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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 12, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    हिमाचल के लोगों के लिए अच्छी खबर, सरकार बनाएगी ऑटोमैटिक टेस्टिंग स्टेशन; बदल जाएगा वाहनों की टेस्टिंग का तरीका

    Updated: Wed, 12 Feb 2025 04:08 PM (IST)

    हिमाचल के लोगों के लिए अच्छी खबर है। यहां पर अब सरकार ऑटोमेटिक टेस्टिंग स्टेशन बनाने जा रही है। कुल मिलाकर 6 स्टेशन खोले जाएंगे। इनमें चार सरकारी और द ...और पढ़ें

    हिमाचल में बनाए जाएंगे ऑटोमैटिक टेस्टिंग स्टेशन
    हिमाचल में बनाए जाएंगे ऑटोमैटिक टेस्टिंग स्टेशन

    HighLights

    1. 4 निजी क्षेत्र में स्वचलित परीक्षण केंद्र खोलने की प्रक्रिया शुरू
    2. परिवहन विभाग ने दी मंजूरी, अब शुरू होगी आगामी प्रक्रिया

    अनिल ठाकुर, शिमला। हिमाचल में इस साल से वाहनों की मैनुअल आधार पर पासिंग बंद होगी। इसके स्थान पर अब स्वचालित परीक्षण केंद्र (ऑटोमेटिक टेस्टिंग स्टेशन) में वाहनों की पासिंग की जाएगी। इसके लिए परिवहन विभाग ने प्रक्रिया तेज कर दी है।

    खोले जाएंगे छह ऑटोमेटिक टेस्टिंग स्टेशन

    हिमाचल में छह स्वचालित परीक्षण केंद्र खोले जाएंगे। इसमें 2 सरकारी व 4 निजी क्षेत्र में खोले जा रहे हैं। राज्य मंत्रिमंडल ने हाल ही में इसकी मंजूरी दी थी। जिसके बाद परिवहन विभाग ने इस पर काम तेज कर दिया है। सोलन और हमीरपुर जिला में सरकारी क्षेत्र का स्वचालित परीक्षण केंद्र खुलेगा। ये दोनों केंद्र पिछले काफी समय से प्रस्तावित थे जो बनकर तैयार है।

    परिवहन विभाग ने इनके लिए उद्घाटन का समय भी मांग लिया है। हमीरपुर में बने केंद्र के उद्घाटन के लिए मुख्यमंत्री व सोलन जिला में बने केंद्र के लिए उप मुख्यमंत्री से समय मांगा गया है। इसी तरह बिलासपुर, मंडी, कांगड़ा व सोलन जिला के नालागढ़ में निजी क्षेत्र में यह केंद्र खोले जाएंगे।

    परिवहन विभाग ने इसके लिए कंपनियों से आवेदन मांगे थे। कंपनियों को इसके लिए काम करने का प्रारंभिक सत्यापन जारी कर दिया है। परिवहन विभाग इस साल मई महीने तक इस कार्य को पूरा करना चाहता है ताकि वाहनों की पासिंग तकनीक की मदद से हो सके।

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    एमवीआई से तारिक का नहीं करना पड़ेगा इंतजार

    इन केंद्रों के क्रियाशील होने के बाद वाहनों की पासिंग के लिए एमवीआई से डेट लेने का झंझट खत्म हो जाएगा। वाहन मालिक निजी केंद्र में जाकर कभी भी अपने वाहन की पासिंग करवा सकेंगे। मशीनों से ही वाहनों की फिटनेस को चैक किया जाएगा यदि एक बार में वाहन अनफिट होता है तो उसे एक और मौका दिया जाएगा ताकि वह उस खामी को दूर कर सकें।

    फर्जीवाड़े से बचने के लिए रिकॉर्ड किया जाएगा मेंटेन 

    यदि दो बार वाहन अनफिट होता है तो फिर इसे पास नहीं किया जाएगा स्क्रैप के लिए भेजा जाएगा। हालांकि ऐसी सूरत में अपील का मौका देने की भी तैयारी है। इस प्रक्रिया की बाकायदा पूरी वीडियोग्राफी होगी। पूरा रिकॉर्ड मेंटेन किया जाएगा ताकि किसी भी तरह का फर्जीवाड़ा न हो सके।

    निजी क्षेत्र में भी खोलने की तैयारी पूरी 

    परिवहन निदेशक डीसी नेगी ने बताया कि सरकारी क्षेत्र के बाद निजी क्षेत्र में भी स्वचालित परीक्षण केंद्र खोलने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। हिमाचल में स्वेच्छा से 15 साल पुराने वाहनों को स्क्रैप करवाने पर पंजीकरण में भी छूट का प्रावधान है। मालिक को स्क्रैप केंद्र की तरफ से सर्टिफिकेट ऑफ डिपॉजिट जारी होगा। इसके आधार पर ही यह छूट मिलेगी।

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