुड में हिप्पी कल्चर की शुरुआत की थी। गाने को लेकर काफी विवाद भी हुआ था। गाने में गांजे का इस्तेमाल किए जाने पर खूब बवाल मचा था। इसे उस वक्त ऑल इंडिया रेडियो ने बैन भी कर दिया था।
राज कपूर से मिलने देहाती बनकर गई थीं जीनत अमान
क्या आप जानते हैं कि जीनत अमान को अपनी ब्लॉकबस्टर फिल्म 'सत्यम शिवम सुंदरम' कैसे मिली थी। फिल्म में जीनत को कास्ट करने के पीछे की कहानी बड़ी दिलचस्प है। जब राज कपूर (Raj Kapoor) फिल्म में लीड हीरोइन करने के लिए ऑडिशन कर रहे थे, तभी जले हुए चेहरा लेकर एक देहाती लड़की उनके ऑफिस में पहुंचती है। ये लड़की कोई और नहीं बल्कि जीनत अमान थीं। जीनत की इस स्प्रिट को देख राज कपूर ने उन्हें तुरंत फाइनल कर दिया था। आपको मालूम हो कि फिल्म में जीनत ने इसी तरह का किरदार निभाया था।
यह भी पढ़ें- इस एक्ट्रेस की वजह से जीनत अमान को Satyam Shivam Sundaram में मिला चांस, राज कपूर ने लिए थे 100 ऑडिशन
एक्स हसबैंड ने की थी जीनत अमान की पिटाई
जीनत अमान का फिल्मी करियर भले ही हिट रहा, लेकिन उन्हें सच्चा प्यार नसीब नहीं हुआ। 1978 में जीनत अमान ने 'अब्दुल्लाह' के निर्देशक संजय खान से शादी कर ली थी, जो पहले सी ही जरीन कतरक के साथ शादीशुदा थे। खेर, जीनत और संजय एक साल बाद अलग हो गए। दोनों का रिश्ता बुरे नोट पर खत्म हुआ। संजय, जीनत के साथ मारपीट करते थे।
एक बार मुंबई के एक होटल में अपनी पत्नी जरीन के साथ पार्टी कर रहे संजय खान ने जीनत को बहुत बुरी तरह पीटा था। इसकी वजह से जीनत के आंखों पर चोट लग गई थी, जिसकी वजह से उन्हें पीटोसिस हो गया था। इसी साल अभिनेत्री ने अपने आंख का इलाज कराया है।
दूसरी शादी से भी जीनत को नहीं मिला सुख
संजय खान के साथ शादी टूटने के बाद जीनत अमान को दोबारा इश्क हुआ। वह बॉलीवुड एक्टर मजहर खान (Mazhar Khan) से इश्क कर बैठी थीं और 1985 में उनसे शादी कर ली थी। मगर ये रिश्ता भी कुछ ठीक नहीं चला। जीनत ने एक बार खुलासा किया था कि मजहर से शादी करना उनकी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती थी। वह उन्हें काम करने नहीं दे रहे थे। साथ ही अभिनेत्री ने उन पर मारपीट का आरोप लगाते हुए शादी के 12 साल बाद तलाक ले लिया था।
सिमी गरेवाल के शो में जीनत ने बताया था कि मजहर के साथ शादी में वह खुश नहीं थीं और उन्हें जैसे-तैसे मजहर के साथ 12 साल बिताए। बकौल जीनत-
मजहर खान मुझे बतौर आर्टिस्ट आगे बढ़ने नहीं देना चाहते थे। वह चाहते थे कि मैं हमेशा अपने बच्चों के साथ घर पर रहूं। शादी के शुरुआती सालों में ही मुझे एहसास हो गया था कि मैंने अपनी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती कर दी है, लेकिन मैंने इसे निभाने की पूरी कोशिश की। मैंने 12 सालों तक रिश्ता निभाने की कोशिश की। आखिर में मुझे कोई रोशनी नहीं दिखी। उन 12 सालों में मुझे खुशी का एक पल भी नहीं मिला। फिर भी मैंने 12 साल तक उसे निभाया।
बता दें कि जीनत अमान के तलाक के बाद ही मजहर खान का निधन हो गया था। इस बात से नाराज उनके परिवार वालों ने मजहर के अंतिम संस्कार में जीनत को शामिल होने की इजाजत तक नहीं दी थी। मजहर से जीनत को दो बेटे जहान और अजान हैं।
पाकिस्तानी क्रिकेटर पर हारीं दिल
क्या आप जानते हैं कि जीनत अमान पाकिस्तानी क्रिकेटर और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान पर भी दिल हार चुकी हैं। कहा जाता है कि दोनों रिलेशनशिप में थे, लेकिन उनका रिश्ता ज्यादा नहीं चल पाया।