Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 29, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    बहादुरगढ़ में Krishna Janmashtami की धूम, वृंदावन की तर्ज पर फूलों से सजेगा 400 साल पुराना मुरली मनोहर मंदिर

    By Pardeep BhardwajEdited By: Rajat Mourya
    Updated: Tue, 29 Aug 2023 05:39 PM (IST)

    Janmashtami 2023 हरियाणा के बहादुरगढ़ में जन्माष्टमी की तैयारियां तेज हो गई हैं। बाजारों में महिलाओं की भीड़ देखने को मिल रही है। शहर में इस पर्व को ध ...और पढ़ें

    वृंदावन की तर्ज पर फूलों से सजेगा 400 साल पुराना मुरली मनोहर मंदिर। फोटो- जागरण
    वृंदावन की तर्ज पर फूलों से सजेगा 400 साल पुराना मुरली मनोहर मंदिर। फोटो- जागरण

    बहादुरगढ़, जागरण संवाददाता। Krishna Janmashtami 2023 जन्माष्टमी पर्व को लेकर शहर सज रहा है। बाजारों से लेकर मंदिरों तक इस पर्व की धूम दिख रही है। सात सितंबर को यह पर्व मनेगा। एक तरफ मंदिरों को सजाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है तो दूसरी तरफ बाजारों में भी चहल-पहल बढ़ रही है। राधा-कृष्ण की वेशभूषा और श्रृंगार का तमाम तरह का सामान सजा है तो इसकी खरीदारी भी धीरे-धीरे तेज हो रही है।

    लड्डू गोपाल को सजाने के लिए आवश्यक सामान की खरीदारी को महिलाओं की बाजारों में भीड़ बढ़ रही है। उधर, जन्माष्टमी (Shri Krishna Janmashtami) पर नाहरा-नाहरी रोड स्थित इस्कॉन मंदिर (Iskcon Temple) में भव्य कार्यक्रम होगा। मंदिर में यह कार्यक्रम दिनभर चलेगा। वहीं, शहर के पुराने मुरली मनोहर मंदिर (Murli Manohar Temple) में भी राधा-कृष्ण की मूर्तियों को सजाया जाएगा। मंदिर में भी सजावट की तैयारी चल रही है। यहां जन्माष्टमी को लेकर इस बार भव्य कार्यक्रम होगा।

    बाजारों में बढ़ रही है भीड़

    शहर में इस पर्व को धूमधाम से मनाने के लिए लोगों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। कान्हा के जन्मदिन पर पूरा शहर रोशनी में नहाएगा। सभी मंदिरों में कार्यक्रम होंगे। कुछ जगहों पर भव्यता दिखेगी। लड्डू गोपाल को सजाने-संवारने के लिए बाजार में वस्त्र, बांसुरी, पालना, मालाएं और मुकुट आदि सजे हैं। इस दौरान कहीं पालना लिया कहीं पर रंग-बिरंगी पोशाक पसंद की जा रही हैं।

    भगवान श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर कान्हा को सजाने को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह है। महिलाओं द्वारा बाल-गोपाल के रूप को निखारने के लिए एक से बढ़कर एक पोशाक पसंद की जा रही हैं। लाल, नीली, काली, सुनहरी और चमकदार पोशाक की डिमांड ज्यादा है। मुकुट, बांसुरी, फूलों व मोतियों की मालाएं, लटकन आदि ली खरीददारी भी चल रही है। कान्हा को झुलाने के लिए पालनों की भी खूब मांग है। दुकानदारों का कहना है कि रक्षाबंधन पर्व के बाद जन्माष्टमी की खरीदारी का सिलसिला और तेज होगा।

    खबरें और भी

    वृंदावन की तर्ज पर सजेगा मुरली मनोहर मंदिर

    इस बार शहर के 400 साल पुराने मुरली मनोहर मंदिर में वृंदावन की तर्ज पर जन्माष्टमी मनेगी। पूरे मंदिर को फूलों से सजाया जाएगा। ऐसा पहली बार होगा। मंदिर समिति के प्रधान भुवनेश सिंगल और सचिव नरेश राठी ने बताया कि पुरानी सब्जी मंडी से लेकर गांधी चौक भव्य लड़ी और जगमग होगी। कई स्वागत द्वार बनाए जाएंगे। भव्य झांकियां सजेंगी। श्रद्धालुओं को दर्शन करवाने के लिए बाहर एलईडी लगेगी। छह अगस्त को राधा-श्रीकृष्ण का दिव्य जलाभिषेक होगा। भक्तों को दूध का प्रसाद वितरित किया जाएगा।