पानीपत में 100 प्रतिशत टैरिफ की आशंका से असमंजस, बड़े ऑर्डर नहीं दे रहा अमेरिका; 30 देशों से होता है 16 करोड़ का व्यापार
अमेरिका द्वारा रूसी तेल पर प्रस्तावित 100% टैरिफ की आशंका से पानीपत के निर्यात व्यापार में अनिश्चितता बढ़ गई है। ...और पढ़ें

पानीपत में 100 प्रतिशत टैरिफ की आशंका से असमंजस (File Photo)
HighLights
अमेरिका के प्रस्तावित टैरिफ से पानीपत के व्यापार में अनिश्चितता बढ़ गई।
अमेरिकी खरीदारों ने बड़े ऑर्डर देने कम कर दिए हैं।
पानीपत के निर्यात को 25% ऑर्डर का नुकसान हुआ है।
अम्बर अग्निहोत्री, पानीपत। अमेरिका ने प्रस्तावित ट्रेड डील के बीच एक बार फिर रूस से तेल खरीद पर 100 प्रतिशत टैरिफ लगाने की बात कही है। इससे बने अनिश्चितता के माहौल में अमेरिका के खरीदारों ने बड़े ऑर्डर देने कम कर दिए हैं।
पानीपत 30 देशों से 16 हजार करोड़ रुपये व्यापार करता है, इनमें अमेरिका से ही सात हजार करोड़ रुपये का व्यापार होता है। यहां से कारपेट, हैंडलूम, कंबल, तौलिये, बेडशीट उत्पाद अमेरिका जाते हैं।
उद्योगपतियों के अनुसार अमेरिका के साथ व्यापार प्रभावित हो गया है, 25 प्रतिशत ऑर्डर कम हो गए हैं। हरियाणा चैंबर आफ कामर्स इंडस्ट्री के अध्यक्ष विनोद धमीजा ने बताया कि सात महीनों से नए आर्डरों अब पहले जैसे नहीं मिल रहे हैं।
अमेरिका के खरीदार छोटे और कम अवधि के ऑर्डर दे रहे हैं, जिससे टैरिफ संबंधी अंतिम निर्णय आने तक उनका जोखिम कम रहे। उन्होंने कहा कि यदि टैरिफ लागू होता है तो भारतीय उत्पादों की कीमत अमेरिकी बाजार में बढ़ जाएगी, जिससे प्रतिस्पर्धा प्रभावित हो सकती है।
अभी अमेरिकी सीनेट में रूस पर प्रतिबंधों से जुड़े विधेयक और 100 प्रतिशत टैरिफ का प्रस्ताव अंतिम रूप से लागू नहीं हुआ है, इसकी आशंका ने बाजार में अनिश्चितता का माहौल बना दिया है। उद्योगपतियों ने बताया कि अमेरिका समय-समय पर टैरिफ बढ़ाने की बात करता रहा है, लेकिन इस बार खरीदारों का व्यवहार पहले से अलग नजर आ रहा है। कई कंपनियां स्थिति साफ नहीं होने तक बड़े अनुबंध रोक रही हैं।