31 साल में दूसरी बार SC महिला चलाएगी छोटी सरकार, रेवाड़ी में निकाय चुनाव की नामांकन प्रक्रिया खत्म
रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव में इस बार चेयरपर्सन का पद अनुसूचित जाति की महिला के लिए आरक्षित है, जो 31 साल में दूसरी बार हुआ है। ...और पढ़ें
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रेवाड़ी में 31 साल में दूसरी बार रेवाड़ी में एससी महिला ही छोटी सरकार चलाएगी। एआई जनरेटेड

समय कम है?
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जागरण संवाददाता, रेवाड़ी। रेवाड़ी में निकाय चुनाव की नामांकन प्रक्रिया खत्म हो चुकी है। चुनावी प्रचार जोर पकड़ने लगा है। 10 मई को होने वाले चुनाव में किस उम्मीदवार की जीत होगी यह तो 13 मई को होने वाली मतगणना के बाद ही चलेगा, लेकिन इतना तय है कि 31 साल में दूसरी बार रेवाड़ी में एससी महिला ही छोटी सरकार चलाएगी।
इस बार एससी महिला के लिए चेयरपर्सन का पद रिजर्व है। नगर परिषद के रिकॉर्ड के मुताबिक, इससे पहले 2013 में एससी महिला के लिए यह पद रिजर्व हुआ था। इस बार दोनों प्रमुख पार्टियों भाजपा की विनीता पीपल, कांग्रेस से नेहारिका चौधरी के अलावा शकुंतला भांडोरिया, डॉ. मीनू डहीनवाल, आशा, दीपिका पंवार, कविता ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन दाखिल किया था।
विनीता पीपल और शकुंतला भांडोरिया दोनों 2013 से 2018 के कार्यकाल के दौरान चेयरपर्सन रह चुकी हैं। कांग्रेस की तरफ से भांडोरिया का कार्यकाल जहां साढ़े तीन साल और विनीता पीपल भाजपा की तरफ से डेढ़ साल तक चेयरपर्सन रही थीं।
सरोज भारद्वाज पहली चेयरपर्सन बनी थीं
2020 में पहली बार चेयरपर्सन को लेकर सीधे चुनाव हुए थे। इससे पहले पार्षद ही बहुमत के हिसाब से चेयरपर्सन और चेयरमैन का चयन करते आए थे। रेवाड़ी नगर परिषद का गठन 1995 में हुआ था।
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पहली बार चेयरपर्सन की सीट सामान्य महिला के लिए आरक्षित हुई और कांग्रेस समर्थित सरोज भारद्वाज चेयरपर्सन बनी थी। हालांकि, उनके नाम पर ही नप के इतिहास का सबसे छोटा यानी छह माह कार्यकाल दर्ज है। इसके बाद सुचित्रा चांदना चेयरपर्सन चुनी गई।
वर्ष 2020 में यह पद सामान्य श्रेणी के लिए रखा गया। इनेलो के पार्षदों की संख्या ज्यादा होने पर हरीश अरोड़ा पूरे पांच चेयरमैन रहे। अगले ही चुनाव में यह पद पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित हो गया और 2005 में फिर से कांग्रेस का कब्जा होने पर विजय राव चेयरमैन बने।
2013 में दोबारा एससी महिला के लिए सीट आरक्षित होने पर पार्षदों ने कांग्रेस समर्थित शकुंतला भांडोरिया को चेयरपर्सन चुना। लेकिन 2014 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के सत्ता से बाहर होने पर भांडोरिया की कुर्सी पर भी खतरा मंडरा गया और 2016 के अंत में बहुमत नहीं होने पर भांडोरिया की कुर्सी चली गई और भाजपा समर्थित विनीता पीपल को चेयरपर्सन चुना गया।
2020 में सीधे यानी मतदाताओं ने चेयरपर्सन के लिए वोट डाले और पिछड़ा वार्ग के लिए आरक्षित इस सीट पर भाजपा प्रत्याशी पूनम यादव पूरे पांच साल चेयरपर्सन रही।
आज होगी नामांकन पत्रों की छटनी
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं डीसी अभिषेक मीणा ने बताया कि जिला में रेवाड़ी नगर परिषद रेवाड़ी और धारूहेड़ा नगर पालिका के आम चुनाव के लिए प्रत्याशियों द्वारा दर्ज कराए गए नामांकन पत्रों की जांच 27 अप्रैल को होगी और उम्मीदवार 28 अप्रैल दोपहर तीन बजे तक अपना नाम वापस ले सकते हैं, जिसके तुरंत बाद उम्मीदवारों को चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिए जाएंगे। 28 अप्रैल को ही प्रतियोगी उम्मीदवारों और पोलिंग स्टेशन की लिस्ट चस्पा कर दी जाएगी।