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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 21, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    HSGPC Election: हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनाव की धमक शुरू, 30 सितंबर तक नए वोट बनवाने का समय

    By Anurag AggarwaEdited By: Praveen Prasad Singh
    Updated: Mon, 21 Aug 2023 06:35 PM (GMT+05:30)

    हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनाव का आगाज हो गया है। अधिसूचना के मुताबिक पूरे प्रदेश में एक सितंबर से 30 सितंबर तक नए वोट बवाने का समय निर ...और पढ़ें

    हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी के चुनाव की धमक शुरू (प्रतीकात्मक तस्वीर)
    हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी के चुनाव की धमक शुरू (प्रतीकात्मक तस्वीर)

    चंडीगढ़, राज्य ब्यूरो। हरियाणा के गुरुद्वारा चुनाव आयुक्त न्यायमूर्ति एचएस भल्ला ने राज्य सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी (HSGPC Election) के चुनाव की प्रक्रिया आरंभ कर दी है। पूरे प्रदेश में एक सितंबर से 30 सितंबर तक नए वोट बवाने का समय निर्धारित किया गया है। इस अवधि में कोई भी नया मतदाता स्वयं को एचएसजीपीसी के मतदाता के रूप में पंजीकृत करवा सकता है। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी के वार्डों का परिसीमन राज्य सरकार द्वारा किया जा चुका है। 28 जुलाई को आधिकारिक राजपत्र में प्रकाशित सूचना के मुताबिक पूरे प्रदेश को 40 वार्डों में विभाजित किया गया है।

    एचएसजीपीसी के चुनाव में प्रत्येक वार्ड से एक मेंबर चुना जाएगा। 40 सदस्यों के चुनाव के बाद प्रधान समेत अन्य पदाधिकारियों की नियुक्तियां होंगी। राज्य में एचएसजीपीसी के चुनाव को लेकर जबरदस्त धड़ेबंदी है। अभी तक चुनाव की तारीख घोषित नहीं की गई है, लेकिन उम्मीद की जा रही है कि मतदाताओं के पंजीकरण के बाद जब संशोधित मतदाता सूची जारी होगी तो उसके बाद चुनाव का शेड्यूल घोषित कर दिया जाएगा।

    सिख बाहुल्य सीटों पर सियासी समीकरण

    हरियाणा में तीन दर्जन से अधिक विधानसभा सीटें ऐसी हैं, जिन्हें सिख बाहुल्य माना जाता है। करनाल, कुरुक्षेत्र, अंबाला और सिरसा लोकसभा सीटों की तीन दर्जन विधानसभा सीटों पर सिख मतदाता किसी भी दल की हार जीत में निर्णायक भूमिका निभाते रहे हैं। अभी तक हरियाणा के समस्त गुरुद्वारा शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधकन कमेटी (एसजीपीसी) के अधीन संचालित थे। एचएसजीपीसी के चुनाव के बाद राज्य के सभी गुरुघरों का संचालन और प्रबंधन इस कमेटी के अंतर्गत आ जाएगा। यहां गुरुद्वारों में चढ़ने वाली अरदास को यहीं के गुरुद्वारों के रखरखाव व संचालन पर खर्च किया जा सकेगा।

    हरियाणा सरकार की 17 अगस्त की अधिसूचना के माध्यम से जस्टिस एचएस भल्ला को एचएसजीपीसी के चुनाव कराने की जिम्मेदारी सौंपते हुए रिटर्निंग अधिकारी नियुक्त किया गया। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति की मतदाता सूची व नामों के पंजीकरण के लिए सभी उपायुक्तों को निर्देश जारी किए गए हैं।

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    पंजीकरण की प्रक्रिया

    चुनावी तैयारी के लिए नामों के पंजीकरण के लिए आवेदन पत्र ग्रामीण क्षेत्र में पटवारी और शहरी क्षेत्र में नगरपालिका समिति/परिषद/निगम के सचिव के पास निःशुल्क उपलब्ध होंगे। कोई भी व्यक्ति जो हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति की मतदाता सूची के लिए अपना नाम पंजीकृत कराना चाहता है, वह उपरोक्त अधिकारी को एक सितंबर से 30 सितंबर तक अपना आवेदन जमा कर सकता है।

    इन लोगों का बन सकेगा वोट

    जस्टिस एचएस भल्ला ने बताया कि हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए अपेक्षित योग्यता निर्धारित की गई है। कोई भी व्यक्ति जो मतदाता के रूप में पंजीकरण के समय सामान्यतः कम से कम छह महीने से वार्ड का निवासी रहा हो और 18 वर्ष से कम आयु का सिख नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि जो व्यक्ति पतित है या अपनी दाढ़ी या केश काटता या काटवाता है, तंबाकूस कुठा (हलाल मांस) या नशीले पदार्थों का सेवन करता है और मादक पेय लेता है, वह मतदाता बनने का पात्र नहीं होगा।