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    Manimahesh Yatra: चंबा चौगान से 8000 मणिमहेश श्रद्धालुओं की सुरक्षित वापसी, भरमौर में अब कितने यात्री फंसे?

    Updated: Sun, 31 Aug 2025 12:52 PM (IST)

    Manimahesh Yatra चंबा जिले में भारी वर्षा और भूस्खलन के कारण रुके जम्मू-कश्मीर के लगभग 8 हजार श्रद्धालुओं की सुरक्षित वापसी हो गई है। भरमौर और हड़सर म ...और पढ़ें

    चंबा चौगान से वापस लौटते मणिमहेश श्रद्धालु। जागरण
    चंबा चौगान से वापस लौटते मणिमहेश श्रद्धालु। जागरण

    HighLights

    1. चंबा से जम्मू-कश्मीर के श्रद्धालुओं की सुरक्षित वापसी
    2. जम्मू-कश्मीर से आए जत्थे और लंगर सेवा दल पूरी तरह लौट गए
    3. पुलिस ग्राउंड बरगाह पूरी तरह खाली, बाहर से आए सभी वाहन सुरक्षित रवाना

    जागरण संवाददाता, चंबा। Manimahesh Yatra, जिला चंबा में गत दिनों लगातार हुई भारी वर्षा और भूस्खलन के कारण चंबा शहर में रुके करीब 8 हजार श्रद्धालुओं की सुरक्षित वापसी हो गई है। अतिरिक्त उपायुक्त चंबा अमित मेहरा ने बताया कि विशेषकर जम्मू-कश्मीर क्षेत्र से आए श्रद्धालु, जो चंबा शहर और इसके आसपास के विभिन्न स्थानों पर अस्थायी रूप से ठहरे हुए थे, अब सुरक्षित रूप से अपने गंतव्यों की ओर रवाना हो चुके हैं।

    हालांकि भरमौर व हड़सर में अभी भी श्रद्धालु फंसे हुए हैं। प्रशासन का कहना है कि दो से ढाई हजार के बीच श्रद्धालु अभी भी यहां रुका हुआ है, जिन्हें तुरंत निकाल लिया जाएगा। यह भी बताया जा रहा है श्रद्धालुओं का आंकड़ा इससे ज्यादा हो सकता है। 

    चंबा चौगान में एक ग्यारह छड़ी जो जिला रामबन से संबंधित थी, प्रशासन की निगरानी में एचआरटीसी की बस के माध्यम से पठानकोट भेजे गए हैं। ये लोग लंबे समय से यहां रुके हुए थे और मार्ग बहाल होने के बाद प्रशासन ने तुरंत इनके सुरक्षित प्रस्थान की व्यवस्था की। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता रही है कि किसी भी श्रद्धालु को असुविधा न हो और सभी को सकुशल उनके घरों तक पहुंचाया जाए।

    अब चंबा में कोई भी जत्था व लंगर सेवा दल नहीं 

    वर्तमान में चंबा जिले में जम्मू-कश्मीर क्षेत्र से कोई भी जत्था अथवा लंगर सेवा दल मौजूद नहीं है। सभी समूह वापस जा चुके हैं। केवल कुछ व्यक्तिगत यात्री हो सकते हैं, जो अकेले यात्रा कर रहे थे और मार्ग बाधित होने के कारण चंबा शहर में रुके होंगे, लेकिन किसी बड़े समूह की मौजूदगी की पुष्टि नहीं हुई है। प्रशासन ने इसके लिए निरंतर निगरानी व्यवस्था की है ताकि यदि कोई व्यक्ति शेष रह जाए तो उसे भी सुरक्षित घर तक पहुंचाने में मदद की जा सके।

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    श्रद्धालुओं के वाहनों से भरा बरगाह मैदान हुआ खाली

    उन्होंने  कहा कि पुलिस ग्राउंड बरगाह, जहां बाहरी वाहनों को खड़ा किया गया था, अब पूरी तरह खाली हो चुका है। पहले यहां जम्मू-कश्मीर से आए कई वाहन खड़े थे, लेकिन अब सभी वाहन अपने गंतव्यों की ओर रवाना हो चुके हैं। यह स्थिति इस बात का संकेत है कि चंबा में अब बाहरी श्रद्धालुओं की उपस्थिति अब समाप्त हो चुकी है और हालात धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं।

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    अफवाहों पर ध्यान न दें लोग

    एडीएम ने लोगों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल प्रशासन द्वारा जारी सूचनाओं पर ही भरोसा करें। यदि अब भी कोई श्रद्धालु चंबा शहर या आसपास कहीं रुका है तो प्रशासन उसे सुरक्षित गंतव्य तक पहुंचाने की जिम्मेदारी निभाएगा। उन्होंने विश्वास दिलाया कि जिला प्रशासन ने हर परिस्थिति से निपटने की तैयारी कर रखी है और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।

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