यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 20, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Haryana News: हरियाणा की अलग राजधानी और हाई कोर्ट के लिए छिड़ी मुहिम, सांकेतिक अनशन की दी चेतावनी
हरियाणा में अलग राजधानी और हाई कोर्ट को लेकर पूरे प्रदेश में सांकेतिक अनशन करने का बात कही जा रही है। हरियाणा बनाओ अभियान के तहत हरियाणा पंजाब चंडीगढ़ ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। हरियाणा की अलग राजधानी और हाई कोर्ट के लिए हरियाणा-पंजाब-चंडीगढ़ काउंसिल के पूर्व अध्यक्ष रणधीर सिंह बदरान और पूर्व मुख्य सचिव व पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के प्रिंसिपल ओएसडी रह चुके एमएस चोपड़ा ने मोर्चा खोला है। मांग को लेकर हरियाणा बनाओ अभियान के तहत पूरे प्रदेश में सांकेतिक अनशन किया जाएगा।
रणधीर सिंह बदरान ने शनिवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि आंध्र प्रदेश से अलग हुए तेलंगाना, उत्तर प्रदेश से बने उत्तराखंड, बिहार से अलग हुए झारखंड व पंजाब से बने हिमाचल प्रदेश को अलग हाई कोर्ट व राजधानी मिली है तो हरियाणा को क्यों नहीं।
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सांसदों और विधायकों से करेंगे मुलाकात
मुद्दे को लेकर प्रदेश भर में सांकेतिक भूख हड़ताल के माध्यम से जहां जनता को एकजुट करने की कोशिश होगी, वहीं जनप्रतिनिधियों को भी अपनी मांग से अवगत कराएंगे। इस संदर्भ में सभी जिलों में बुद्धिजीवी वर्ग और अधिवक्ताओं से बैठकें कर रहे हैं। जल्द ही सभी सांसदों और विधायकों से भी मिलेंगे।
HC में लंबित करीब साढ़े छह लाख केस
उन्होंने कहा कि हरियाणा की सांस्कृतिक पहचान और धरोहर बचाने के लिए आज अलग राजधानी एक बड़ी जरूरत है। करीब साढ़े छह लाख केस हाई कोर्ट में लंबित हैं। इसी तरह हरियाणा की जिला अदालतों में 14 लाख और पंजाब में लगभग आठ लाख केस लंबित हैं। अगर हरियाणा का अलग हाई कोर्ट बनेगा तो जनता को जल्द और सस्ता न्याय मिलेगा। अलग राजधानी मिलने के बाद जनता को अधिक सुविधाएं मिलेंगी।