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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    गैस चैंबर बना हरियाणा, झज्जर में GRAPE-3 की चल रही पाबंदियां; डीसी ने प्रदूषण को रोकने के खिलाफ सख्त कदम उठाने का दिया निर्देश

    By Amit PopliEdited By: Preeti Gupta
    Updated: Sat, 04 Nov 2023 11:46 AM (IST)

    डीसी कैप्टन शक्ति सिंह ने कहा कि वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर ग्रेप नियमों की सख्ती से पालना करना बेहद जरूरी है। झज्जर में ग्रेप तीन की पाबंदी लागू ...और पढ़ें

    गैस चैंबर बना हरियाणा, झज्जर में GRAPE-3 की चल रही पाबंदियां
    गैस चैंबर बना हरियाणा, झज्जर में GRAPE-3 की चल रही पाबंदियां

    जागरण संवाददाता, झज्जर। Air Pollution in Haryana: डीसी कैप्टन शक्ति सिंह ने कहा कि बढ़ता हुआ प्रदूषण हम सबके लिए चिंता का विषय है, जिसका हमारे स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव पड़ता है। वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर ग्रेप नियमों की सख्ती से पालना करना बेहद जरूरी है।

    झज्जर में ग्रेप तीन की पाबंदी लागू

    फिल्हाल जिला में ग्रेप तीन की पाबंदी लागू हैं, जिसके लिए हमें प्रदूषण नियंत्रण उपायों को अपनाना होगा। डीसी लघु सचिवालय स्थित कार्यालय से वीसी के माध्यम से केंद्रीय वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) की ओर से झज्जर सहित एनसीआर क्षेत्र में लागू किए गए ग्रेडेड रिस्पॉस एक्शन प्लान (ग्रेप) के तहत संबंधित विभागों की समीक्षा बैठक ले रहे थे।

    प्रदूषण को रोकने के लिए सभी विभागों को मिला आदेश

    डीसी ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, शहरी निकायों, एसएसआईआईडीसी सहित अन्य संबंधित विभागाध्यक्षों को कड़े निर्देश दिए कि वे जिला में बढ़ते प्रदूषण स्तर को नियंत्रित करने के लिए सख्त कदम उठाएं।

    सभी विभाग जिला में एयर क्वालिटी इंडेक्स यानी वायु गुणवत्ता सूचकांक को नियंत्रित रखने लिए जमीनी स्तर पर मिलकर काम करें तभी जिलावासी भविष्य में ताजा व खुली हवा में सांस ले सकेंगे। प्रदूषण को लेकर एनजीटी पूरी तरह सख्त है।

    प्रदूषण नियंत्रण में कोताही नहीं होगी बर्दाश्त 

    डीसी ने कहा केंद्रीय वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) की ओर से राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में आने वाले झज्जर सहित साथ लगते जिलों में बढ़ते प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए आवश्यक दिशा निर्देश आदेश जारी किए हैं। विभागों को जिला प्रशासन की ओर से जो भी जिम्मेदारी सौंपी गई है उनकी जिला में सख्ती से पालना सुनिश्चित करानी होगी।

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    उन्होंने कहा कि प्रदूषण नियंत्रण के मामले में किसी भी प्रकार की कोताही बिल्कुल सहन नहीं की जाएगी। संबंधित विभागाध्यक्ष नोडल अधिकारी की नियुक्ति करते हुए नियमित रूप से एटीआर भिजवाना सुनिश्चित करें।

    GRAP नियमों की अनदेखी करने पर होगी कार्रवाई

    डीसी ने नगर परिषद, नगर पालिका, एसएसआईआईडीसी, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, एचएसवीपी, खनन, निर्माण कार्य से जुड़े विभागों को निर्देश दिए कि वे जिला में कंस्ट्रक्शन साइट व औद्योगिक इकाइयों की नियमित रूप से विजिट करते हुए चेकिंग करें और ग्रेप नियमों की अनदेखी, अनियमितताएं व कोताही पाए जाने पर उनके खिलाफ एक्शन लेते हुए सख्त कार्रवाई करें।

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    जगह-जगह होगा पानी का छिड़काव

    हाई डस्ट क्षेत्र को चिह्नित करते हुए जरूरी कदम उठाए जाएं। वहीं कूड़े के ढेरों में आगजनी की मॉनिटरिंग की जाए,सभी प्रमुख सड़कों पर जहां यातायात ज्यादा है। ऐसे स्थानों पर नियमित रूप से पानी छिड़काव करवाया जाए। आरडब्लूए व अन्य एसोसिएशन से संपर्क करते हुए ग्रेप तीन के नियमों की पालना कराई जाए।

    डीसी ने क्या-क्या आदेश दिए?

    डीसी ने संबंधित एसडीएम को कंस्ट्रक्शन साइट, औद्योगिक इकाइयों का औचक निरीक्षण करते हुए रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। तीनों नगरपालिका क्षेत्रों में स्प्रिंकलर के जरिए नियमित रूप से पानी का छिड़काव कराने के निर्देश भी दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सड़कों पर धूल-मिट्टी को उडऩे से रोकने के प्रभावी कदम उठाने की हिदायत दी। यहां प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी नवीन गुलिया,एसडीओ अमित दहिया उपस्थित थे, जबकि बेरी ,बादली, झज्जर के एसडीएम सहित संबंधित विभागों के अधिकारी वीसी से जुड़े।

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