यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 06, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
क्रिप्टो करेंसी फ्रॉड का किंगपिन ये जालसाज, दो गुर्गों के साथ हजारों को लूटा; करोड़ों के संपत्ति के बने मालिक
Cryptocurrency Fraud Himachal News मंडी शहर के भगवाहण मोहल्ले का सुभाष शर्मा मल्टी लेवल मार्केटिंग (एमएलएम) नेटवर्क से करोड़ों रुपये की ठगी करने का कि ...और पढ़ें

HighLights
- क्रिप्टो करेंसी फ्रॉड का किंगपिन था मंडी का सुभाष शर्मा
- दो गुर्गों के साथ हजारों को लूटा
- करोड़ों के संपत्ति के बने मालिक
जागरण संवाददाता, मंडी। Cryptocurrency Fraud Himachal News: मंडी शहर के भगवाहण मोहल्ले का सुभाष शर्मा मल्टी लेवल मार्केटिंग (एमएलएम) नेटवर्क से करोड़ों रुपये की ठगी करने का किंगपिन है। ॉ
विशेष जांच दल (एसआईटी) के हत्थे चढ़े सुखदेव व हेमराज उसके गुर्गे हैं। दोनों सुभाष शर्मा के दिशा निर्देशानुसार काम करते थे। उत्तर प्रदेश के मेरठ का मिलन गर्ग तकनीकी सहायता यानी सॉफ्टवेयर खरीदने व वेबसाइट आदि विकसित करने में मदद करता था।
विदेश भागने की फिराक में था सुभाष शर्मा
शुरू में यह लोग ठगी का पैसा बिटकॉइन में लगाते रहे। बिटकॉइन घाटे का सौदा बना तो आरोपितों ने रियल एस्टेट में पैसा लगाना शुरू किया। पंजाब के कई बड़े शहरों में करोड़ों रुपये जमीन व फ्लैट खरीदे थे।
काले धन को सफेद करने के लिए आरोपित करोड़ों रुपये का आयकर जमा करवा रहे थे। सुभाष शर्मा के दुबई भागने की आशंका को देखते हुए एसआईटी ने विदेश मंत्रालय से संपर्क साधा है।

हाल ही में खरीदा दो करोड़ रुपये का घर
सुभाष की वीजा आदि की जानकारी जुटाई जा रही है। मोबाइल लोकेशन व कॉल डिटेल के आधार पर आरोपित तक पहुंचने के प्रयास किए जा रहे हैं। एसआईटी ने सुभाष शर्मा के स्वजनों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। उसकी पत्नी का पासपोर्ट जब्त करने की तैयारी चल रही है। सुभाष ने कुछ माह पहले सौली खड्ड में करीब दो करोड़ रुपये का घर खरीदा था।
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निवेश करने वालों पर दोनों ओर से लूटा
एमएलएम नेटवर्क में निवेश करने वालों के साथ दोहरी लूट हुई है। निवेश करने वाला मध्यस्थ को पैसा देता था। अपनी कमीशन के साथ मध्यस्थ मोटी रकम अपने पास रख लेता था। बाद में जिन लोगों को पैसा मिलता था। उसमें भी मध्यस्थ की अहम भूमिका रहती थी। मध्यस्थ इससे भी मोटी कमाई करता था।
इंदिरा मार्केट में दुकानें खरीदने में लगा ठगी का पैसा
मंडी शहर की इंदिरा मार्केट में दुकानें खरीदने के लिए आरोपितों ने कई लोगों के माध्यम से ठगी का पैसा लगाया है। पिछले एक साल में यहां एक से डेढ़ करोड़ रुपये तक कई दुकानें अवैध रूप से बिकी हैं।

