यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 06, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Himachal Flood: गोहर में आपदा बाढ़ पीड़ितों के लिए राहत शिविर, प्रभावित लोगों ने बताया कैसे बची जान
उपमंडल गोहर में प्राकृतिक आपदा से प्रभावित लोगों के लिए प्रशासन ने राहत शिविर स्थापित किए हैं। बाड़ा स्यांज और निरीक्षण कुटीर बाड़ा में शिविर लगाए गए ...और पढ़ें

HighLights
- गोहर में आपदा पीड़ितों के लिए राहत शिविर
- प्रशासन द्वारा राशन किट और कंबल वितरण
- पीड़ितों ने सुनाई अपनी दुखभरी आपबीती
संवाद सहयोगी, गोहर। उपमंडल गोहर में आई प्राकृतिक आपदा से प्रभावित लोगों की सुविधा के लिए प्रशासन की ओर से राहत शिविर स्थापित किए गए हैं। कार्यवाहक एसडीएम स्मृतिका नेगी ने बताया कि उपमंडल गोहर में आपदा प्रभावितों के लिए ग्राम पंचायत बाड़ा, स्यांज और जल शक्ति विभाग की निरीक्षण कुटीर बाड़ा में तीन राहत शिविर स्थापित किए गए हैं। राहत शिविर ग्राम पंचायत बाड़ा में चार परिवारों के 16, निरीक्षण कुटीर बाड़ा में तीन परिवारों के 15 और पंचायत स्यांज में तीन परिवारों के 14 सदस्य रह रहे हैं।
प्रशासन की ओर से राहत शिविरों में अब तक 55 राशन किट, चार कंबल प्रदान किए गए हैं। इन शिविरों में रसोई घर का भी प्रावधान किया गया है। विश्राम गृह बाड़ा राहत शिविर में रह रहे परवाड़ा गांव के 40 वर्षीय परमानंद ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि वे गांव में ही डायरी का कार्य करते थे। 30 जून रात्रि को हुई भारी बारिश व बाढ़ से उनका घर तथा डेयरी फार्म का नामोनिशान नहीं रहा है। वे किसी तरह जान को जोखिम में डालते हुए इस त्रासदी से बच निकले।
पंचायत घर बाड़ा के गांव चीतल बुखारी के गुमान चंद ने बताया कि उनका घर व पूरी भूमि बाढ़ में तबाह हो गई है। हम आपदा वाली इस रात जंगल में ठहरे। जब मौसम थोड़ा ठीक हुआ तो हम वहां से निकले और पंचायत प्रधान से संपर्क किया।
उन्होंने हमें पंचायत घर राहत शिविर में रखा। सरकार से आग्रह है कि हमें कहीं अन्यत्र सुरक्षित जगह दिलाई जाए, जहां पर अपने परिवार के साथ जीवन यापन कर सकें। एसडीएम स्मृतिका नेगी ने बताया कि उपमंडल गोहर में अब तक लगभग सात लाख रुपये की राहत राशि, 489 तिरपाल, 75 राशन किट और 45 कंबल वितरित किए जा चुके हैं।