Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    अब अस्पताल में पर्ची के लिए नहीं लगानी पड़ेगी लाइन, महेंद्रगढ़ बनेगा प्रदेश का पहला डिजिटल हेल्थ मॉडल जिला

    Updated: Thu, 30 Jul 2026 10:04 AM (IST)

    महेंद्रगढ़ हरियाणा का पहला 100% डिजिटल हेल्थ मॉडल जिला बनने जा रहा है, जहाँ ओपीडी पर्ची के लिए लंबी कतारों से मुक्ति मिलेगी। मरीज क्यूआर कोड स्कैन कर ...और पढ़ें

    News Article Hero Image

    HighLights

    1. महेंद्रगढ़ बनेगा हरियाणा का पहला डिजिटल हेल्थ मॉडल जिला।

    2. क्यूआर कोड स्कैन कर होगा पंजीकरण, इलाज रिकॉर्ड ऑनलाइन।

    3. सभी स्वास्थ्य संस्थान, लैब, मेडिकल स्टोर जुड़ेंगे डिजिटल प्लेटफॉर्म से।

    जागरण संवाददाता, नारनौल। सरकारी अस्पतालों में ओपीडी पर्ची बनवाने के लिए लंबी कतार, बार-बार नाम-पता लिखवाने की झंझट और पुरानी फाइलें साथ लेकर चलने की मजबूरी अब महेंद्रगढ़ जिले में जल्द खत्म होने वाली है।

    आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत जिले को हरियाणा का पहला 100 प्रतिशत डिजिटल हेल्थ माडल जिला बनाया जा रहा है। इसकी शुरुआत जिले के आठ स्वास्थ्य संस्थानों में हो चुकी है, जबकि अगले एक सप्ताह के भीतर सभी सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों, अस्पतालों और जिले में दोनों मेडिकल कालेजों में यह व्यवस्था लागू करने का लक्ष्य रखा गया है।

    मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव के मार्गदर्शन में तीन दिवसीय विशेष अभियान के दौरान सरकारी और निजी स्वास्थ्य संस्थानों को डिजिटल प्लेटफार्म से जोड़ने की प्रक्रिया तेज की गई। राज्य मिशन निदेशक डा. वीरेन्द्र यादव की देखरेख में राज्य एचएमआईएस मैनेजर उमेश सैनी ने स्वास्थ्य अधिकारियों, चिकित्सकों और कर्मचारियों को डिजिटल प्रणाली का प्रशिक्षण दिया। निजी अस्पतालों, लैब और मेडिकल स्टोर संचालकों को भी डिजिटल पंजीकरण के लिए प्रेरित किया गया।

    क्यूआर कोड स्कैन करते ही होगा पंजीकरण

    नई व्यवस्था के तहत मरीज अस्पताल में लगे क्यूआर कोड को मोबाइल से स्कैन करते ही पंजीकरण करा सकेंगे। इसके बाद ओपीडी पर्ची डिजिटल रूप से तैयार होगी और मरीज का पूरा इलाज रिकार्ड उसकी आभा आइडी से जुड़ जाएगा। डाक्टर भी मरीज की पुरानी मेडिकल हिस्ट्री, जांच रिपोर्ट और दवाओं का विवरण तत्काल देख सकेंगे, जिससे इलाज अधिक सटीक और तेज होगा।

    उप सिविल सर्जन डा. पवन यादव ने बताया कि जिले के आठ स्वास्थ्य संस्थानों में यह व्यवस्था शुरू हो चुकी है। इनमें सीएचसी अटेली, पीएचसी रामपुर, पीएचसी माधौगढ़, सब सेंटर बेवल, मारोली और दत्ताल सहित आठ संस्थाएं शामिल हैं। नागरिक अस्पताल नारनौल में फिलहाल जनरल फिजिशियन की ओपीडी में इसकी शुरुआत कर दी गई है।

    खबरें और भी

    उन्होंने बताया कि जिले के सभी स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। डाक्टरों की एचपीआर आईडी और स्वास्थ्य संस्थानों की हेल्थ फैसिलिटी आइडी भी तैयार कर दी गई हैं। अब अगले एक सप्ताह के भीतर जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों, अस्पतालों और कोरियावास और पटीकरा मेडिकल कालेजों में यह सुविधा शुरू कर दी जाएगी।

    सिविल सर्जन डा. अशोक कुमार ने बताया कि जिले में अब तक करीब 76 प्रतिशत नागरिकों की आभा आइडी बन चुकी है, जो प्रदेश में सबसे बेहतर उपलब्धियों में शामिल है। सात अगस्त को राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण की टीम जिले की तैयारियों की समीक्षा करेगी। यदि सब कुछ तय योजना के अनुसार रहा तो 15 अगस्त के बाद किसी भी समय महेंद्रगढ़ को हरियाणा के पहले डिजिटल हेल्थ माडल जिले के रूप में औपचारिक रूप से शुरू किया जा सकता है।

    यह भी पढ़ें- हरियाणा में जमीन की निशानदेही के लिए अब दफ्तरों के चक्करों से राहत, ऑनलाइन आवेदन से मिलेगा समाधान