यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 12, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Nuh Violence: '30 लोगों को टपकाना', भड़काऊ वीडियो से हिंसा फैलाने वाला आरोपी गिरफ्तार; 110 संदिग्ध हिरासत में
Nuh Violence एसटीएफ और पुलिस की टीमें हिंसा आरोपितों को लगातार पकड़ने में लगी हुई हैं। शुक्रवार को 19 लोगों को गिरफ्तार किया गया। जिसके बाद गिरफ्तार क ...और पढ़ें

HighLights
- नूंह शहर से सटे फिरोजपुर गांव का रहने वाला
- हिंसा के बाद राजस्थान के भरतपुर में रिश्तेदार के यहां छिपा था
- आरोपी के के खिलाफ दो एफआइआर दर्ज की गई
नूंह, जागरण संवाददाता। एसटीएफ और पुलिस की टीम ने 31 जुलाई को नूंह में हुई हिंसा से पहले इंटरनेट पर भड़काऊ वीडियो तथा वाइस मैसेज डालने वाले अफजल को गिरफ्तार कर लिया। आरोपित हिंसा में भी शामिल रहा और आगजनी तथा तोड़फोड़ की घटना के वीडियो मेवात का बदला नाम से इंटरनेट पर प्रसारित की थी। बाद में उसने वीडियो डिलीट भी कर दिया था। अफजल नूंह शहर से सटे फिरोजपुर नमक गांव का रहने वाला था। उसके विरुद्ध दो एफआइआर दर्ज की गई थी।
20-30 लोगों को टपकाना है
थाना सिटी में दर्ज हिंसा फैलाने के साथ-साथ इंटरनेट मीडिया पर भड़काऊ वीडियो तथा वाइस मैसेज डालने के तहत साइबर क्राइम का मामला भी दर्ज किया था। सूत्रों मुताबिक घटना वाले ही दिन उसने एक भड़काऊ मैसेज वॉट्सऐप के दो ग्रुप पर डाला था कि खेड़ला चौक पर दो चार ही निपटे हैं, भादस यात्रा पहुंचेगी तो 20-30 लोगों को टपकाना है। हिंसा की वीडियो तथा तस्वीर लेने वाले मीडिया कर्मियों के मोबाइल भी अफजल तथा उसके गुर्गों ने लूट लिए थे। वह खुद वीडियो बनवा कर प्रसारित करा रहा था।
218 की हुई गिरफ्तारी
एसटीएफ और पुलिस की टीमें हिंसा आरोपितों को लगातार पकड़ने में लगी हुई हैं। शुक्रवार को 19 लोगों को गिरफ्तार किया गया। जिसके बाद गिरफ्तार किए गए आरोपितों की संख्या 218 हो गई है। 110 संदिग्ध अभी पुलिस की हिरासत में हैं। पुलिस अधीक्षक नरेंद्र बिजारणिया सभी थाना प्रभारियों का निर्देश दिए हैं कि संदिग्ध के बारे में पूरे सबूत होने के बाद ही उन्हें गिरफ्तार किया जाए।
कांग्रेस कर रही बचाव
बता दें कि पुलिस की कार्रवाई पर यहां कांग्रेसी विधायक आफताब अहमद तथा मोहम्मद इलियास सवाल खड़ा कर कई निर्दोष लोगों को गिरफ्तार करने का दावा करने लगे हैं। जबकि पुलिस अधीक्षक गांवों तथा शहर के प्रभावशाली लोगों से दो टूक कह चुके कि सभी को पता किसका छोरा हिंसा में शामिल था, खुद पेश कर दो तो हमें उठाना आता है।