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    फ्रांस की कंपनी का फार्मूला भी फेल, कुल्लू में करोड़ों की लागत से बना भूतनाथ पुल असुरक्षित घोषित; कई कमियां निकली

    By Sanjay Kumar Edited By: Rajesh Sharma
    Updated: Mon, 06 Jul 2026 06:37 AM (GMT+05:30)

    कुल्लू का भूतनाथ पुल बड़े वाहनों के लिए अभी भी असुरक्षित है, जबकि 2013 में बने इस पुल पर 2017 में दरारें आ गई थीं। फ्रांस की कंपनी द्वारा मरम्मत के बा ...और पढ़ें

    कुल्लू का भूतनाथ पुल असुरक्षित घोषित कर दिया गया है।

    कुल्लू का भूतनाथ पुल असुरक्षित घोषित कर दिया गया है।

    HighLights

    1. कुल्लू का भूतनाथ पुल बड़े वाहनों के लिए असुरक्षित।

    2. 2013 में बना पुल 2017 से ही समस्याग्रस्त।

    3. फ्रांस की कंपनी की मरम्मत भी रही विफल।

    संजय कुमार, कुल्लू। हिमाचल प्रदेश में कुल्लू के बस अड्डे को जोड़ने वाला भूतनाथ पुल पर अभी भी बड़े वाहनों की आवाजाही बाधित है। पुल पर केवल छोटे वाहन ही आर-पार हो रहे हैं। वर्ष 2013 में लगभग 10 करोड़ रुपये की लागत से बना पुल की जनता को उचित सुविधा नहीं मिल पाई है। 2013 में तैयार हुए भूतनाथ पुल का लोकार्पण करने के बाद 2017 में पुल के दोनों छोर पर दरारें पड़ने के कारण पुल बीच से झुक गया था और पुल वाहनों की आवाजाही को बंद किया गया है।

    आठ साल बीत जाने के बाद भी पुल बड़े वाहनों की आवाजाही के लिए दुरुस्त नहीं हो पाया है। हालांकि दो साल से इस पुल को छोटे वाहनों की आवाजाही के लिए खोल दिया है।

    2.68 करोड़ खर्चकर भी नहीं बनी बात

    2017 में दोनों छोर में दरारें पड़ गईं। दरारें पड़ने और झुकने के बाद असुरक्षित घोषित किए गए पुल को ठीक करने के लिए सरकार की ओर से दो करोड़ 68 लाख रुपये के बजट का प्रविधान किया गया था, लेकिन इस राशि को खर्च करने के बाद भी पुल पर जब बड़े वाहनों का ट्रायल हुआ तो वह असुरक्षित पाया गया, जिसके चलते पुल को छोटे वाहनों की आवाजाही के लिए खोला गया है।

    फ्रांस की कंपनी का फार्मूला भी नहीं बैठा फिट

    पुल को दुरुस्त करने के लिए लोक निर्माण विभाग द्वारा फ्रांस की नोएडा बेस्ड एमएस फ्रेंसिनेट मेनार्ड कंपनी को पुल ठीक करने का कार्य दिया गया था और लंबी जद्दोजहद के बाद कंपनी ने अपनी तकनीक से पुल को ठीक करने का कार्य किया गया, लेकिन कंपनी द्वारा जो पुल को ठीक करने की तकनीक अपनाई थी। वह फिट नहीं बैठ पाई और इसे बड़े वाहनों के लिए सुरक्षित नहीं माना गया है।

    कई कमियां पाई गईं

    इसके लिए लोक निर्माण विभाग ने कंपनी के इंजीनियर व डिजाइनर की टीम को पुल का अध्ययन करने का आग्रह किया था। लेकिन जब फ्रांस की नोएडा बेस्ड एमएस फ्रेंसिनेट मेनार्ड कंपनी के इंजीनियरों व डिजायनरों की टीम ने कुल्लू पहुंच कर भूतनाथ पुल की जांच की तो टीम ने पुल में क्रैकिंग, झुकाव सहित कई तरह की कमियां पाई हैं। जिस कारण टीम ने पुल को बड़े वाहनों की आवाजाही के लिए असुरक्षित घोषित किया है।

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    भूतनाथ पुल की जांच के लिए फ्रांस की नोएडा बेस्ड एमएस फ्रेंसिनेट मेनार्ड कंपनी के इंजीनियरों व डिजायनरों की टीम ने कुल्लू पहुंच कर पुल का अध्ययन किया। इस दौरान टीम ने पुल में कई तरह की कमियां पाई हैं। जिस कारण टीम ने पुल को बड़े वाहनों की आवाजाही के लिए असुरक्षित घोषित किया है।
    -बीसी नेगी, अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग, कुल्लू।

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