रेवाड़ी में 2.55 करोड़ की सड़क दो महीने में उखड़ी, ठेकेदार पर ब्लैकलिस्टिंग और रिकवरी के आदेश
रेवाड़ी के ब्रास मार्केट में ढाई करोड़ की लागत से बनी सड़क दो महीने में ही खराब हो गई, जिससे भ्रष्टाचार उजागर हुआ। शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने ठेकेदार ...और पढ़ें

एआई जेनेरेटेड इमेज।
HighLights
रेवाड़ी ब्रास मार्केट की ढाई करोड़ की सड़क दो माह में टूटी।
शहरी निकाय विभाग ने ठेकेदार से रिकवरी और ब्लैकलिस्ट करने के आदेश दिए।
सड़क निर्माण में घटिया सामग्री के प्रयोग से भ्रष्टाचार उजागर हुआ।
जागरण संवाददाता, रेवाड़ी। शहर की सड़कों के निर्माण में हुए भ्रष्टाचार की परतें खुलनी शुरू हो गई है। ब्रास मार्केट में करीब ढाई करोड़ रुपये की लागत से बनाई गई सड़क की दो माह में ही रोड़ियां निकलने के मामले में शहरी स्थानीय निकाय विभाग की तरफ से जिला नगर आयुक्त (डीएमसी) ब्रह्मप्रकाश को पत्र लिखकर संबंधित ठेकेदार से रिकवरी कराने के अलावा उसे ब्लैकलिस्ट किए जाने की कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं।
डीएमसी ने भी संबंधित आदेशों की पालना करते हुए एक्सईएन अंकित वशिष्ठ को पत्र लिखा है।
हैरानी की बात यह है कि संबंधित जेई या फिर अन्य अधिकारी के विरुद्ध कोई एक्शन नहीं लिया गया। जबकि इन्हीं अधिकारियों की निगरानी में सड़क बन जाने के बाद लिए गए सैंपल की लैब से आई रिपोर्ट के आधार पर गुणवत्ता ठीक बताते हुए पेमेंट भी कर दी गई।
सवाल यह भी है कि स्थानीय स्तर पर जिस लैब से जांच कराई गई वह सरकारी मान्यता प्राप्त है। उसके बावजूद लैब में गुणवत्ता कैसे ठीक दिखा दी गई।
दिसंबर में जारी हुए थे 2.55 करोड़ के टेंडर
दिसंबर में ब्रास मार्केट की सड़कों के 2.55 करोड़ रुपये के टेंडर हुए थे। टेंडर भिवानी की एक एजेंसी ने लिए थे। जनवरी में ब्रास मार्केट की सड़कों को बनाया गया और फरवरी में रोड़ियां निकलनी शुरू हो गई।
मार्च के पहले सप्ताह में ब्रह्मगढ़ के सामने वाली सड़क की रोड़ियां पूरी तरह बाहर निकलने पर संबंधित ठेकेदार ने भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए रातों रात सड़क पर तारकोल का लेप कर दिया था। मामला सुर्खियों में आने पर पंचकुला से आई शहरी स्थानीय निकाय विभाग की टीम ने सैंपल लिए थे।
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सूत्रों के अनुसार, जांच में निर्माण कार्य के दौरान घटिया सामग्री प्रयोग करने का पता चलने पर डीएमसी ब्रह्मप्रकाश अहलावत को संबंधित ठेकेदार पर कार्रवाई करने को लेकर पत्र लिखा गया। संबंधित ठेकेदार से रिकवरी ही नहीं, बल्कि उसे ब्लैकलिस्ट करने की भी तैयारी की जा रही है।
ठेकेदार द्वारा हाल में बनाई गईं सड़कों की पेमेंट को भी होल्ड करने और अगर संबंधित ठेकेदार वर्तमान में किसी सड़क का निर्माण कर रहा है तो उसकी निगरानी करने के भी आदेश दिए गए हैं।
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उच्च अधिकारियों की तरफ से संबंधित ठेकेदार के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने के आदेश मिले हैं। एक्सईएन को पत्र लिखा है। रिकवरी और उसे ब्लैकलिस्ट करने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
ब्रह्मप्रकाश अहलावत, डीएमसी।